करवाचौथ का पर्व पूजा-अर्चना और विधि विधान के साथ मनाया गया। सुहागिनों ने अपने पति की दीर्घायु के लिए व्रत रखा। रात में चांद का दीदार कर व्रत खोला। घर के बुजुर्गों से आशीर्वाद लिया। करवाचौथ के पर्व को लेकर जिले में सुबह से ही चहल पहल रही। सुहागिनों ने पूजा पाठ की।
UP: सलाखों के पीछे से की पति की लंबी उम्र की कामना, महिला बंदियों ने जिला कारागार से चांद को देख खोला व्रत
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विधि-विधान से किया पूजन
बिजनौर जिला कारागार में अलग-अलग मामलों में बंद 22 महिला बंदियों ने करवा चौथ का व्रत रखा। इनके व्रत को लेकर जेल प्रशासन की ओर से सभी सामग्री माहिया कराई गई। साथ ही विशेष भोजन की व्यवस्था भी की गई थी। जिला कारागार में बंद 5 महिला बंदियों के पति भी जेल में ही बंद है। जिन्हें करवा चौथ के त्यौहार को लेकर विशेष छूट दी गई। इन महिला बंदियों ने चांद के साथ-साथ अपने पतियों का दीदार भी किया और व्रत खोला।
इनके अलावा 17 महिला बंदियों ने भी करवा चौथ का व्रत रखा हालांकि उनके पतियों से दिन में ही मुलाकात कर दी गई थी। उधर महिलाओं के पति जेल में बंद है उन्होंने भी करवा चौथ के चलते जेल में पहुंचकर अपने पतियों से मुलाकात की। करीब 90 महिलाओं ने बुधवार को अपने पतियों से मुलाकात की।
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जिला कारागार में बंद महिला बंदियों ने भी करवाचौथ का व्रत रखा। इसके लिए जिला कारागार प्रशासन द्वारा इनके लिए विशेष व्यवस्था की गई। इन्होंने करवाचौथ की कथा भी सुनी और रात में चंद्रमा को अर्घ्य देने के साथ व्रत खोला। वरिष्ठ जेल अधीक्षक अमिता दुबे ने बताया कि महिला बंदियों के लिए व्रत रखने की सभी व्यवस्था की गई। रात में चंद्रमा को अर्घ्य देकर सामूहिक रूप से महिला बंदियों ने पूजा कर व्रत खोला।
मुजफ्फरनगर जिला जेल में बंद 64 महिला बंदियों ने अपने पति की लंबी आयु के करवा चौथ का व्रत रखा। इनमें नौ मुस्लिम महिला बंदी है। जेल प्रशासन ने पूजा व पति के दर्शन कराने के लिए विशेष इंतजाम किए। व्रत का खाना भी बनवाया गया। करवा चौथ की कहानी सुनने की व्यवस्था भी की है। मेहंदी लगवाने के लिए महिला ब्यूटीशियन को भी बुलाया गया।

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