{"_id":"585c2b0b4f1c1b1917e398b3","slug":"sharad-pawar","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकार की नीतियों से किसान बदहाल : पंवार ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरकार की नीतियों से किसान बदहाल : पंवार
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
Updated Fri, 23 Dec 2016 01:05 AM IST
विज्ञापन
रैली को संबोधित करते शरद पंवार।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
देश के पूर्व रक्षा मंत्री और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री शरद पंवार ने किसान अधिकार रैली में केंद्र सरकार पर किसानों को बदहाली के कगार पर पहुंचाने का आरोप लगाया। पंवार ने कहा कि किसान की फसल खेतों में सड़ रही है, सरकार को किसान की कोई चिंता नहीं है। किसान अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। उन्होंने चौधरी चरण सिंह को अपना आदर्श बताया।
शरद पंवार ने कहा कि वह किसान परिवार में पैदा हुआ है और आज भी खेती करते हैं। राजनीति में हम अपने आदर्श चौधरी चरणसिंह, चौधरी छोटूराम और चौधरी गेंदा सिंह रहे हैं। चौधरी चरण सिंह ने देशभर के किसानों के लिए काम किया। किसानों को जमीन का मालिक बनाया, फसलों के सही दाम दिलवाए। जब वह गृहमंत्री थे तो मैं मुख्यमंत्री था, उनसे कई बार मिला।
चरण सिंह से जो मिलने आता था, वह उसको सही सलाह देते थे। हमें चौधरी साहब के दिखाये मार्ग पर चलना चाहिए। पंवार ने कहा कि देश में नोटबंदी के बाद किसान बदहाली के कगार पर है। महाराष्ट्र में किसान गन्ने के साथ प्याज और टमाटर की खेती भी करता है। इस समय हालत यह है कि किसानों का टमाटर उनके खेतों में सड़ रहा है। मोदी सरकार की नीतियों के कारण किसान बदहाली झेल रहा है।
विज्ञापन
शरद पंवार ने कहा कि वह किसान परिवार में पैदा हुआ है और आज भी खेती करते हैं। राजनीति में हम अपने आदर्श चौधरी चरणसिंह, चौधरी छोटूराम और चौधरी गेंदा सिंह रहे हैं। चौधरी चरण सिंह ने देशभर के किसानों के लिए काम किया। किसानों को जमीन का मालिक बनाया, फसलों के सही दाम दिलवाए। जब वह गृहमंत्री थे तो मैं मुख्यमंत्री था, उनसे कई बार मिला।
विज्ञापन
विज्ञापन
चरण सिंह से जो मिलने आता था, वह उसको सही सलाह देते थे। हमें चौधरी साहब के दिखाये मार्ग पर चलना चाहिए। पंवार ने कहा कि देश में नोटबंदी के बाद किसान बदहाली के कगार पर है। महाराष्ट्र में किसान गन्ने के साथ प्याज और टमाटर की खेती भी करता है। इस समय हालत यह है कि किसानों का टमाटर उनके खेतों में सड़ रहा है। मोदी सरकार की नीतियों के कारण किसान बदहाली झेल रहा है।