Uttarakhand Sthapna Diwas 2025: उत्तराखंड, जिसे “देवभूमि” भी कहा जाता है, अपनी प्राकृतिक सुंदरता, आध्यात्मिक वातावरण और शांत पहाड़ियों के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। 9 नवंबर 2000 को उत्तराखंड भारत का 27वां राज्य बना था, और तब से हर साल आज ही के दिन उत्तराखंड स्थापना दिवस बड़े उत्साह से मनाया जाता है।
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Uttarakhand Sthapna Diwas 2025: मसूरी से लेकर औली तक, उत्तराखंड की ऐसी जगहें जो हैं विदेशों से भी खूबसूरत
Sun, 09 Nov 2025 05:01 PM IST
श्रुति गौड़
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: श्रुति गौड़
Updated Sun, 09 Nov 2025 05:01 PM IST
सार
Uttarakhand Sthapna Diwas 2025: उत्तराखंड राज्य की स्थापना को आज 25 वर्ष पूरे हो चुके हैं। ऐसे में हम आपको इस राज्य की कुछ ऐसी जगहों के बारे में बताएंगे, जहां पर्यटकों की हमेशा भीड़ रहती है।
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Uttarakhand Sthapna Diwas 2025
- फोटो : अमर उजाला
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नैनीताल
- फोटो : instagram
नैनीताल
नैनीताल को ‘झीलों का शहर’ कहा जाता है। हरे-भरे पहाड़ों के बीच बसी नैनी झील इसकी सबसे बड़ी खूबसूरती है। यहां नौकायन, बोटिंग और नेचर वॉक का आनंद लिया जा सकता है। मॉल रोड, नैना देवी मंदिर और स्नो व्यू पॉइंट यहां के प्रमुख आकर्षण हैं। परिवार और कपल्स दोनों के लिए यह एक परफेक्ट डेस्टिनेशन है।
नैनीताल को ‘झीलों का शहर’ कहा जाता है। हरे-भरे पहाड़ों के बीच बसी नैनी झील इसकी सबसे बड़ी खूबसूरती है। यहां नौकायन, बोटिंग और नेचर वॉक का आनंद लिया जा सकता है। मॉल रोड, नैना देवी मंदिर और स्नो व्यू पॉइंट यहां के प्रमुख आकर्षण हैं। परिवार और कपल्स दोनों के लिए यह एक परफेक्ट डेस्टिनेशन है।
मसूरी
- फोटो : instagram
मसूरी
‘क्वीन ऑफ हिल्स’ के नाम से मशहूर मसूरी, देहरादून से लगभग 35 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यहां का ठंडा मौसम, गन हिल पॉइंट, केम्पटी फॉल्स और मॉल रोड पर्यटकों को बेहद आकर्षित करते हैं। ब्रिटिश काल की इमारतें और हरे-भरे पहाड़ इस शहर को और भी खूबसूरत बनाते हैं।
‘क्वीन ऑफ हिल्स’ के नाम से मशहूर मसूरी, देहरादून से लगभग 35 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यहां का ठंडा मौसम, गन हिल पॉइंट, केम्पटी फॉल्स और मॉल रोड पर्यटकों को बेहद आकर्षित करते हैं। ब्रिटिश काल की इमारतें और हरे-भरे पहाड़ इस शहर को और भी खूबसूरत बनाते हैं।
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ऋषिकेश
- फोटो : Freepik
ऋषिकेश
ऋषिकेश को ‘योग नगरी’ कहा जाता है और ये आध्यात्मिक शांति का केंद्र है। गंगा नदी के किनारे बसा यह शहर योग, ध्यान और साहसिक गतिविधियों के लिए विश्व प्रसिद्ध है। लक्ष्मण झूला, त्रिवेणी घाट और शाम की गंगा आरती यहां के मुख्य आकर्षण हैं। रिवर राफ्टिंग और बंजी जंपिंग के लिए यह युवाओं की पसंदीदा जगह है।
ऋषिकेश को ‘योग नगरी’ कहा जाता है और ये आध्यात्मिक शांति का केंद्र है। गंगा नदी के किनारे बसा यह शहर योग, ध्यान और साहसिक गतिविधियों के लिए विश्व प्रसिद्ध है। लक्ष्मण झूला, त्रिवेणी घाट और शाम की गंगा आरती यहां के मुख्य आकर्षण हैं। रिवर राफ्टिंग और बंजी जंपिंग के लिए यह युवाओं की पसंदीदा जगह है।
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औली
- फोटो : instagram
औली
औली भारत का प्रमुख स्कीइंग डेस्टिनेशन है। बर्फ से ढकी पहाड़ियां, देवदार के पेड़ और हिमालय की चोटियों का मनमोहक नजारा इसे सर्दियों का स्वर्ग बनाते हैं। यहां के केबल कार राइड और ट्रेकिंग ट्रेल्स भी सैलानियों को खूब पसंद आते हैं। औली हर साल बर्फ प्रेमियों और एडवेंचर के शौकीनों से भरा रहता है।
औली भारत का प्रमुख स्कीइंग डेस्टिनेशन है। बर्फ से ढकी पहाड़ियां, देवदार के पेड़ और हिमालय की चोटियों का मनमोहक नजारा इसे सर्दियों का स्वर्ग बनाते हैं। यहां के केबल कार राइड और ट्रेकिंग ट्रेल्स भी सैलानियों को खूब पसंद आते हैं। औली हर साल बर्फ प्रेमियों और एडवेंचर के शौकीनों से भरा रहता है।