{"_id":"697cfaa2ee33b2e7f10371a4","slug":"information-on-the-goals-and-treatment-of-leprosy-deoria-news-c-208-1-deo1045-173737-2026-01-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Deoria News: कुष्ठरोग के लक्ष्य और उपचार की दी जानकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Deoria News: कुष्ठरोग के लक्ष्य और उपचार की दी जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Sat, 31 Jan 2026 12:08 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
भागलपुर। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भागलपुर में शुक्रवार को स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम महात्मा गांधी की पुण्यतिथि के अवसर पर संपन्न हुआ।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र प्रांगण में प्रभारी डाॅक्टर रजत कुमार ने सभी कर्मचारियों को शपथ दिलाई। उन्होंने कुष्ठरोग के लक्षण, उपचार और इससे जुड़ी भ्रांतियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बताया कि शरीर में हल्के पीले या तांबे के रंग के बिना खुजली वाले सुन्न दाग, हाथ पैर की तंत्रिकाओं का मोटा होना, झनझनाहट और उंगलियों का टेढ़ा होना कुष्ठरोग के प्रमुख लक्षण हैं। यह रोग छुआछूत या आनुवंशिक नहीं है बल्कि यह जीवाणु से फैलता है। यह पूर्णतया ठीक होने वाला रोग है। तुरंत इलाज कराने से रोग से बचा जा सकता है। कुष्ठ रोग का उपचार प्रत्येक स्वास्थ्य केंद्र पर निशुल्क उपलब्ध है।
इस दौरान डॉ. अविनाश मौर्य, अरविंद कुशवाहा, अजय मिश्रा, मनोज अग्रहरि, जितेंद्र मिश्र, रविन्द्र कुमार, डॉ. ममता, डॉ. नूर आयशा, अनंत गुप्ता, मनीष दूबे, मंजू प्रजापति मौजूद रहे। संवाद
Trending Videos
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र प्रांगण में प्रभारी डाॅक्टर रजत कुमार ने सभी कर्मचारियों को शपथ दिलाई। उन्होंने कुष्ठरोग के लक्षण, उपचार और इससे जुड़ी भ्रांतियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बताया कि शरीर में हल्के पीले या तांबे के रंग के बिना खुजली वाले सुन्न दाग, हाथ पैर की तंत्रिकाओं का मोटा होना, झनझनाहट और उंगलियों का टेढ़ा होना कुष्ठरोग के प्रमुख लक्षण हैं। यह रोग छुआछूत या आनुवंशिक नहीं है बल्कि यह जीवाणु से फैलता है। यह पूर्णतया ठीक होने वाला रोग है। तुरंत इलाज कराने से रोग से बचा जा सकता है। कुष्ठ रोग का उपचार प्रत्येक स्वास्थ्य केंद्र पर निशुल्क उपलब्ध है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस दौरान डॉ. अविनाश मौर्य, अरविंद कुशवाहा, अजय मिश्रा, मनोज अग्रहरि, जितेंद्र मिश्र, रविन्द्र कुमार, डॉ. ममता, डॉ. नूर आयशा, अनंत गुप्ता, मनीष दूबे, मंजू प्रजापति मौजूद रहे। संवाद
