अभिनेता बनना एक चुनौती का काम है। हर साल लाखों युवा शोहरत के सपने लिए मुंबई पहुंच जाते हैं। इनमें से कुछ एक्टिंग पढ़कर भी आते हैं। लेकिन जरूरी नहीं कि हर युवा एक्टिंग पढ़कर ही एक्टर बने, बहुत से ऐसे कलाकार भी हैं जिन्होंने अपनी पढ़ाई तो इंजीनियरिंग की लेकिन बाद में दिग्गज कलाकार बन गए। इसकी शुरूआत 20 साल पहले पैन इंडिया स्टार आर माधवन ने की थी और उनकी देखादेखी कितने इंजीनियर हिंदी सिनेमा में दस्तक दे चुके हैं, आइए देखते हैं। इंजीनियरिंग डे पर ये जानना आपके लिए भी दिलचस्प जरूर रहेगा।
माधवन के दिखाए रास्ते पर चल निकले सिनेमा के ये 10 बड़े सितारे, इंजीनियरिंग के बाद बने कमाल के कलाकार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जितेंद्र कुमार
जितेंद्र कुमार को फिल्मों में कम और वेब सीरीज में काम करने के लिए बहुत जाना जाता है। डिजिटल मनोरंजन के मामले में वह सबसे बेहतरीन अभिनेताओं में से एक हैं। हालांकि, कुछ ही समय पहले वह आयुष्मान खुराना की फिल्म 'शुभ मंगल ज्यादा सावधान' और ‘पान बहार’ में मुख्य भूमिकाएं निभाते नजर आ चुके हैं। जितेंद्र ने सिविल इंजीनियरिंग की है, वह भी आईआईटी खड़गपुर से। बाद में उनका मन बदला और अभिनय शुरू कर दिया।
विकी कौशल
विकी कौशल ने वर्ष 2009 में ही मुंबई के राजीव गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से स्नातक की डिग्री हासिल कर ली थी। यह डिग्री उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक्स एंड टेलीकम्युनिकेशंस में ली है। वह हिंदी फिल्मों के स्टंट निर्देशक और एक्शन कोरियोग्राफर शाम कौशल के बेटे हैं। जब विकी को लगा कि इंजीनियरिंग में उनका करियर नहीं है तो उन्होंने अभिनय की ओर रुख किया। फिर वह अपनी पहली ही फिल्म 'मसान' से सबकी नजरों में चढ़ गए।
कृति सेनन
टाइगर श्रॉफ की पहली फिल्म 'हीरोपंती' से अपनी शुरुआत करने वाली अभिनेत्री कृति सेनन भी एक बीटेक इंजीनियर हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश के नोएडा के जेपी इंस्टिट्यूट ऑफ इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी से बैचलर ऑफ टेक्नोलॉजी की डिग्री हासिल की है। कृति का जन्म दिल्ली में हुआ है और उनका ज्यादातर वक्त भी वहीं बीता। जब उन्होंने स्नातक की डिग्री हासिल कर ली, तब उन्हें लगा कि उनका सपना तो एक अभिनेत्री बनने का है। तब उन्होंने मुंबई जाने की ठानी।
कार्तिक आर्यन
लव रंजन की फिल्म 'प्यार का पंचनामा' से मशहूर हो चुके युवा अभिनेता कार्तिक आर्यन का सपना कुछ और था और करने में कुछ और लगे हुए थे। वह पढ़ाई करने के लिए मुंबई आए थे। वह चाहते थे कि मुंबई के डी वाई पाटिल कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से बायोटेक्नोलॉजी की डिग्री करें। उनका मन इंजीनियरिंग की पढ़ाई में कम और फिल्मों में ज्यादा लग रहा था। पढ़ाई के साथ साथ कार्तिक फिल्मों में भी घुसने की कोशिश कर रहे थे। उनका भाग्य अच्छा निकला जो उन्हें लव रंजन की वह फिल्म मिल गई और अब कार्तिक एक अभिनेता के रूप में ही जाने जाते हैं।