ई बरसात तो आफत जोते है.. हम गजोधर से कहे कि तुम कहत हौ तुम्हरी पहुंच उप्पर तक आय.. अब ई बरसात रोक के दिखाओ तो जानी.. खैर..दोस्तों अभीन दुई दिन पहिले हमरे बेनाझाबर वाले दोस्त संतोस के पास फोन आवा कि तुम्हार लरिका हरीस हमार कब्जे मा आय.. 27 हजार लई के कोकाकोला चौराहे पे पहुंचो.. अब ई सुनि के संतोस तो भड़भड़ाय गे.. उई कहिन हम अभी पुलिस का फ़ोन करीत है.. तो उधिर से जवाब आवा कि हम पुलिस वाले ही बोलि रहे हन..
तुम्हरे लरिके के पास ना हेलमेट आय.. ना कागज पूरे आंय.. अउर 27 हजार भी नाही हैं.. तो ओका छुड़ावे खातिर तुरंत कोकाकोला चौराहे पे पहुंचो अउर जुरमाना भरि के ओका छुड़ाओ.. तोहार शुभचिंतक ट्रैफिक पुलिस.. बताओ अईस चालि रहा.. ई चालान केर दहिशत तो जबर चालि रहि आजकाल.. ई बात पे एक ठो शेर पेश करीत है.. कि.. दहिशते चालान कुछ इस कदर बढ़ गयी है गालिब.. कि बैठते ही कमोड पर पहले सीट बेल्ट ढूंढते हैं..
दोस्तों नए ट्रैफिक नियम अनुसार जुरमाना केर बढ़ी भयी कीमतन के चलते पूरे देस मा अजब गजब हालात हुई गे.. मगर आपन कनपुरिये भी बहुत परम आंय.. कलै की बात लेव.. हमका बिरहाना रोड पे थोड़ा काम रहा तो हम गीता पार्क वाले गुड्डू के साथै उनकी बाइक पे पीछे बईठ के जात रहन.. नरौना चौराहे पे गुड्डू नो एंट्री मा खोंस दिहिन.. हम कहा का करि रहे हौ बे.. इधिर नो एंट्री आय.. तो गुड्डू कहिन अरे राजू भईया आराम से बइठो.. केहू केर औकात नाही जो हमरी गाडी रोक ले..
हम कहा सब तुमका जानत हैं.. ठीक आय.. मगर तुम नो एंट्री मा जाय रहे हौ.. जौने उधिर सामने से आय रहा है.. ओका कइसे पता चलि कि तुम्हरे चच्चा विधायक आंय.. ऊ तो पेल के ठोंक के चला जाई.. फिर हम जबरदस्ती गाडी मुड़वावा। आपन देस मा लोगे नियम कानून फॉलो करे मा पता नाही काहे शरमात हैं.. पता नाही कऊन सी शान घटत है.. अरे ई सब नियम हम लोगन की सुरक्षा अउर सहायता खातिर बने हैं.. अगर तुम हेलमेट लगहियो तो योगी जी का बचाव थोड़ी होई.. तुम्हरेन सेफ्टी होई.. वईसे हम योगी जी निवेदन किये हन कि जुरमाना थोड़ा कम करि लेव..
पर भईया आपन कानपूर बहुत गजब शहर आय.. पूरे कानपूर मा कहींनो देखि लेव.. रोड पे अईस लबडधक्का चलत है कि का बताई.. ना कोऊ जेबरा क्त्रससिंग का मानत है.. ना कोऊ रेड लाइट फॉलो करत है.. रोड पे चलत भये एक के उप्पर एक चढ़े जाय रहे हैं.. सब यही चक्कर मा रहत है कि उल्टा सीधा ओवरटेक करि के कइसे भी बस हम आगे निकरि जांय बस.. बाकी सब जांय भाड़ मा.. हम आपन आंखन से देखा है कि हमरे कनपुरिये एम्बुलेंस का भी रस्ता नाही देत हैं.. ई बड़े दु:ख की बात आय..