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Banda News: मुख्यमंत्री को भेजी मंडल में 100 फीसदी बिजली आपूर्ति की रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Tue, 28 Apr 2026 11:39 PM IST
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फोटो - 01 बांदा में फॉल्ट सुधारते बिजली कर्मी। संवाद।
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बांदा। बुंदेलखंड के चित्रकूटधाम मंडल में शहरों से लेकर गांवों तक बिजली के लिए मची हाय तोबा के बीच पॉवर कॉरपोरेशन ने आंकड़ों की बाजीगरी करते हुए मुख्यमंत्री कार्यालय को 100 फीसदी बिजली आपूर्ति की रिपोर्ट भेजी है। दूसरी तरफ चारों जिलों की 50 लाख से अधिक आबादी को एक दिन भी 24 घंटे अबाध आपूर्ति नहीं मिल पा रही।
बुंदेलखंड के मंडल व जिला मुख्यालय में 24 घंटे और गांवों 18 घंटे बिजली आपूर्ति का शेड्यूल लागू है लेकिन ट्रांसफार्मर, लाइन और अन्य उपकरणों में लगातार आ रहे फॉल्ट और खराबी से शहरों में प्रतिदिन कई-कई घंटे बिजली ठप हो रही है। गांवों में तो और बुरा हाल है। दूसरी तरफ पॉवर कॉरपोरेशन के अफसर आंखों में धूल झोंकने जैसी कहावत को सच साबित करते हुए शासन और मुख्यमंत्री के डैशबोर्ड को भेजी रिपोर्ट में मंडल के चारों जिलों में शेड्यूल के मुताबिक 100 प्रतिशत आपूर्ति का दावा कर रहे हैं।
आंकड़ों के खेल का ताजा उदाहरण पिछले माह मार्च में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड को भेजी रिपोर्ट में फरवरी माह में बांदा, चित्रकूट, हमीरपुर और महोबा में शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में 100 प्रतिशत बिजली आपूर्ति दर्शाई गई है। इन आंकड़ों से बुंदेलखंड के उपभोक्ता हैरत में हैं।
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शहरों में 672 घंटे आपूर्ति का दावा
चित्रकूट मंडल के शहरी क्षेत्रों में रोजाना बिजली आपूर्ति का ग्राफ निर्धारित घंटे के अनुसार 672 घंटे बताया गया है। यह आंकड़ा उपभोक्ताओं के गले हरगिज नहीं उतर रहा। शहर में बमुश्किल 18 से 20 घंटे आपूर्ति मिल पा रही है। फाल्टों से दिन-रात आपूर्ति बाधित हो रही है।
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पूर्व मंत्री ने भी उठाया मुद्दा
पूर्व मंत्री और सपा नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने भी बिजली विभाग के इन दावों पर हैरत जताते हुए इसे झूठा बताया है। बांदा प्रवास के दौरान उन्होंने यहां मीडिया से बातचीत में यह मुद्दा उठाया। कहा कि बुंदेलखंड बिजली कटौती से मुक्त रहा है। पर इस समय यहां सबसे बुरी हालत है।
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बिल सुधार में भी ठोंकी अपनी पीठ
स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिलों में मची अंधेरगर्दी का चौतरफा विरोध और शोर है। जिलाधिकारी से लेकर सब स्टेशनों तक शिकायतों की भरमार है। तकनीकी दलीलें देकर बिलों की गड़बड़ियां दुरुस्त नहीं की जा रहीं। दूसरी तरफ पॉवर कॉरपोरेशन ने चित्रकूटधाम मंडल के चारों जिलों में बिल संबंधी शिकायतों का 100 प्रतिशत निस्तारण कर दिए जाने का दावा करते हुए मुख्यमंत्री डैशबोर्ड को सूचना और आंकड़े भेजे हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि फरवरी माह में चारों जिलों में बिल गड़बड़ी की कुल 11649 शिकायतें मिली थीं। इनमें 10529 का निस्तारण निर्धारित समय सीमा में कर दिया गया। शेष शिकायतों का निस्तारण भी कर दिया गया है। चारों जिलों में बिल सुधार शत प्रतिशत करके ए ग्रेड प्राप्त किया है।
बिल सुधार के मुख्यमंत्री को भेजे गए आंकड़े -
जनपद शिकायतें लंबित
बांदा 3196 04
चित्रकूट 2930 01
हमीरपुर 3179 00
महोबा 2344 00
वर्जन
फॉल्ट तो होते ही हैं, 100 फीसदी आपूर्ति जारी
पॉवर कॉरपोरेशन के बांदा मंडल अधीक्षण अभियंता ( एसई) रविकांत का कहना है कि यहां गर्मी का रिकॉर्ड टूट रहा है। ऐसे में छोटे-मोटे फॉल्ट तो होते ही हैं। उन्होंने कहा कि अभी भी मंडल में शेड्यूल के मुताबिक 100 प्रतिशत आपूर्ति का सिलसिला बरकरार है।
=
