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Hamirpur News: जलभराव के बीच अर्थी ले जाने पर बीडीओ ने किया रास्ते का निरीक्षण
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मौदहा (हमीरपुर)। विकासखंड क्षेत्र के खंडेह गांव में जलभराव और कीचड़ के बीच बुजुर्ग की अर्थी ले जाने की खबर प्रकाशित होने के बाद जिला प्रशासन हरकत में आया। मंगलवार को खंड विकास अधिकारी संतोष कुमार, ग्राम पंचायत सचिव गिरीश चंद्र ,अमित कुमार व ग्राम प्रशासक ने मौके पर पहुंचकर रास्ते का निरीक्षण किया।
खंडेह निवासी जागेश्वर यादव (73) का सोमवार को निधन हो गया था। अंतिम संस्कार के लिए परिजन और ग्रामीण जब उनकी अर्थी लेकर निकले तो रास्ते में पानी और दलदल होने से उन्हें काफी परेशानी हुई। ग्रामीण अर्थी को कंधों पर उठाकर पानी और कीचड़ के बीच से ले जाने को मजबूर हुए। ग्रामीण विनोद तिवारी, दुर्वेश यादव, घनश्याम,अनुज कुमार दुबे ने बताया कि रामजानकी मंदिर के पास सुशील प्रजापति के दरवाजे से संतोष विश्वकर्मा के दरवाजे तक करीब 150 मीटर रास्ते पर लंबे समय से जलभराव की समस्या है। बारिश के दौरान स्थिति और गंभीर हो जाती है।
निरीक्षण में सामने आई जलनिकासी की समस्या
बीडीओ ने निरीक्षण में पाया गया कि जलभराव वाले स्थान पर सीसी सड़क बनी हुई है। अधिकारियों के अनुसार मोहल्ले के लोगों नालियां नीची होने के कारण सड़क निर्माण के समय उसकी ऊंचाई अधिक नहीं बढ़ाई जा सकी। वहीं आगे की सड़क ऊंचाई पर बनी है जिससे बारिश का पानी धीरे-धीरे निकलता है और रास्ते में जलभराव बना रहता है।
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वर्जन
बरसात खत्म होने के बाद मौके पर नाली का निर्माण कराकर पानी की निकासी की व्यवस्था कराई जाएगी। इससे जलभराव की समस्या दूर होने की उम्मीद है।
-संतोष कुमार, खंड विकास अधिकारी
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खंडेह निवासी जागेश्वर यादव (73) का सोमवार को निधन हो गया था। अंतिम संस्कार के लिए परिजन और ग्रामीण जब उनकी अर्थी लेकर निकले तो रास्ते में पानी और दलदल होने से उन्हें काफी परेशानी हुई। ग्रामीण अर्थी को कंधों पर उठाकर पानी और कीचड़ के बीच से ले जाने को मजबूर हुए। ग्रामीण विनोद तिवारी, दुर्वेश यादव, घनश्याम,अनुज कुमार दुबे ने बताया कि रामजानकी मंदिर के पास सुशील प्रजापति के दरवाजे से संतोष विश्वकर्मा के दरवाजे तक करीब 150 मीटर रास्ते पर लंबे समय से जलभराव की समस्या है। बारिश के दौरान स्थिति और गंभीर हो जाती है।
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निरीक्षण में सामने आई जलनिकासी की समस्या
बीडीओ ने निरीक्षण में पाया गया कि जलभराव वाले स्थान पर सीसी सड़क बनी हुई है। अधिकारियों के अनुसार मोहल्ले के लोगों नालियां नीची होने के कारण सड़क निर्माण के समय उसकी ऊंचाई अधिक नहीं बढ़ाई जा सकी। वहीं आगे की सड़क ऊंचाई पर बनी है जिससे बारिश का पानी धीरे-धीरे निकलता है और रास्ते में जलभराव बना रहता है।
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बरसात खत्म होने के बाद मौके पर नाली का निर्माण कराकर पानी की निकासी की व्यवस्था कराई जाएगी। इससे जलभराव की समस्या दूर होने की उम्मीद है।
-संतोष कुमार, खंड विकास अधिकारी