{"_id":"697fab3c59e596c7480f5a19","slug":"kasganj-news-vipul-arm-wresling-kasganj-news-c-175-1-sagr1032-142909-2026-02-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kasganj News: आर्म रेसलिंग में विपुल को कांस्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kasganj News: आर्म रेसलिंग में विपुल को कांस्य
विज्ञापन
फोटो46आर्म रेसलिंग प्रतियोगिता में कांस्य पदक विजेता खिलाड़ी विपुल पुंढ़ीर प्रशस्तिपत्र के
विज्ञापन
मोहनपुरा। समीपवर्ती गांव बेरी हरनामपुर के निवासी विपुल पुंढीर उर्फ मयंक पुंढीर ने प्रदेश स्तर की आर्म रेसलिंग प्रतियोगिता में कांस्य पदक जीतकर जनपद का नाम रोशन किया है। शनिवार को गाजियाबाद के एचआरआईटी यूनिवर्सिटी में आयोजित राज्य प्रतियोगिता में अंडर 18 और अंडर 65 किलो भार वर्ग में विपुल ने अपने प्रतिद्वंदी को पराजित कर पदक प्राप्त किया।
विपुल सेठ एमआर जयपुरिया विद्यालय में कक्षा 11 का छात्र है। पदक जीतने के बाद छात्र ने खुशी जताते हुए कहा यह मेरे लिए सपनों की तरह है। जनपद स्तर की जीत के बाद राज्य स्तर पर कांस्य पदक पाकर गर्व महसूस हो रहा है। मेरा अगला लक्ष्य जून में राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक जीतना है।
पिता अमरजीत पुंढीर जो स्वयं किसान हैं, ने बेटे की सफलता पर आंखों में चमक लिए कहा, हमारी मेहनत और उसकी लगन रंग लाई। अब हम उम्मीद करते हैं कि वह राष्ट्रीय स्तर पर भी जिले का नाम रोशन करेगा।
स्थानीय लोग और सहपाठी भी मयंक की उपलब्धि पर गर्व महसूस कर रहे हैं। सेठ एम आर जयपुरिया विद्यालय के शिक्षक प्रवीण शर्मा ने बताया कि विपुल का समर्पण और अनुशासन बाकी छात्रों के लिए प्रेरणा है। उसने दिखाया कि मेहनत और लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता से बड़ी सफलता हासिल की जा सकती है। इस सफलता ने गांव और कस्बों में उत्साह का माहौल बना दिया है।
Trending Videos
विपुल सेठ एमआर जयपुरिया विद्यालय में कक्षा 11 का छात्र है। पदक जीतने के बाद छात्र ने खुशी जताते हुए कहा यह मेरे लिए सपनों की तरह है। जनपद स्तर की जीत के बाद राज्य स्तर पर कांस्य पदक पाकर गर्व महसूस हो रहा है। मेरा अगला लक्ष्य जून में राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक जीतना है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिता अमरजीत पुंढीर जो स्वयं किसान हैं, ने बेटे की सफलता पर आंखों में चमक लिए कहा, हमारी मेहनत और उसकी लगन रंग लाई। अब हम उम्मीद करते हैं कि वह राष्ट्रीय स्तर पर भी जिले का नाम रोशन करेगा।
स्थानीय लोग और सहपाठी भी मयंक की उपलब्धि पर गर्व महसूस कर रहे हैं। सेठ एम आर जयपुरिया विद्यालय के शिक्षक प्रवीण शर्मा ने बताया कि विपुल का समर्पण और अनुशासन बाकी छात्रों के लिए प्रेरणा है। उसने दिखाया कि मेहनत और लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता से बड़ी सफलता हासिल की जा सकती है। इस सफलता ने गांव और कस्बों में उत्साह का माहौल बना दिया है।
