Bareilly News: दूसरे समुदाय के युवक को पीटने का आरोपी ऋषभ ठाकुर को भेजा गया जेल, दो नई रिपोर्ट दर्ज
बरेली में दूसरे समुदाय के युवक को पीटने और वसूली करने के आरोपी ऋषभ ठाकुर को कोर्ट ने जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दो नई रिपोर्ट दर्ज की है।
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बरेली में लोगों को धर्म के नाम पर धमकाने व पीटने का आरोपी ऋषभ ठाकुर दुबई से लौटे युवक से ऑनलाइन वसूली कर फंस गया। रविवार को गिरफ्तार ऋषभ की पुलिस ने कायदे से खबर ली। सोमवार को उसे कोर्ट में पेश किया। वहां से उसे जेल भेज दिया गया। कैंट थाने में उसके खिलाफ दो नए मामले दर्ज हुए हैं।
कैंट निवासी युवक शोएब की पिटाई और उसके साथ मौजूद छात्रा से अभद्रता के मामले में कैंट पुलिस एक दिन पहले तक अज्ञात आरोपी की तलाश कर रही थी। ऋषभ की आईडी से वायरल वीडियो देखकर पुलिस ने रविवार रात ही उसे गिरफ्तार कर लिया था। एसपी सिटी मानुष पारीक व सीओ प्रथम आशुतोष शिवम ने उससे पूछताछ की। सुभाष नगर निवासी ऋषभ ठाकुर ने स्वीकार किया कि 28 मार्च की शाम दोस्त आकाश ने उसे फोन कर बताया कि एक लड़का-लड़की पहलवान बाबा मंदिर के पास घूम रहे हैं। ऋषभ वहां पहुंचा तो उसके साथी अंकित, कन्हैया और भारत दोनों को घेरे खड़े थे।
उसने दोस्तों के साथ शोएब को धमकाया और पिटाई की। दुबई से लौटे शोएब से सात हजार रुपये छीन लिए। फिर दो हजार रुपये ऑनलाइन डलवा लिए। अगले दिन उसने शोएब की पिटाई का वीडियो वायरल किया था। सुभाषनगर पुलिस ने उसे जिला बदर कर रखा था, लेकिन वह घर के आसपास ही छिपकर रह रहा है। पुलिस ने लूटी गई रकम में से 3300 रुपये व एक मोबाइल फोन बरामद किया है।
सीओ प्रथम ने बताया कि पुलिस ने रविवार रात ऋषभ से पूछताछ की तो उसने अपने दोस्त आकाश का नाम बताया। उसके मोबाइल से जो रकम गई थी, वह कन्हैया नाम की आईडी पर गई थी। पुलिस ने संदेह के आधार पर कैंट से आकाश और कन्हैया को हिरासत में ले लिया। इन दोनों ने खुद को बेगुनाह बताया।
पुलिस ने जांच की तो जिस आकाश का नंबर बताकर कॉल आने का दावा ऋषभ ने किया था, उसकी आईडी सिविल लाइंस निवासी युवक निकली। जिस आईडी पर रुपये गए, वह इंदौर से संचालित हो रही थी। पुलिस ने सोमवार को आकाश व कन्हैया को इस शर्त पर छोड़ दिया कि जांच पूरी होने तक वे शहर नहीं छोड़ेंगे।
पुलिस पर लगाया पीटने का आरोप
ऋषभ इस बार जब थाने से निकला तो वह लंगड़ाकर चल रहा था। सूत्र बताते हैं कि उसने कोर्ट में भी कपड़े हटाकर चोटों के निशान दिखाकर दावा किया कि पुलिस ने उसे ज्यादा पीटा है। कोर्ट ने पुलिस को आड़े हाथ लिया तो सफाई दी गई कि आरोपी को पुलिस ने कुल्हड़ की उम्दा चाय और अच्छे होटल का खाना खिलाया है। पीटने का आरोप गलत है। ऋषभ ने भी इस बात को स्वीकार किया कि उसे हिरासत में चाय और खाना ठीक मिला था। तब कोर्ट ने उसका रिमांड स्वीकृत कर जेल भेजने का आदेश कर दिया।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि ऋषभ पर कैंट थाने में ही दो नई रिपोर्ट लिखी गई हैं। एक मामला वसूली व मारपीट का तो दूसरा जिला बदर होने के बाद भी कैंट थाना क्षेत्र की सीमा में अपराध करने का है। वह कई नाम बता रहा है, लेकिन अब नंबरों की सीडीआर व जिस खाते में रुपये ट्रांसफर कराए गए हैं, उसकी डिटेल के बाद ही सही आरोपी को चिह्नित कर गिरफ्तारी की जाएगी। थाने बुलाए दोनों लड़कों को फिलहाल घर भेज दिया है।