फर्रूखाबाद जेल में बवाल : बंदी की मौत के बाद भड़के कैदी, 27 नामजद व अज्ञात के खिलाफ 17 धाराओं में मुकदमा
फतेहगढ़ जिला जेल में रविवार को एक बंदी की इलाज के दौरान अस्पताल में मौत होने की खबर से जेल में बंदियों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। जेलर पर हमला कर पथराव के बाद जेल में आग लगा दी।
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जानकारी के अनुसार, मेरापुर थाना क्षेत्र निवासी संदीप हत्या के मामले में जिला जेल में बंद था। हालत बिगड़ने पर उसे सैफई रेफर किया गया था। उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। इसकी जानकारी मिलने पर बंदियों ने हंगामा कर दिया।
मौके पर पहुंचे जेलर और अन्य पुलिसकर्मियों पर भी बंदियों ने हमला कर दिया। बंदियों ने डिप्टी जेलर शैलेश कुमार सोनकर पर हमला कर दिया था। उनके साथ जमकर मारपीट की। जेल से तीन गोलियां चलने की आवाज आई।
सूचना पर सीओ सिटी प्रदीप सिंह व फतेहगढ़ कोतवाल जयप्रकाश पाल कुछ सिपाहियों के साथ वहां पहुंचे। करीब 30 मिनट से लगातार अलार्म बजता रहा है।
बताया जा रहा है कि पुलिस ने स्थिति नियंत्रण के लिए फायरिंग की है। बंदियों का आरोप है कि संदीप को समय से इलाज नहीं मिला। इसलिए उसकी मौत हो गई। दिवाली के दिन सही भोजन न दिए जाने का भी बंदियों ने आरोप लगाया है। उनका कहना है कि दिवाली पर अहाते न खोले जाने से बंदी आसपास में मिल भी नहीं सके थे।
जिला कारागार फतेहगढ़ के बंदी संदीप यादव की सैफई पीजीआई में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। बंदी की मौत की सूचना मिलते ही जेल में हड़कंप मच गया। बंदियों ने जेल में पथराव और आगजनी कर दी। जेल पुलिस ने समय रहते नियंत्रण प्राप्त कर लिया।
प्रमोद शुक्ला, वरिष्ठ अधीक्षक केंद्रीय कारागार, फतेहगढ़
फतेहगढ़ जेल प्रकरण : कैदी की मौत के बाद भारी बवाल, डीजी जेल ने मांगी रिपोर्ट
फतेहगढ़ जेल में बवाल मामले में डीजी जेल आनंद कुमार ने लखनऊ मुख्यालय से डीआईजी जेल बीपी त्रिपाठी को मौके पर भेजा है। आनंद कुमार ने बताया कि फतेहगढ़ जेल में बंद संदीप यादव नाम के कैदी की डेंगू से बीती रात मौत हो गई।
हालत खराब होने पर उसे सैफई चिकित्सा विश्वविद्यालय भेजा गया जहां उसकी मौत हो गई। उन्होंने बताया कि कैदियों द्वारा उत्पात मचाए जाने के मामले में एफ आई आर दर्ज कराई जा रही है।
मुकदमा दर्ज
फतेहगढ़ स्थित जिला जेल के जेलर अखिलेश कुमार की तहरीर पर फतेहगढ़ कोतवाली में बन्दी रघुनन्दन उर्फ पप्पू, कन्हैया, दीपक बाथम, दिलीप, श्यामपाल, रिषि मिश्रा, सुग्रीव, रहुल यादव, दलवीर, धर्मेश यादव, राजीव कुमार, गुड्डू, प्रदुम्न, अनूप गौर, अर्पित गुप्ता, मनोज यादव, आशिफ उर्फ पड्डा, प्रशांत दीक्षित , संजीव, शिवम उर्फ लल्लू, विक्की, शिवम उर्फ छुआरा, सतीश, गौरव,सनी, सत्येंद्र, कृपाल सहित 27 नामजद व अन्य अज्ञात के खिलाफ सरकारी कार्य मे बाधा, डकैती, बलबा, आगजनी सहित 17 धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मिली गोली
बन्दी शिवम के शव की देर रात तीन डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया है। वीडियोग्राफी भी की गई है। पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर अभी बाहर नहीं निकले हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली लगने की पुष्टि हुई है। एक बुलेट फंसा मिला है। आर्थिक मदद और मुकदमा दर्ज कराए जाने के आस्वासन पर परिजन शव लेकर रात 3 बजे घर चले गए।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में मौत से पहले बंदी शिवम ने जेलर पर गोली मारने का आरोप लगाया था। उसने दो और जेल अधिकारियों के नाम भी लिए थे। बंदी को गोली मारने की पुष्टि के लिए लोहिया अस्पताल में शव का एक्सरे कराया गया। इसके बाद शव पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा दिया गया। शिवम के पिता मुन्ना लाल और कुछ रिश्तेदार भी पोस्टमार्टम हाउस पहुंच गए।
पिता रात में पोस्टमार्टम कराने को तैयार नहीं हुए। उनका कहना था कि दिन में शव का पोस्टमार्टम किया जाए। इसके चलते देर रात पोस्टमार्टम को लेकर जद्दोजहद चलती रही। एसपी ने बताया कि शव का पैनल से पोस्टमार्टम कराया जाएगा। सूत्रों के अनुसार एक्सरे में गोली लगने की पुष्टि हुई है। पर कोई अधिकारी व डॉक्टर इस पर बोलने को तैयार नहीं है।
