{"_id":"6962a7a2263d7baee60a6864","slug":"three-arrested-for-duping-retired-teacher-of-rs-29-lakh-through-digital-arrest-bijnor-news-c-27-1-smrt1004-169647-2026-01-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bijnor News: सेवानिवृत शिक्षिका को डिजिटल अरेस्ट कर 29 लाख की ठगी में तीन गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bijnor News: सेवानिवृत शिक्षिका को डिजिटल अरेस्ट कर 29 लाख की ठगी में तीन गिरफ्तार
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। नजीबाबाद की सेवानिवृत शिक्षिका को डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर 29 लाख रुपये ठगी के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है जबकि दो अन्य की तलाश की जा रही है। आरोपियों ने 60 रुपये के कमीशन के चक्कर में 25 लाख खाते में लिए और फिर 22 खातों में रकम को ट्रांसफर कर दिया।
एसपी अभिषेक झा के अनुसार अनिल कुमार निवासी ग्राम दुर्गागढ़ हरिद्वार, आफताब आलम निवासी बी-21 दिलशाद कॉलोनी झिलमिल थाना दिलशाद गार्डन जनपद पूर्वी दिल्ली और हरिओम वर्मा निवासी ग्राम नगला चक थाना पटियाली कासगंज को गिरफ्तार किया गया है। इनके दो साथी जसपाल सिंह रावत निवासी शास्त्री पार्क नत्थू पुरा मोड़ बुरारी दिल्ली तथा इमरान की तलाश की जा रही है।
31 दिसंबर 2025 को सेवानिवृत शिक्षिका द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी में कहा था कि उसे वीडियो कॉल करने वाले ने खुद को टेलीकॉम कंपनी व सीबीआई का अधिकारी बताया था। एक फोटो दिखाकर कहा कि उनके नाम पर संदिग्ध मोबाइल नंबर संचालित हो रहा है। उन्हें डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर अलग तारीखों में ऑनलाइन माध्यम से करीब 29 लाख रुपये ठग लिए। साइबर और सर्विलांस टीम ने तीनाें आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से 23 हजार 500 रुपये बरामद किए हैं। उनके पास से तीन मोबाइल, छह फर्जी आधार कार्ड और एक डेबिट कार्ड बरामद किया गया है।
फर्जी फर्म बनाकर गाजियाबाद के शिवालिक बैंक में खुलवाया खाता : एसपी के अनुसार गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपी कुछ दिन पूर्व गाजियाबाद में जसपाल और इमरान से मिले थे। दोनों ने एक करोड़ रुपये डलवाने के लिए किसी कंपनी के खाते की व्यवस्था करने को कहा। इस पर आफताब की सहायता से जसपाल को मालिक दर्शाते हुए गोल्डन रियल स्टेट सोल्यूशन एंड डेवलपर नाम से फर्जी फर्म रजिस्टर्ड कराकर शिवालिक बैंक गाजियाबाद में अनिल के साथ संयुक्त खाता खोला गया। उसी में ठगी की रकम जमा कराई गई।
गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि उन्हें इसके एवज में 60 हजार रुपये का कमीशन मिला था। इमरान ने आफताब को व्हाट्सएप कॉल पर बताया था कि पीड़ित महिला के खाते में 75 लाख रुपये शेष हैं। इसकी जानकारी करने के लिए वे नजीबाबाद क्षेत्र में आए थे, जहां से पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
Trending Videos
एसपी अभिषेक झा के अनुसार अनिल कुमार निवासी ग्राम दुर्गागढ़ हरिद्वार, आफताब आलम निवासी बी-21 दिलशाद कॉलोनी झिलमिल थाना दिलशाद गार्डन जनपद पूर्वी दिल्ली और हरिओम वर्मा निवासी ग्राम नगला चक थाना पटियाली कासगंज को गिरफ्तार किया गया है। इनके दो साथी जसपाल सिंह रावत निवासी शास्त्री पार्क नत्थू पुरा मोड़ बुरारी दिल्ली तथा इमरान की तलाश की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
31 दिसंबर 2025 को सेवानिवृत शिक्षिका द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी में कहा था कि उसे वीडियो कॉल करने वाले ने खुद को टेलीकॉम कंपनी व सीबीआई का अधिकारी बताया था। एक फोटो दिखाकर कहा कि उनके नाम पर संदिग्ध मोबाइल नंबर संचालित हो रहा है। उन्हें डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर अलग तारीखों में ऑनलाइन माध्यम से करीब 29 लाख रुपये ठग लिए। साइबर और सर्विलांस टीम ने तीनाें आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से 23 हजार 500 रुपये बरामद किए हैं। उनके पास से तीन मोबाइल, छह फर्जी आधार कार्ड और एक डेबिट कार्ड बरामद किया गया है।
फर्जी फर्म बनाकर गाजियाबाद के शिवालिक बैंक में खुलवाया खाता : एसपी के अनुसार गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपी कुछ दिन पूर्व गाजियाबाद में जसपाल और इमरान से मिले थे। दोनों ने एक करोड़ रुपये डलवाने के लिए किसी कंपनी के खाते की व्यवस्था करने को कहा। इस पर आफताब की सहायता से जसपाल को मालिक दर्शाते हुए गोल्डन रियल स्टेट सोल्यूशन एंड डेवलपर नाम से फर्जी फर्म रजिस्टर्ड कराकर शिवालिक बैंक गाजियाबाद में अनिल के साथ संयुक्त खाता खोला गया। उसी में ठगी की रकम जमा कराई गई।
गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि उन्हें इसके एवज में 60 हजार रुपये का कमीशन मिला था। इमरान ने आफताब को व्हाट्सएप कॉल पर बताया था कि पीड़ित महिला के खाते में 75 लाख रुपये शेष हैं। इसकी जानकारी करने के लिए वे नजीबाबाद क्षेत्र में आए थे, जहां से पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।