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Lalitpur News: उत्तर प्रदेश में जिले का नाम शामिल होने का कारण है गोविंद सागर बांध

Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sat, 24 Jan 2026 12:49 AM IST
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The reason for the inclusion of the district's name in Uttar Pradesh is the Govind Sagar Dam.
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- जनपद ने प्रदेश का नाम कई देशों में पहुंचाने का किया काम
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संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। 1950 में जब उत्तर प्रदेश का गठन हुआ तो ललितपुर को प्रदेश में शामिल किया गया। चारों ओर से मध्य प्रदेश से घिरा हुआ जिला गोविंद सागर बांध के कारण उत्तर प्रदेश में शामिल किया। क्योंकि इस बांध का नाम संयुक्त प्रांत के प्रधानमंत्री जो प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री बने थे, उनके नाम पर गोविंद सागर बांध का नाम रखा गया था।
जनपद प्रदेश के अंतिम छोर बसा हुआ है, भौगोलिक दृष्टि से यह चारों ओर घिरा होने के बाद प्रदेश का हिस्सा है। संयुक्त प्रांत के दौरान ललितपुर की सीमाएं काफी सिमटी हुई थी। हालांकि प्रांत बनते ही जनपद का दर्जा नहीं मिला। लंबे समय तक झांसी की एक तहसील के रूप में जिले की पहचान रही। 1974 के जिले में पहचान रखने वाला यह जनपद प्रदेश गठन के समय से ही चर्चा में रहा। इसका प्रमुख कारण यह रहा है कि ललितपुर को मध्यप्रदेश में शामिल करने की सिफारिश की जा रही थी। लेकिन प्रथम मुख्यमंत्री गोविंद बल्लभ पंत प्रदेश की इस सुंदरता के खोना नहीं चाहते थे। उनके नाम पर जिला मुख्यालय पर स्थित बांध को उन्होंने अपना लिया, जो वर्तमान में गोविंद सागर बांध के नाम से जाना जाता है। इसी नींव 1947 में रखी गई, जो 1952 में तैयार हुआ, जिसका उद्घाटन करने के लिए स्वयं मुख्यमंत्री ललितपुर में आए थे। इसके बाद तो कई उपलिब्धयां ललितपुर के नाम पर जुड़ी।
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जिला गठन होेते ही बांधों का जनपद कहलाने लगा ललितपुर
जिले ने प्रदेश में की पहचान बनाई है, भले ही इसे कई मायनों में अनदेखा किया गया है। लेकिन आज भी देश में सबसे ज्यादा बांध जनपद में हैं। इसमें गोविंद सागर बांध देश का तीसरे नंबर का ऑटोमेटिक साइफन वाला बांध, इसके साथ ही माताटीला, राजघाट, जामनी जैसे प्रमुख बांध जिले शान है। इसके अलावा रोहणी, लोअर रोहणी, सजनाम, शहजाद, कचनौंदा, भौंरट, जमराड, उटारी बांध जिले की सूची में शामिल हैं।
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बल्क ड्रग पार्क फार्मा के क्षेत्र में यूपी को देगा पहचान
जिले में बल्क ड्रग फार्मा पार्क की स्थापना तेजी से चल रही है। इसको दवा उत्पादन के साथ ही रिसर्च सेंटर के रूप में विकसित करने की तैयारी है। यह पार्क पूरे देश में ही नहीं बल्कि विदेशों में प्रदेश की पहचान दिलाएगा।
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हवाई अड्डा बनेगा विकास की पहचान
जिले में प्रस्तावित हवाई अड्डा जनपद को तो हवाई मार्ग से जोड़ेगा ही, बल्कि प्रदेश में माल ढोने वाले हवाई अड्डों में पूरे देश में अपनी पहचान बनाएगा। क्योंकि बल्क ड्रग पार्क में ड्राई पोर्ट प्रस्तावित है, जिसके माध्यम से दवाएं देश ही नहीं विदेश भी सीधे भेजी जाएंगी।
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जनपद की पहचान प्रदेश में ही नहीं, पूरे देश में है, बल्क ड्रग पार्क व हवाई अड्डा प्रारंभ होने के बाद यह जिला प्रदेश का नाम पूरी दुनिया में फैला देगा।
सत्यप्रकाश, जिलाधिकारी।
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