{"_id":"6a271065e5e40aab9c07f5e4","slug":"a-mining-supervisor-dies-after-being-crushed-by-a-pokland-machine-family-alleges-murder-banda-news-c-212-1-bnd1018-147935-2026-06-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: खनन पट्टे में पोकलैंड से दबकर सुपरवाइजर की मौत, परिजनों बोले हत्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: खनन पट्टे में पोकलैंड से दबकर सुपरवाइजर की मौत, परिजनों बोले हत्या
Tue, 09 Jun 2026 12:26 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Tue, 09 Jun 2026 12:26 AM IST
विज्ञापन
घटनास्थल की जांच करती पुलिस, राजस्व व खनिज विभाग की टीम। संवाद
- फोटो : कानपुर में विजयी खिलाड़ी संगठन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नरैनी (बांदा)। कोतवाली क्षेत्र के पुकारी गांव स्थित रंज नदी के खनन पट्टे में रविवार देर रात संदिग्ध हालात में एक सुपरवाइजर की मौत हो गई। पोकलैंड मशीन की चपेट में आने से हुई इस मौत को लेकर परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। भतीजे ने आरोप लगाया है कि चालक ने जानबूझकर पोकलैंड मशीन उसके चाचा के ऊपर चढ़ा दी थी। मामले को लेकर पुलिस, राजस्व और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है।
महोबा जनपद के पहरा गांव निवासी 50 वर्षीय दिनेश त्रिवेदी गोपरा (पुकारी) गांव की रंज नदी में संचालित खनन पट्टे में सुपरवाइजर के पद पर कार्यरत थे। परिजनों के अनुसार रविवार देर रात खनन कार्य के दौरान वह मशीनों की निगरानी कर रहे थे। इसी दौरान पोकलैंड मशीन की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद खदान में मौजूद मजदूर और कर्मचारी घायल को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। जिसके बाद खदान के लोग मौके से हट गए।
मृतक के भतीजे जयशंकर ने आरोप लगाया कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या है। उनका कहना है कि चालक ने जानबूझकर दिनेश के ऊपर पोकलैंड मशीन चढ़ा दी। आरोप है कि घटना के बाद खदान प्रबंधन ने परिजनों को सूचना तक नहीं दी और घायल अवस्था में दिनेश को अस्पताल छोड़कर वहां से चले गए। काफी देर बाद परिजनों को घटना की जानकारी मिल सकी। बताया गया कि रात करीब 11:30 बजे एक व्यक्ति दिनेश को बोलेरो से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नरैनी लेकर पहुंचा, लेकिन वहां भर्ती कराए बिना मेडिकल कॉलेज के लिए रवाना हो गया।
विज्ञापन
रास्ते में ही दिनेश ने दम तोड़ दिया। वहीं घटना के अगले दिन खनिज निरीक्षक गौरव गुप्ता, नायब तहसीलदार यशपाल यादव, क्षेत्राधिकारी प्रवीण यादव और कोतवाली प्रभारी भास्कर मिश्रा ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए पोकलैंड और छन्ना मशीन को कब्जे में ले लिया है।
एसडीएम अंजनी यादव ने बताया कि संयुक्त टीम पूरे मामले की जांच कर रही है। यदि जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी या अन्य अनियमितताएं सामने आती हैं तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं परिजनों की हत्या की आशंका के बाद पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
विज्ञापन
महोबा जनपद के पहरा गांव निवासी 50 वर्षीय दिनेश त्रिवेदी गोपरा (पुकारी) गांव की रंज नदी में संचालित खनन पट्टे में सुपरवाइजर के पद पर कार्यरत थे। परिजनों के अनुसार रविवार देर रात खनन कार्य के दौरान वह मशीनों की निगरानी कर रहे थे। इसी दौरान पोकलैंड मशीन की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद खदान में मौजूद मजदूर और कर्मचारी घायल को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। जिसके बाद खदान के लोग मौके से हट गए।
विज्ञापन
मृतक के भतीजे जयशंकर ने आरोप लगाया कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या है। उनका कहना है कि चालक ने जानबूझकर दिनेश के ऊपर पोकलैंड मशीन चढ़ा दी। आरोप है कि घटना के बाद खदान प्रबंधन ने परिजनों को सूचना तक नहीं दी और घायल अवस्था में दिनेश को अस्पताल छोड़कर वहां से चले गए। काफी देर बाद परिजनों को घटना की जानकारी मिल सकी। बताया गया कि रात करीब 11:30 बजे एक व्यक्ति दिनेश को बोलेरो से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नरैनी लेकर पहुंचा, लेकिन वहां भर्ती कराए बिना मेडिकल कॉलेज के लिए रवाना हो गया।
विज्ञापन
रास्ते में ही दिनेश ने दम तोड़ दिया। वहीं घटना के अगले दिन खनिज निरीक्षक गौरव गुप्ता, नायब तहसीलदार यशपाल यादव, क्षेत्राधिकारी प्रवीण यादव और कोतवाली प्रभारी भास्कर मिश्रा ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए पोकलैंड और छन्ना मशीन को कब्जे में ले लिया है।
एसडीएम अंजनी यादव ने बताया कि संयुक्त टीम पूरे मामले की जांच कर रही है। यदि जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी या अन्य अनियमितताएं सामने आती हैं तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं परिजनों की हत्या की आशंका के बाद पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।