भरथना। बहन के करीब आने के लिए विपिन ने मुझसे दो साल पहले दोस्ती की थी। उसने कहा था कि मनीष को मारने में साथ दो, नहीं तो मैं अकेला निपट लूंगा। मनीष हत्याकांड में गिरफ्तार हुए तीसरे आरोपी सीआरपीएफ जवान अभिषेक ने अपने बयान में यह खुलासा किया। उसकी निशानदेही पर पुलिस को अमृतपुर पुल के पास सेंगर नदी में टैबलेट मिला। उसे जब्त करने के बाद जवान को जेल भेज दिया गया।
भरथना क्षेत्र में छह दिन पूर्व हुए मनीष हत्याकांड में पुलिस मास्टर माइंड विपिन समेत दो की गिरफ्तारी कर चुकी है। हत्या के बाद सीआरपीएफ कैंप लौटने वाले जवान अभिषेक की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम बीते सोमवार को जालंधर गई थी। इकदिल के केशोपुर कलां के मूल निवासी अभिषेक का हाल पता पंजाब के जिला मुक्तसर साहिब पंजाब के स्ट्रीट मलौत रोड अजय कॉलोनी भी पहुंची। वहां से गिरफ्तार करने के बाद जवान को भरथना लाया गया।
प्रभारी इंस्पेक्टर विक्रम सिंह ने बताया कि यहां उससे पूछताछ की गई। इसमें उसने मनीष के टैबलेट को सेंगर नदी में फेंक देने की बात कबूली। उसकी निशानदेही पर टैबलेट नदी से बरामद कर लिया गया। गोली मारने से पहले मनीष का रस्सी से गला घोंटा गया था। उस रस्सी को आरोपियों ने जला दिया था।
पूछताछ में बताया कि विपिन ने उसकी बहन की वजह से ही दो वर्ष पूर्व दोस्ती की थी। उसी ने मनीष को मारने की योजना बनाई और उससे साथ मांगा था। बताया कि रामपुर में पुलिस सिपाही की ट्रेनिंग कर रहीं युवती के खिलाफ अब तक हत्याकांड से जुड़ा कोई साक्ष्य नहीं मिला है। आगे जांच की जा रही है।