Health Risks Of Sitting All Day: पहले से समय लोगों का सपना हुआ करता था कि कोई ऐसी नौकरी मिल जाए जहां सिर्फ बैठकर आराम से काम करना हो, मगर आज वही बैठकर लंबे समय तक काम करने सेहत के लिए जोखिम भरा हो चुका है। आजकल की कॉर्पोरेट कल्चर में 'डेस्क जॉब' बहुत कॉमन है, और ये सेहत के लिए एक बड़ा खतरा बनती जा रही है।
Sedentary Lifestyle: दफ्तर में काम करने वाले ज्यादातर लोग करते हैं ये गलती, डॉक्टर ने दिया ये बड़ा सुझाव
How To Stay Active At a Desk Job: ऑफिस में काम करने वाले अधिकतर लोग एक ही जगह देर तक बैठकर काम करते हैं। देखा जाए तो ऐसा करना आपके शरीर में मेटाबॉलिज्म को धीमा कर देता है और ये संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक होता है। इससे बचने के लिए डॉक्टर ने जो सुझाव दिया है उसके बारे में आपको भी जानना चाहिए।
हर घंटे 5 मिनट का 'मूवमेंट ब्रेक' जरूरी
- डॉ. शालिनी का सबसे पहला सुझाव है कि हर एक घंटे के काम के बाद 5 मिनट का मूवमेंट बहुत जरूरी है।
- इसके लिए आप अपनी जगह पर खड़े हो सकते हैं, हल्की स्ट्रेचिंग कर सकते हैं या ऑफिस के गलियारे में स्लो वॉक कर सकते हैं।
- अगर किसी मीटिंग के कारण आप खड़े नहीं हो सकते, तो कुर्सी पर बैठे-बैठे ही अपने ऐंकल सर्किल करें ताकि पैरों में रक्त संचार बना रहे।
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हाइड्रेशन और लंच के बाद वॉकिंग
- डॉक्टर शालिनी के मुताबिक पानी पीने के बहाने हर घंटे अपनी डेस्क से उठें, एक गिलास पानी पिएं और फिर वापस आएं, इससे आप टहल भी लेंगे और पानी भी पी लेंगे।
- दोपहर के भोजन के बाद तुरंत काम पर न लौटें, बल्कि अपने कलीग के साथ बात करते-करते 15-20 मिनट तक जरूर टहलें।
- यह छोटी सी आदत आपके पाचन को दुरुस्त रखती है और लंच के बाद आने वाली सुस्ती को भी दूर कर देगी।
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- डॉक्टर के अनुसार, अगर संभव हो तो फोन कॉल्स या अनौपचारिक मीटिंग्स को टहलते हुए अटेंड करने की कोशिश करें।
- लगातार बैठे रहने से शरीर की बड़ी मांसपेशियां निष्क्रिय हो जाती हैं, जिससे इंसुलिन रेजिस्टेंस बढ़ने का खतरा रहता है।
- एक्टिव रहने से न सिर्फ आपका वजन नियंत्रित रहता है, बल्कि मस्तिष्क में ऑक्सीजन का प्रवाह बढ़ने से आपकी कार्यक्षमता भी बढ़ती है।
छोटी आदतें बचाएंगी बड़ी बीमारियां
डॉ. शालिनी सिंह सोलंकी ने बताया कि आप इन छोटे-छोटे बदलाव करके खुद को स्वस्थ्य रख सकते हैं और गंभीर बीमारियों से बचा सकते हैं। ऊपर दिए गए आसान टिप्स को अपनी डेली रूटीन का हिस्सा बनाकर आप कोलेस्ट्रॉल और शुगर जैसे जोखिमों को काफी हद तक कम कर सकते हैं।
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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