बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan)इन दिनों सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय है। अमिताभ अपने फैंस के लिए कुछ न कुछ सोशल मीडिया पर लगातार पेश कर रहे हैं। हाल ही में जहां अमिताभ सहित सिनेमा के बाकी सितारों ने घर बैठे- बैठे ही एक शॉर्ट फिल्म बना दी थी तो वहीं अब अमिताभ अपने फैंस के लिए एक कविता लाए हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल अमिताभ बच्चन का वीडियो, पिता हरिवंश राय बच्चन की कविता का किया पाठ
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दरअसल अमिताभ बच्चन ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया है। वीडियो में अमिताभ बच्चन अपने पिता हरिवंश राय बच्चन(Harivansh Rai Bachchan) की कविता पढ़ते नजर आ रहे हैं। एक तरफ जहां सोशल मीडिया यूजर्स कविता की तारीफ कर रहे हैं तो वहीं कई यूजर्स अमिताभ के कविता पढ़ने के अंदाज के कायल हो गए हैं।
इस वीडियो के कैप्शन में अमिताभ बच्चन ने लिखा, 'मैं अपने बाबूजी और उनकी कविता को याद करता हूं, जो आशा और ताकत को दर्शाती है। उसी तरह गा रहा हूं, जैसे बाबूजी कवि सम्मेलन में गाया करते थे, जिसमें मैं उनके साथ जाया करता था।' अमिताभ का ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
T 3495 - I reminisce my Father and his poem, which expresses hope and strength. The singing is exactly how Babu ji recited it at Kavi Sammelans, which I attended with him.
बाबूजी और उनकी आशा भारी कविता को याद करता हूँ । बाबूजी कवि सम्मेलनों में ऐसे ही गा के सुनाया करते थे । pic.twitter.com/CKKtroXA4H
वीडियो में अमिताभ कहते हैं, 'है अंधेरी रात पर, दीया जलाना कब मना है, क्या घड़ी थी एक भी चिंता नहीं थी पास आई, कालिमा तो दूर छाया भी पलक पर थी न छाई आंख से मस्ती झपकती, बात से मस्ती टपकती, थी हंसी ऐसी जिसे सुन बादलों ने शर्म खाई, वो गई तो ले गई उल्लास के आधार मानक, पर अधीरता के समय भी मुस्कुराना कब मना है।'
वैसे बात अमिताभ के वर्कफ्रंट की करें तो उम्र के इस पड़ाव में भी अमिताभ बच्चन काफी सक्रिय है। अमिताभ की अपकमिंग फिल्मों की लिस्ट में चेहरे, झुंड, ब्रह्मास्त्र और गुलाबो-सिताबो शामिल हैं। हालांकि कोरोना वायरस के प्रभाव के चलते सिनेमा ठप पड़ा है और सभी शूट्स अनिश्तिकालीन तक के लिए स्थिगित कर दिए गए हैं।