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Lakhimpur Kheri: हर घर तिरंगा अभियान से ग्रामीण महिलाओं को मिला रोजगार, परिवार में भर रहीं खुशियों के रंग
Sun, 09 Aug 2026 04:03 PM IST
Mukesh Kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Published by: Mukesh Kumar
Updated Sun, 09 Aug 2026 04:03 PM IST
सार
लखीमपुर खीरी में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर चलाए जा रहे 'हर घर तिरंगा' अभियान से एक बार फिर ग्रामीण महिलाओं का रोजगार मिला है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले के प्रत्येक ब्लॉक क्षेत्र में तिरंगा निर्माण केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं पूरे उत्साह के साथ तिरंगा झंडा तैयार कर रही हैं।
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तिरंगा झंडे बनाती महिलाएं
- फोटो : संवाद
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विस्तार
लखीमपुर खीरी में 'हर घर तिरंगा' फहराने की मुहिम ग्रामीण महिलाओं के लिए रोजगार का जरिया भी बन गई है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले के प्रत्येक ब्लॉक क्षेत्र में तिरंगा निर्माण केंद्र स्थापित किए गए हैं। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ीं महिलाएं सिलाई मशीनों पर सुबह से शाम तक राष्ट्रध्वज तैयार कर रही हैं।
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जिले के 68 स्वयं सहायता समूहों की 204 महिलाएं तिरंगा निर्माण में जुटी हैं। प्रत्येक तैयार झंडे के बदले उन्हें 20 रुपये का भुगतान किया जाएगा। तैयार झंडे पंचायत विभाग को उपलब्ध कराए जाएंगे, जहां से हर घर तिरंगा अभियान के तहत गांव-गांव वितरित कर हर घर पर फहराए जाएंगे। उपायुक्त स्वत: रोजगार जितेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि ढाई लाख तिरंगे तैयार करने का लक्ष्य है। निर्धारित समय में लक्ष्य पूरा करने के लिए महिलाएं लगातार काम कर रही हैं।
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गांव में ही मिला काम
पिंकी गुप्ता ने कहा कि समूह से जुड़कर गांव में ही रोजगार मिला है। हमारे साथ गांव की 25 से अधिक महिलाएं भी जुड़ी हैं, जो समय-समय पर साथ देती हैं। ममता गुप्ता ने कहा कि अभी तक हम सिर्फ घर के चौका-बर्तन तक सीमित थे, लेकिन अब ऐसा नहीं है। अब हमको भी गांव में काम मिला है।
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सुमन ने बताया कि यह अभियान केवल राष्ट्रीय ध्वज फहराने तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है। साधना ने कहा कि तिरंगा निर्माण से मिलने वाली आय महिलाओं की आर्थिक स्थिति को मजबूत करेगी, वहीं लोगों में देशभक्ति और जनभागीदारी की भावना भी बढ़ेगी।