कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन से पूरी दुनिया सहमी है, लेकिन गोरखपुर का स्वास्थ्य महकमा बेपरवाह दिख रहा है। इसकी बानगी सोमवार को देखने को मिली। जिला अस्पताल की इमरजेंसी में इलाज कराने आए सिद्धार्थनगर के एक युवक को एंटीजन किट की जांच में कोरोना पॉजिटिव पाया गया।
Omicron: कोरोना के नए वैरिएंट से दुनिया सहमी, गोरखपुर स्वास्थ्य महकमा बेपरवाह
जानकारी के मुताबिक सिद्धार्थनगर के संक्रमित युवक का इलाज जिला अस्पताल के एक फिजिशियन कर रहे हैं। रविवार को युवक की तबीयत बिगड़ी तो परिजन इलाज कराने के लिए गोरखपुर आ गए। जिला अस्पताल पहुंचते-पहुंचते रात हो गई। इस बीच सारे डॉक्टर घर चले गए।
नतीजा रहा कि युवक को इमरजेंसी में दिखाया गया। डॉक्टरों ने इमरजेंसी में ही इलाज शुरू कर दिया। इसी दौरान एंटीजन किट से युवक की जांच की गई तो कोरोना की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इससे डॉक्टर व अन्य स्टॉफ दहशतजदा हो गए। आनन-फानन युवक को एक वार्ड में आइसोलेट किया गया। साथ ही आरटीपीआर जांच के लिए सैंपल बीआरडी मेडिकल कॉलेज भेजा गया।
पूरे मामले की सूचना स्वास्थ्य महकमे को दी गई। डॉक्टरों ने युवक से यात्रा की जानकारी ली तो पता चला कि वह 15 दिन पहले ही नेपाल से लौटा है। दस दिन तक नेपाल में ही था। युवक सिद्धार्थनगर में मिठाई बनाने का काम करता है। तबीयत बिगड़ने पर खून की उल्टी व दस्त हो रहे थे। इसके बावजूद गंभीरता नहीं समझी गई।
सोमवार की सुबह ही कोरोना संक्रमित युवक को आसानी से घर जाने दिया गया। यह भी जरूरत नहीं समझी गई कि युवक के संपर्क में आने वाले डॉक्टर, स्टॉफ या फिर इमरजेंसी में आए दूसरे मरीज व तीमारदारों की कोरोना जांच कराई जाए। युवक की तत्काल कांटेक्ट ट्रेसिंग कराई जाए।
सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने कहा कि एंटीजन किट की जांच में सिद्धार्थनगर का रहने वाला युवक कोरोना पॉजिटिव निकला था। उसका इलाज इमरजेंसी में चल रहा था। इलाज में सुधार के बाद वह अपने घर चला गया।
