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Auraiya News: गेहूं खरीद ने पकड़ी रफ्तार, गहराया बोरों का संकट

संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया Updated Wed, 22 Apr 2026 12:45 AM IST
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Wheat procurement picks up pace, sack crisis deepens
फोटो-8- गेहूं क्रय केंद्र का निरीक्षण करते विपणन अधिकारी बृजेश कुमार। स्रोत:स्वयं
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औरैया। किसानों को उपज का वाजिब मूल्य दिलाने के लिए जिले में गेहूं की सरकारी खरीद धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ने लगी है। इधर, 20 दिन के अंदर 305 किसानों से 11933 क्विंटल गेहूं खरीदा जा चुका है।
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केंद्रों पर उपलब्ध 60 हजार बोरों के सापेक्ष 24 हजार बोरों में गेहूं भरा जा चुका है। अब शासन स्तर से 25,500 एमटी खरीद का लक्ष्य पूरा करने के लिए 5.10 लाख बोरों की जरूरत पड़ेगी। ऐसे में गेहूं खरीद ने यदि तेजी पकड़ी तो बोरों का संकट गहरा जाएगा।
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जिले में शासन के निर्देश पर 30 मार्च को विपणन विभाग की ओर से गेहूं के क्रय केंद्र खोले गए थे। 58 केंद्रों के सापेक्ष बुनियादी सुविधाएं मुहैया होने के साथ 42 पर खरीद शुरू हो गई है। जबकि अन्य केंद्रों पर ई-पॉप मशीनों की दिक्कत के चलते खरीद प्रभावित है। गेहूं कटाई के बाद अब गेहूं खरीद ने भी रफ्तार पकड़ी है लेकिन केंद्रों पर प्रभारियों को बोरों की चिंता सता रही है। स्टॉक में महज 60 हजार के करीब बोरे हैं।
कोटेदारों से लगातार संपर्क करते हुए प्रभारी बोरे मंगवा रहे हैं लेकिन यह खेप प्रयोग के सापेक्ष नाकाफी है। उधर जनपद में 4669 किसानों ने अपनी उपज सरकारी क्रय केंद्रों पर बिक्री करने के लिए रजिस्ट्रेशन करा लिया है। गेहूं खरीद की रफ्तार यही रही तो इसी सप्ताह बोरों की कमी पड़ जाएगी। ऐसे में गेहूं खरीद पर संकट गहरा जाएगा।
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अब स्व सत्यापन नहीं, तहसील से होगा खरीद के पंजीकरण का सत्यापन
जनपद में 20 अप्रैल तक क्रय केंद्रों पर उपज बिक्री करने वाले 305 किसानों की उपज आसानी से खरीद ली गई। चूंकि किसानों ने महज पोर्टल पर पंजीकरण कराया था। शुरुआती दौर में शासन के मानक के तहत महज किसानों को पंजीकरण कराना था। इसमें स्व सत्यापन का काम हो जा रहा था लेकिन सोमवार को शासन स्तर से इस व्यवस्था में तब्दीली कर दी गई है।
अब किसानों के पंजीकरण का तहसील से सत्यापन भी होगा। छोटे जोत के लिए लेखपाल स्तर से रिपोर्ट लगाई जाएगी। बड़े जोत के लिए तहसीलदार, एसडीएम व एडीएम के पटल से रिपोर्ट लगेगी। ऐसे में किसानों को तहसीलों में संपर्क करना पड़ेगा।
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गेहूं खरीद से जुड़े आंकड़े
क्रय केंद्र- 58
जिन केंद्रों पर खरीद हो रही है- 42
कितने किसानों ने पंजीकरण कराया- 4669
किसानों ने उपज बिक्री की है- 305
कितना गेहूं खरीदा गया है- 11,933.6 क्विंटल
जनपद में गेहूं खरीद का लक्ष्य- 25,500 एमटी
बोरों की जरूरत-5.10 लाख
उपलब्ध बोरों की संख्या- 60 हजार
गेहूं से भर चुके बोरे- 24000
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कोटेदारों से बोरों का इंतजाम किया जा रहा है। नई गाइडलाइन के अनुसार किसानों का पंजीकरण का सत्यापन अब तहसील स्तर से किया जाएगा। स्व सत्यापन पर रोक लग गई है।-बृजेश कुमार, जिला विपणन अधिकारी
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