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Bahraich News: बर्दिया में हाथियों ने 10 बीघा गेहूं की फसल रौंदी
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Thu, 22 Jan 2026 12:22 AM IST
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बिछिया। कतर्नियाघाट रेंज में नेपाल सीमा से सटे बर्दिया गांव में मंगलवार की रात हाथियों के झुंड ने भारी उत्पात मचाया। दो दर्जन से अधिक हाथियों के झुंड ने गांव में घुसकर करीब 10 बीघा गेहूं की फसल को रौंदकर पूरी तरह नष्ट कर दिया। फसल बर्बाद होने से किसानों में मायूसी और दहशत का माहौल है।
गांव के प्रधान प्रतिनिधि मंगल बिहारी ने बताया कि छह दिनों से हाथियों का झुंड लगातार गांव की ओर दस्तक दे रहा है। हाथियों ने जंगल के किनारे लगी सुरक्षा फेंसिंग को भी तोड़कर क्षतिग्रस्त कर दिया। मंगलवार की रात हाथियों का झुंड खेतों में घुस गया और गेहूं की तैयार फसल को रौंद डाला।
ग्रामीणों के अनुसार हाथियों के उत्पात में रामलाल की दो बीघा, जगतराम की दो बीघा, राममिलन की तीन बीघा, बनवारी की चार बीघा, राजू की एक बीघा तथा जयप्रकाश की तीन बीघा गेहूं की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। पीड़ित किसान जनजाति समाज से ताल्लुक रखते हैं और खेती ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन है।
घटना की सूचना वन विभाग को दे दी गई है। फसलों के नुकसान से किसानों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने वन विभाग से हाथियों की दहशत से निजात दिलाने और क्षतिपूर्ति की मांग की है।
वन क्षेत्राधिकारी आशीष गौड़ ने बताया कि गांव के लोगों को सजग करते हुए गश्त बढ़ा दी गई है। नुकसान का प्रार्थना पत्र मिलने पर उसी के अनुरूप आगे की कार्यवाही की जाएगी।
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गांव के प्रधान प्रतिनिधि मंगल बिहारी ने बताया कि छह दिनों से हाथियों का झुंड लगातार गांव की ओर दस्तक दे रहा है। हाथियों ने जंगल के किनारे लगी सुरक्षा फेंसिंग को भी तोड़कर क्षतिग्रस्त कर दिया। मंगलवार की रात हाथियों का झुंड खेतों में घुस गया और गेहूं की तैयार फसल को रौंद डाला।
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ग्रामीणों के अनुसार हाथियों के उत्पात में रामलाल की दो बीघा, जगतराम की दो बीघा, राममिलन की तीन बीघा, बनवारी की चार बीघा, राजू की एक बीघा तथा जयप्रकाश की तीन बीघा गेहूं की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। पीड़ित किसान जनजाति समाज से ताल्लुक रखते हैं और खेती ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन है।
घटना की सूचना वन विभाग को दे दी गई है। फसलों के नुकसान से किसानों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने वन विभाग से हाथियों की दहशत से निजात दिलाने और क्षतिपूर्ति की मांग की है।
वन क्षेत्राधिकारी आशीष गौड़ ने बताया कि गांव के लोगों को सजग करते हुए गश्त बढ़ा दी गई है। नुकसान का प्रार्थना पत्र मिलने पर उसी के अनुरूप आगे की कार्यवाही की जाएगी।
