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लापरवाही ने ली मासूम की जान: करंट की चपेट में आने से बच्ची की मौत, शिकायत के बाद भी नहीं बदला गया विद्युत पोल
Thu, 09 Jul 2026 11:35 AM IST
Pragati Chand
अमर उजाला नेटवर्क, बलिया।
अमर उजाला नेटवर्क, बलिया।
Published by: Pragati Chand
Updated Thu, 09 Jul 2026 11:35 AM IST
सार
Ballia News: बलिया जिले में विद्युत पोल में करंट उतरने से उसकी चपेट में आकर पांच साल की बच्ची की जान चली गई। लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बाद भी विद्युत विभाग द्वारा पोल नहीं बदला गया, जिससे हादसा हुआ।
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घटना के बाद रोते- बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बलिया जनपद के थाना दोकटी क्षेत्र अंतर्गत ग्राम भगवानपुर में सुबह पांच वर्षीय रोशनी की करंट लगने से मौत हो गई। रोशनी मिथिलेश साह की पुत्री थी। यह घटना सुबह लगभग 7:00 बजे हुई। गांव में स्थित लोहे के विद्युत पोल में अचानक प्रवाहित करंट की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गई थी।
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घटना के बाद परिजन और ग्रामीण तत्काल उसे उच्च प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सोनबरसा लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मासूम की असामयिक मौत से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई, वहीं ग्रामीणों में विद्युत निगम के प्रति भारी आक्रोश व्याप्त है।
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ग्रामीणों का आरोप है कि यह हादसा किसी आकस्मिक दुर्घटना का परिणाम नहीं, बल्कि विद्युत निगम की वर्षों से चली आ रही कथित लापरवाही का नतीजा है। उनका कहना है कि गांव में लगे इस लोहे के विद्युत पोल में करंट आने और उसकी जर्जर स्थिति को लेकर पिछले आठ से दस वर्षों से लगातार शिकायतें की जाती रही हैं। ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारियों को लिखित प्रार्थना-पत्र, ई-मेल, सम्पूर्ण समाधान दिवस में आवेदन तथा कई बार मौखिक रूप से भी अवगत कराया, लेकिन समस्या के समाधान के लिए कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
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ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते पोल को हटाया जाता या उसे सुरक्षित बनाया जाता, तो आज एक मासूम बच्ची की जान बचाई जा सकती थी। घटना के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन और विद्युत निगम के खिलाफ नाराजगी जताते हुए दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।