Kanpur Kidney Scandal: डॉक्टर दंपती की दलीलें फेल, कोर्ट ने खारिज की जमानत अर्जी, चालक शिवम को भी राहत नहीं
Kanpur News: किडनी कांड में जिला जज अनमोल पाल ने मुख्य आरोपी डॉ. सुरजीत सिंह आहूजा, उनकी पत्नी प्रीति आहूजा और चालक शिवम की जमानत अर्जी खारिज कर दी है। डीजीसी दिलीप अवस्थी ने इसे एक संगठित गिरोह का गंभीर अपराध साबित किया।
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कानपुर किडनी कांड के मुख्य आरोपी आहूजा हॉस्पिटल के मालिक डॉ. सुरजीत सिंह आहूजा और उनकी पत्नी प्रीति आहूजा समेत तीन की जमानत अर्जी जिला जज अनमोल पाल ने खारिज कर दी है। जमानत अर्जी पर सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष की ओर से तर्क रखा गया था कि उन्हें झूठा फंसाया गया है।
किडनी ट्रांसप्लांट में उनकी कोई भूमिका नहीं है, जबकि डीजीसी दिलीप अवस्थी ने तर्क रखा कि किडनी ट्रांसप्लांट के इस मामले में सभी की अपनी-अपनी भूमिका थी। कोई किडनी लेने वाले को ढूंढता था कोई किडनी देने वाले की तलाश करता था। कोई कागजात तैयार करता था, तो कोई ऑपरेशन करता था या उसमें सहयोग करता था।
गंभीर अपराध मानकर खारिज कर दी अर्जी
ऑपरेशन के बाद मरीज को अलग-अलग दूसरे अस्पताल में भेज दिया जाता था। यह सारा काम एक गिरोह द्वारा किया जाता था और डॉक्टर सुजीत और डॉक्टर प्रीति दोनों ही इस गिरोह में और अपराध में शामिल थे। वहीं, एंबुलेंस चालक शिवम अग्रवाल ने भी झूठा फंसाए जाने की बात कही। सभी पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने गंभीर अपराध मानकर अर्जी खारिज कर दी।