फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   PNB Krishi card used to withdraw money from 44 bank accounts

Jhansi News: 44 बैंक खाते से पैसा निकालने में इस्तेमाल हुआ पीएनबी कृषि कार्ड

Mon, 10 Aug 2026 02:22 AM IST
झांसी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी Updated Mon, 10 Aug 2026 02:22 AM IST
विज्ञापन
PNB Krishi card used to withdraw money from 44 bank accounts
झांसी। साइबर जालसाजी के मुख्य आरोपी लाल सिंह यादव उर्फ लक्ष्मण, राजू, नीतीश, धीरेंद्र यादव, शिवम उर्फ सत्यम के पास सबसे अधिक बैंक खाते एवं डेबिड कार्ड पुलिस ने बरामद किए। शिवम से बरामद हुए पीएनबी कृषि कार्ड पर अलग-अलग राज्यों से कुल 44 शिकायतें दर्ज मिलीं। यह सभी शिकायतें समन्वय पोर्टल के जरिये की गई थीं। यहां के 44 बैंक खातों से इस कार्ड के सहारे पैसा निकाला गया। लाल सिंह, राजू, नीतीश के पास से भी डेबिड कार्ड बरामद हुए। इनके सभी के खिलाफ समन्वय पोर्टल पर 50 से अधिक शिकायतें पाई गईं। यह शिकायतें खास तौर से दिल्ली समेत आसपास के राज्यों से दर्ज कराई गई थीं। समन्वय पोर्टल पर कटेरा थाना क्षेत्र में सक्रिय बैंक खातों की सबसे अधिक शिकायतें होने की वजह से पुलिस ने इनकी निगरानी बढ़ाई थी।
विज्ञापन



ठगी के सात तरीके अपनाते थे कटेरा के साइबर ठग
कटेरा थाना क्षेत्र के काडौर, खौरियाना और मौरियाना गांवों में साइबर ठगी के नेटवर्क का भंडाफोड़ होने के बाद कई नई चीजें भी सामने आई हैं। एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति के मुताबिक पूछताछ में मालूम चला कि यह नेटवर्क सिर्फ एक तरीके से लोगों को नहीं फंसाता था बल्कि गिरोह के सदस्य शेयर मार्केट में निवेश कराने के बहाने, इंश्योरेंस, ओटीटी खरीदारी, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म, गेमिंग फ्रॉड, नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी, पुलिस अधिकारी बनकर डराने जैसे सात अलग-अलग तरीकों का इस्तेमाल करते थे। गिरोह के सदस्य संगठित तरीके से काम करके आम लोगों को जाल में फंसा कर रकम उगाही करते थे। गिरोह के सदस्य अलग-अलग पहचान और बहाने बनाकर लोगों से संपर्क करते थे। निवेश के नाम पर रकम लगाने, इंश्योरेंस संबंधी फायदा दिलाने, ऑनलाइन खरीदारी या ओटीटी प्लेटफॉर्म के नाम पर भुगतान कराने और नौकरी दिलाने का झांसा देकर रकम
विज्ञापन

हासिल की जाती थी। सबसे गंभीर तरीका पुलिस अधिकारी बनकर लोगों को डराना था। पुलिस के मुताबिक
आरोपियों द्वारा पुलिस की पहचान बताकर लोगों को मुकदमे में फंसाने या कार्रवाई का भय दिखाकर रकम लेने की बात सामने आई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed