{"_id":"69cccbd03af5af65ec01b2a8","slug":"jhansi-this-time-the-municipal-corporation-collected-34-more-collection-2026-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jhansi: इस बार नगर निगम में 34 फीसदी ज्यादा वसूली, अंतिम दिन 2.80 करोड़ गृहकर जमा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jhansi: इस बार नगर निगम में 34 फीसदी ज्यादा वसूली, अंतिम दिन 2.80 करोड़ गृहकर जमा
अमर उजाला नेटवर्क
Published by: दीपक महाजन
Updated Wed, 01 Apr 2026 01:12 PM IST
विज्ञापन
सार
नगर निगम की ओर से वित्तीय वर्ष 2025-26 में 1,55,740 लोगों को गृहकर जमा करने के लिए बिल भेजे गए थे। इसके सापेक्ष 84360 लोगों ने गृहकर जमा किया है।
नगर निगम, झांसी
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
नगर निगम ने पिछले साल की तुलना में इस बार कर-करेत्तर की 34 फीसदी अधिक वसूली की है। वित्तीय वर्ष समाप्त होने के अंतिम दिन 2.79 करोड़ रुपये गृहकर जमा हुआ है। वर्षों से चले आ रहे गृहकर बकाया में से विद्युत विभाग ने भी 1.49 करोड़ का भुगतान कर दिया है।
इस वर्ष नगर निगम को कर-करेत्तर की वसूली का 68.32 करोड़ रुपये लक्ष्य मिला था। कर में 33.72 करोड़ और करेत्तर में 34.58 करोड़ रुपये वसूली की जानी थी। मुख्य कर निर्धारण अधिकारी अवधेश कुमार ने बताया कि मंगलवार को वित्तीय वर्ष खत्म होने के आखिरी दिन तक नगर निगम में 37.30 करोड़ रुपये कर की वसूली हुई है। जबकि पिछले साल 33.71 करोड़ रुपये गृहकर जमा हुआ था। इसके अलावा लगभग 53 करोड़ रुपये करेत्तर की वसूली हुई है। कर-करेत्तर में करीब 90 करोड़ रुपये जमा हुए हैं। जबकि पिछले साल कर-करेत्तर में 67 करोड़ रुपये की वसूली हुई थी। उन्होंने बताया कि अंतिम दिन नगर निगम और जोनल कार्यालयों के काउंटर पर 1137 लोगों ने 75.62 लाख गृहकर जमा किया है। इसके अलावा विद्युत विभाग ने 1.49 करोड़ और अन्य सरकारी विभागों ने 55.90 लाख रुपये गृहकर जमा किया है।
71 हजार नहीं जमा किया गृहकर, अब लगेगा 12 फीसदी ब्याज
नगर निगम की ओर से वित्तीय वर्ष 2025-26 में 1,55,740 लोगों को गृहकर जमा करने के लिए बिल भेजे गए थे। इसके सापेक्ष 84360 लोगों ने गृहकर जमा किया है। ऐसे में 71380 लोगों ने गृहकर जमा नहीं किया है। ऐसे में इनके बकाया गृहकर पर 12 फीसदी ब्याज भी लगेगा।
कई योजनाओं में मिलने वाले अनुदान की राशि भी बढ़ सकती
नगर निगम को सीएम ग्रिड, नगरोदय योजना, वित्त आयोग समेत अन्य योजनाओं में शासन की ओर से बजट मिलता है। पिछले साल भी कर-करेत्तर के लक्ष्य से अधिक वसूली करने पर नगर निगम को कई योजनाओं में बजट ज्यादा मिला था। इस बार भी लक्ष्य से कहीं ज्यादा वसूली होने से योजनाओं का बजट बढ़ने की उम्मीद है।
तीन महीने में 80 प्रतिष्ठान सील, ढाई करोड़ हुए जमा
गृहकर वसूली बढ़ाने के लिए इस बार नगर निगम ने लंबे समय से बकाया जमा न करने वालों को रडार पर लिया। महानगर में बीते तीन महीने में ही लगभग 80 प्रतिष्ठानों को सील कर दिया गया। बाद में इन सभी ने करीब ढाई करोड़ रुपये गृहकर जमा किया। मुख्य कर निर्धारण अधिकारी ने बताया कि सभी के गृहकर जमा करने पर प्रतिष्ठान की सील खोल दी गई।
Trending Videos
इस वर्ष नगर निगम को कर-करेत्तर की वसूली का 68.32 करोड़ रुपये लक्ष्य मिला था। कर में 33.72 करोड़ और करेत्तर में 34.58 करोड़ रुपये वसूली की जानी थी। मुख्य कर निर्धारण अधिकारी अवधेश कुमार ने बताया कि मंगलवार को वित्तीय वर्ष खत्म होने के आखिरी दिन तक नगर निगम में 37.30 करोड़ रुपये कर की वसूली हुई है। जबकि पिछले साल 33.71 करोड़ रुपये गृहकर जमा हुआ था। इसके अलावा लगभग 53 करोड़ रुपये करेत्तर की वसूली हुई है। कर-करेत्तर में करीब 90 करोड़ रुपये जमा हुए हैं। जबकि पिछले साल कर-करेत्तर में 67 करोड़ रुपये की वसूली हुई थी। उन्होंने बताया कि अंतिम दिन नगर निगम और जोनल कार्यालयों के काउंटर पर 1137 लोगों ने 75.62 लाख गृहकर जमा किया है। इसके अलावा विद्युत विभाग ने 1.49 करोड़ और अन्य सरकारी विभागों ने 55.90 लाख रुपये गृहकर जमा किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
71 हजार नहीं जमा किया गृहकर, अब लगेगा 12 फीसदी ब्याज
नगर निगम की ओर से वित्तीय वर्ष 2025-26 में 1,55,740 लोगों को गृहकर जमा करने के लिए बिल भेजे गए थे। इसके सापेक्ष 84360 लोगों ने गृहकर जमा किया है। ऐसे में 71380 लोगों ने गृहकर जमा नहीं किया है। ऐसे में इनके बकाया गृहकर पर 12 फीसदी ब्याज भी लगेगा।
कई योजनाओं में मिलने वाले अनुदान की राशि भी बढ़ सकती
नगर निगम को सीएम ग्रिड, नगरोदय योजना, वित्त आयोग समेत अन्य योजनाओं में शासन की ओर से बजट मिलता है। पिछले साल भी कर-करेत्तर के लक्ष्य से अधिक वसूली करने पर नगर निगम को कई योजनाओं में बजट ज्यादा मिला था। इस बार भी लक्ष्य से कहीं ज्यादा वसूली होने से योजनाओं का बजट बढ़ने की उम्मीद है।
तीन महीने में 80 प्रतिष्ठान सील, ढाई करोड़ हुए जमा
गृहकर वसूली बढ़ाने के लिए इस बार नगर निगम ने लंबे समय से बकाया जमा न करने वालों को रडार पर लिया। महानगर में बीते तीन महीने में ही लगभग 80 प्रतिष्ठानों को सील कर दिया गया। बाद में इन सभी ने करीब ढाई करोड़ रुपये गृहकर जमा किया। मुख्य कर निर्धारण अधिकारी ने बताया कि सभी के गृहकर जमा करने पर प्रतिष्ठान की सील खोल दी गई।