नरैनी कस्बे में बिजली की कोई समस्या नहीं है। दो फीडरों से पर्याप्त बिजली आपूर्ति दी जाती है। गर्मी में फाल्ट होने पर विभाग उसे दुरुस्त भी करा देता है।- ओममणि, नरैनी विधायक
गर्मी बढ़ने के साथ-साथ फाल्ट भी बढ़े हैं। किसी-किसी क्षेत्र में ट्रिपिंग की समस्या हो सकती है। जिसे समय रहते दूर कर दिया जाता है।
प्रकाश द्विवेदी, सदर विधायक
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बुंदेलखंड के मंडल व जिला मुख्यालय में 24 घंटे और गांवों 18 घंटे बिजली आपूर्ति का शेड्यूल लागू है लेकिन ट्रांसफार्मर, लाइन और अन्य उपकरणों में लगातार आ रहे फॉल्ट और खराबी से शहरों में प्रतिदिन कई-कई घंटे बिजली ठप हो रही है। गांवों में तो और बुरा हाल है। दूसरी तरफ पॉवर कॉरपोरेशन के अफसर आंखों में धूल झोंकने जैसी कहावत को सच साबित करते हुए शासन और मुख्यमंत्री के डैशबोर्ड को भेजी रिपोर्ट में मंडल के चारों जिलों में शेड्यूल के मुताबिक 100 प्रतिशत आपूर्ति का दावा कर रहे हैं।
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आंकड़ों के खेल का ताजा उदाहरण पिछले माह मार्च में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड को भेजी रिपोर्ट में फरवरी माह में बांदा, चित्रकूट, हमीरपुर और महोबा में शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में 100 प्रतिशत बिजली आपूर्ति दर्शाई गई है। इन आंकड़ों से बुंदेलखंड के उपभोक्ता हैरत में हैं।
शहरों में 672 घंटे आपूर्ति का दावा
चित्रकूट मंडल के शहरी क्षेत्रों में रोजाना बिजली आपूर्ति का ग्राफ निर्धारित घंटे के अनुसार 672 घंटे बताया गया है। यह आंकड़ा उपभोक्ताओं के गले हरगिज नहीं उतर रहा। शहर में बमुश्किल 18 से 20 घंटे आपूर्ति मिल पा रही है। फाल्टों से दिन-रात आपूर्ति बाधित हो रही है।
पूर्व मंत्री ने भी उठाया मुद्दा
पूर्व मंत्री और सपा नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने भी बिजली विभाग के इन दावों पर हैरत जताते हुए इसे झूठा बताया है। बांदा प्रवास के दौरान उन्होंने यहां मीडिया से बातचीत में यह मुद्दा उठाया। कहा कि बुंदेलखंड बिजली कटौती से मुक्त रहा है। पर इस समय यहां सबसे बुरी हालत है।
बिल सुधार में भी ठोंकी अपनी पीठ
स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिलों में मची अंधेरगर्दी का चौतरफा विरोध और शोर है। जिलाधिकारी से लेकर सब स्टेशनों तक शिकायतों की भरमार है। तकनीकी दलीलें देकर बिलों की गड़बड़ियां दुरुस्त नहीं की जा रहीं। दूसरी तरफ पॉवर कॉरपोरेशन ने चित्रकूटधाम मंडल के चारों जिलों में बिल संबंधी शिकायतों का 100 प्रतिशत निस्तारण कर दिए जाने का दावा करते हुए मुख्यमंत्री डैशबोर्ड को सूचना और आंकड़े भेजे हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि फरवरी माह में चारों जिलों में बिल गड़बड़ी की कुल 11649 शिकायतें मिली थीं। इनमें 10529 का निस्तारण निर्धारित समय सीमा में कर दिया गया। शेष शिकायतों का निस्तारण भी कर दिया गया है। चारों जिलों में बिल सुधार शत प्रतिशत करके ए ग्रेड प्राप्त किया है।
बिल सुधार के मुख्यमंत्री को भेजे गए आंकड़े -
जनपद शिकायतें लंबित
बांदा 3196 04
चित्रकूट 2930 01
हमीरपुर 3179 00
महोबा 2344 00
वर्जन
फॉल्ट तो होते ही हैं, 100 फीसदी आपूर्ति जारी
पॉवर कॉरपोरेशन के बांदा मंडल अधीक्षण अभियंता ( एसई) रविकांत का कहना है कि यहां गर्मी का रिकॉर्ड टूट रहा है। ऐसे में छोटे-मोटे फॉल्ट तो होते ही हैं। उन्होंने कहा कि अभी भी मंडल में शेड्यूल के मुताबिक 100 प्रतिशत आपूर्ति का सिलसिला बरकरार है।
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नरैनी कस्बे में बिजली की कोई समस्या नहीं है। दो फीडरों से पर्याप्त बिजली आपूर्ति दी जाती है। गर्मी में फाल्ट होने पर विभाग उसे दुरुस्त भी करा देता है।- ओममणि, नरैनी विधायक
गर्मी बढ़ने के साथ-साथ फाल्ट भी बढ़े हैं। किसी-किसी क्षेत्र में ट्रिपिंग की समस्या हो सकती है। जिसे समय रहते दूर कर दिया जाता है।
प्रकाश द्विवेदी, सदर विधायक

फोटो - 01 बांदा में फॉल्ट सुधारते बिजली कर्मी। संवाद।

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