{"_id":"69d8c0f8abe41643bc0573ab","slug":"anup-jalota-sang-bhajan-at-sankat-mochan-music-festival-in-varanasi-2026-04-10","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"संकटमोचन संगीत समारोह: केसरीनंदन से अनूप जलोटा की ऐसी लगी लगन... महावीर भक्त आधी रात हुए मगन, देखें- तस्वीरें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संकटमोचन संगीत समारोह: केसरीनंदन से अनूप जलोटा की ऐसी लगी लगन... महावीर भक्त आधी रात हुए मगन, देखें- तस्वीरें
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: Pragati Chand
Updated Fri, 10 Apr 2026 02:57 PM IST
सार
Varanasi News: संकटमोचन संगीत समारोह में भजन गायक अनूप जलोटा की प्रस्तुति ने भक्तों का मन मोह लिया। दुनिया चले ने राम के बिना.... इतनी शक्ति हमें देना दाता मन का विश्वास कमजोर हो ना... समेत कई भजनों की लड़ी लगाई।
विज्ञापन
1 of 7
संकट मोचन संगीत समारोह
- फोटो : रोहित सोनकर
Link Copied
संकटमोचन की शयन आरती के ठीक बाद भजन गायक अनूप जलोटा की केसरीनंदन से लगन लगी। मंच पर ऐसी लागी लगन... पर अलाप लगाते बोल पड़े कि ये जो सांस है, ये बाबा रामदेव के प्राणायाम का कमाल है। इस पर श्रोताओं ने जोर के ठहाके लगाए। फिर मेरी झोपड़ी के भाग आज खुल जाएंगे..., कौन कहता है कि भगवान आते नहीं...., अच्युतम केशवम दामोदरम..., काशी बदली, अयोध्या बदली अब मथुरा की बारी है... गाकर श्रोताओं का उत्साह बढ़ा दिया।
Trending Videos
2 of 7
संकट मोचन संगीत समारोह
- फोटो : रोहित सोनकर
इसके बाद दुनिया चले ने राम के बिना.... इतनी शक्ति हमें देना दाता मन का विश्वास कमजोर हो ना..., जब बजरंग बली बोलो-जय बजरंग बली, नाम जप ले हरि का वंदे फिर पीछे पछताएगा, 'हरी बोल हरि बोल हरि हरि बोल' जैसे कई भजनों की लड़ी लगाई। मंदिर के आंगन से लेकर गेट तक खड़े भक्त अपने लगन में ही नाचते झूमते नजर आए। इस दौरान हिमांशु के वायलिन पर जलोटा ने जो सरगम खींचा उस पर भी खूब तालियां बजीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
3 of 7
संकट मोचन संगीत समारोह
- फोटो : रोहित सोनकर
ऐसा बजाया कि कनार्टक शैली फोक जैसी लगी मनभावन
इसने पहले पंडित यू राजेश के मैंडोलिन, पं. राजेश वैद्य की सरस्वती वीणा, मोहन रामन का मृदंगम और ओजस अधिया के तबले ने हनुमान ने आधे ताल में ही बागेश्वरी राग का वादन किया। 20 मिनट बीता तो केसरीनंदन के सुनवैयों को कर्नाटक शैली कुछ ज्यादा ही भाने लग गया। प्रस्तुति शास्त्रीय होते हुए भी फोक जैसी मनभावन लगने लगी। मंदिर में मौजूद 1000 से ज्यादा श्रोताओं के दोनों हाथ भी ताली-वाद्ययंत्र बनकर मंच के चार दिग्गज कलाकारों संग सुर में सुर मिलाने लगे।
4 of 7
संकट मोचन संगीत समारोह
- फोटो : रोहित सोनकर
शब्द नहीं थे मगर अंगनाई में उठी तरंगे लोगों को खुद ही जोरदार झुमाने लगी थी। इस बीच तबले और मृदंगम के बीच गलाकाट प्रतियोगिता जैसा माहौल दिखा। ओजस अधिया की अंगुलिया तबले पर करंट की तरह से दौड़ रही थी और उसमें से फूट रही थिरकिट की फ्रिक्वेंसी दर्शकों को झुमाने में लगी रही।
विज्ञापन
5 of 7
संकट मोचन संगीत समारोह
- फोटो : रोहित सोनकर
नरसिंह ने विश्वनाथ स्तुति के बाद 30 मिनट में दिखाई पूरी रामकथा
103वें संकट मोचन संगीत समारोह की चौथी निशा की पहली प्रस्तुति में पं. देव ज्योति बोस ने सरोद पर राग महावीर कल्याण से बजरंग साधना की। आलाप से सरोद के तारों पर जावा फेरते हुए जोड़ तक पहुंचे। झाला पेश करते हुए राग पटदीप की ओर बढ़े। इस राग में दो स्वर रचनाएं बजाने के बाद तेज धुन से प्रस्तुति का समापन कर दिया। तबले पर पं. कुमार बोस और रोहेन बोस ने संगत किया।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।