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बांके बिहारी मंदिर: दर्शन व्यवस्था को लेकर कमेटी और सेवायतों के बीच विवाद, अब जारी हुए ये निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 20 Feb 2026 01:40 PM IST
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सार
वृंदावन के श्री बांकेबिहारी मंदिर में दर्शन व्यवस्था को लेकर हुए हंगामे के बाद कमेटी ने आपात बैठक कर सख्त रुख अपनाया। दो गोस्वामियों को चेतावनी दी गई और भविष्य में विवाद होने पर कानूनी कार्रवाई की बात कही गई है।
श्री बांकेबिहारी मंदिर में सीओ सदर पीपी सिंह से बात करते सेवायत रजत गोस्वामी।
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विस्तार
श्री बांकेबिहारी मंदिर में बुधवार को हुए हंगामे के बाद अब कमेटी ने सख्त रुख अख्तियार किया है। कमेटी ने जहां दो गोस्वामियों को चेतावनी दी है, वहीं भविष्य में किसी प्रकार का हंगामा करने पर कानूनी कार्रवाई करने तक की बात कही हे।
बृहस्पतिवार को हुई कमेटी की आपात बैठक में इस मुददे पर प्रस्ताव पास किया गया। साथ ही गोस्वामियों से भी स्पष्ट कहा गया कि कमेटी का किसी पर दबाव नहीं है। सेवाधिकारी अपने हिसाब से पूजा करें और ठाकुरजी को विराजमान करें। कमेटी केवल सुगम दर्शन कराना चाहती है। विदित हो कि बुधवार को ठाकुरजी को सुबह जगमोहन में विराजमान किया गया। कमेटी के सदस्य सेवायत श्रीवर्धन गोस्वामी की सेवा में जगमोहन में ठाकुर जी ने श्रद्धालुओं को दर्शन दिए लेकिन शाम के दर्शन खुलने से पहले गर्भगृह में ताला लगा देने से हंगामा हो गया था।
कई सेवायतों ने मंदिर पहुंचकर विरोध किया। कमेटी के अध्यक्ष अशोक कुमार और सदस्य मुकेश मिश्रा ने मंदिर पहुंचकर सेवायतों से बात की लेकिन वह शाम को गर्भगृह से दर्शन कराने पर अडे़ रहे। वह कमेटी से जगमोहन में दर्शन कराने के लिए लिखित में आदेश मांग रहे थे लेकिन इस पर कमेटी के अध्यक्ष अशोक कुमार ने स्पष्ट किया कि वह सेवायतों से अनुरोध कर रहे हैं, आदेश नहीं दे रहे। इस मामले में बृहस्पतिवार को हुई आपात बैठक में सदस्य मुकेश मिश्रा ने स्पष्ट किया कि कमेटी का दर्शन व्यवस्था को लेकर कोई दवाब नहीं है।
मीडिया पर लगाई रोक
अध्यक्ष अशोक कुमार ने बताया कि मंदिर के अंदर किसी प्रकार की मीडिया बाइट लेने और वीडियो बनाने पर आगामी आदेश तक रोक लगा दी गई है। प्रांगण के बाहर मीडियाकर्मी अपना कार्य कर सकते हैं। दर्शन पूजा पर किसी प्रकार से रोक नहीं है।
दो गोस्वामियों को मीटिंग से बाहर निकाला
आपात बैठक के दौरान कमेटी के सदस्य के अतिरिक्त दो गोस्वामी पहुंच गए। कमेटी के पदाधिकारियों ने उन्हें मीटिंग से बाहर जाने को कह दिया। उनसे साफ शब्दों में कह दिया गया कि आप लोगों में मीटिंग में आने के लिए अधिकृत नहीं हैं।
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बृहस्पतिवार को हुई कमेटी की आपात बैठक में इस मुददे पर प्रस्ताव पास किया गया। साथ ही गोस्वामियों से भी स्पष्ट कहा गया कि कमेटी का किसी पर दबाव नहीं है। सेवाधिकारी अपने हिसाब से पूजा करें और ठाकुरजी को विराजमान करें। कमेटी केवल सुगम दर्शन कराना चाहती है। विदित हो कि बुधवार को ठाकुरजी को सुबह जगमोहन में विराजमान किया गया। कमेटी के सदस्य सेवायत श्रीवर्धन गोस्वामी की सेवा में जगमोहन में ठाकुर जी ने श्रद्धालुओं को दर्शन दिए लेकिन शाम के दर्शन खुलने से पहले गर्भगृह में ताला लगा देने से हंगामा हो गया था।
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कई सेवायतों ने मंदिर पहुंचकर विरोध किया। कमेटी के अध्यक्ष अशोक कुमार और सदस्य मुकेश मिश्रा ने मंदिर पहुंचकर सेवायतों से बात की लेकिन वह शाम को गर्भगृह से दर्शन कराने पर अडे़ रहे। वह कमेटी से जगमोहन में दर्शन कराने के लिए लिखित में आदेश मांग रहे थे लेकिन इस पर कमेटी के अध्यक्ष अशोक कुमार ने स्पष्ट किया कि वह सेवायतों से अनुरोध कर रहे हैं, आदेश नहीं दे रहे। इस मामले में बृहस्पतिवार को हुई आपात बैठक में सदस्य मुकेश मिश्रा ने स्पष्ट किया कि कमेटी का दर्शन व्यवस्था को लेकर कोई दवाब नहीं है।
मीडिया पर लगाई रोक
अध्यक्ष अशोक कुमार ने बताया कि मंदिर के अंदर किसी प्रकार की मीडिया बाइट लेने और वीडियो बनाने पर आगामी आदेश तक रोक लगा दी गई है। प्रांगण के बाहर मीडियाकर्मी अपना कार्य कर सकते हैं। दर्शन पूजा पर किसी प्रकार से रोक नहीं है।
दो गोस्वामियों को मीटिंग से बाहर निकाला
आपात बैठक के दौरान कमेटी के सदस्य के अतिरिक्त दो गोस्वामी पहुंच गए। कमेटी के पदाधिकारियों ने उन्हें मीटिंग से बाहर जाने को कह दिया। उनसे साफ शब्दों में कह दिया गया कि आप लोगों में मीटिंग में आने के लिए अधिकृत नहीं हैं।