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नागर बने 'नवाब': विस चुनाव से पहले भाजपा ने पश्चिम में खेला गुर्जर कार्ड, बेनीवाल के जरिये जाटों को भी साधा
कुलदीप त्यागी, मेरठ
Published by: Mohd Mustakim
Updated Fri, 26 Jun 2026 02:51 AM IST
सार
Meerut News: भाजपा ने पूर्व मंत्री व गुर्जर नेता नवाब सिंह नागर को पश्चिम क्षेत्र का अध्यक्ष बनाया है। वहीं, जाट समाज से मोहित बेनीवाल, राजपूत बिरादरी से सुरेश राणा एवं सैनी समाज से सतपाल सैनी को प्रदेश उपाध्यक्ष बनाकर समीकरण साधने की कोशिश की है।
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नवाब सिंह नागर, मोहित बेनीवाल और भूपेंद्र चौधरी।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
भाजपा ने प्रदेश कार्यकारिणी, क्षेत्रीय अध्यक्ष के साथ ही विभिन्न मोर्चों के अध्यक्ष बनाने में जातीय समीकरणों को बखूबी साधा है। सपा ने 2024 के जिस पीडीए फार्मूले के बल पर लोकसभा चुनाव में भाजपा को झटका दिया था। उसी पर भाजपा ने नई कार्यकारिणी में सियासी समीकरणों को साधा है। पूर्व मंत्री व गुर्जर नेता नवाब सिंह नागर को पश्चिम क्षेत्र का अध्यक्ष बनाया है।
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पिछड़ा वर्ग को साधने के लिए कुर्मी बिरादरी के पंकज चौधरी को पहले ही प्रदेश अध्यक्ष बना दिया। अब पश्चिम क्षेत्र में विपक्ष को मात देने के लिए क्षेत्रीय अध्यक्ष पद पर गुर्जर पर दांव चला है। इसके साथ ही जाट वर्ग से मोहित बेनीवाल, राजपूत बिरादरी से सुरेश राणा एवं सैनी समाज से सतपाल सैनी को प्रदेश उपाध्यक्ष बनाकर पश्चिम में अन्य बिरादरियों को भी साधने की कोशिश की गई है।
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पश्चिम की राजनीति में जाट और गुर्जर जातियों की दखल मानी जाती रही है। पिछले दिनों भाजपा पर गुर्जर समाज की उपेक्षा का आरोप लगाकर समाजवादी पार्टी ने दादरी में गुर्जर भाईचारा सम्मेलन किया गया था। गुर्जर समाज से आने वाले सपा प्रवक्ता राजकुमार भाटी लगातार अपने बयानों से चर्चा में बने रहे हैं। दादरी में उमड़ी भीड़ के बाद यह कयास लगने शुरू हो गए थे कि गुर्जर समाज को भाजपा में अहम पद मिल सकते हैं।
पहले मंत्रिमंडल विस्तार में डॉ. सोमेंद्र तोमर को पदोन्नति देकर स्वतंत्र प्रभार का राज्यमंत्री बनाया गया। अब पूर्व मंत्री व दिग्गज गुर्जर नेता नवाब सिंह नागर को पश्चिम क्षेत्र का अध्यक्ष बनाकर सपा की गुर्जर रणनीति को जवाब देने की कोशिश की गई है। गौतमबुद्धनगर के रहने वाले नवाब सिंह नागर लंबे समय से संघ और भाजपा से जुड़े रहे हैं। प्रदेश में मंत्री भी रह चुके हैं। हालांकि, मूलरूप से उनका परिवार मेरठ के परीक्षितगढ़ के छुछाई गांव का है।
लंबे समय से उपेक्षित देवेंद्र सिंह पर खेला दांव
जाट समाज को साधने के लिए भाजपा का इस समय रालोद से गठबंधन है। भूपेंद्र चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने के बाद जाट समाज को साधने का भाजपा पर दबाव था। भूपेंद्र सिंह को प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बनाकर समीकरण साधे गए। अब भाजपा ने पार्टी संगठन में लंबे समय से उपेक्षित चल रहे देवेंद्र सिंह चौधरी को किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष का दायित्व सौंपा है। एमएलसी मोहित बेनीवाल को भी दोबारा प्रदेश उपाध्यक्ष बनाकर जाट समाज को उसकी अहमियत बताई है। देवेंद्र सिंह चौधरी व मोहित बेनीवाल के सहारे भाजपा ने जाट समाज को साधने का प्रयास किया है।
जाट समाज को साधने के लिए भाजपा का इस समय रालोद से गठबंधन है। भूपेंद्र चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने के बाद जाट समाज को साधने का भाजपा पर दबाव था। भूपेंद्र सिंह को प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बनाकर समीकरण साधे गए। अब भाजपा ने पार्टी संगठन में लंबे समय से उपेक्षित चल रहे देवेंद्र सिंह चौधरी को किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष का दायित्व सौंपा है। एमएलसी मोहित बेनीवाल को भी दोबारा प्रदेश उपाध्यक्ष बनाकर जाट समाज को उसकी अहमियत बताई है। देवेंद्र सिंह चौधरी व मोहित बेनीवाल के सहारे भाजपा ने जाट समाज को साधने का प्रयास किया है।
राजनाथ सिंह व सुरेंद्र नागर मुहिम में हुए सफल
पहले से ही भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष पद पर जाट या गुर्जर समाज के नेता पर ही दांव खेलने की बात साफ हो गई थी। जाट समाज के एमएलसी मोहित बेनीवाल पहले भी क्षेत्रीय अध्यक्ष रह चुके थे और फिर से दावेदार थे। रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, राष्ट्रीय मंत्री सुरेंद्र सिंह नागर और संघ परिवार की ओर से लगातार नवाब सिंह नागर को क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाने की पैरवी की जा रही थी। प्रदेश महामंत्री संगठन धर्मपाल की भी इस पर सहमति थी। इस कारण स्वच्छ छवि के नवाब सिंह नागर की क्षेत्रीय अध्यक्ष पद पर ताजपोशी हो गई।
पहले से ही भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष पद पर जाट या गुर्जर समाज के नेता पर ही दांव खेलने की बात साफ हो गई थी। जाट समाज के एमएलसी मोहित बेनीवाल पहले भी क्षेत्रीय अध्यक्ष रह चुके थे और फिर से दावेदार थे। रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, राष्ट्रीय मंत्री सुरेंद्र सिंह नागर और संघ परिवार की ओर से लगातार नवाब सिंह नागर को क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाने की पैरवी की जा रही थी। प्रदेश महामंत्री संगठन धर्मपाल की भी इस पर सहमति थी। इस कारण स्वच्छ छवि के नवाब सिंह नागर की क्षेत्रीय अध्यक्ष पद पर ताजपोशी हो गई।
रालोद पर भी बढ़ा दिया सियासी दबाव
भाजपा ने अपने जाट नेताओं को अहम जिम्मेदारी देकर अपने साझीदार रालोद पर भी सियासी दबाव बढ़ा दिया है। अभी तक माना जा रहा था कि रालोद के साथ होने के कारण शायद भाजपा द्वारा अब अपने जाट नेताओं की उपेक्षा की जाएगी, लेकिन भाजपा ने इन कयासों की हवा निकाल दी है। पहले संगठन चुनाव में पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. संजीव बालियान की खूब चली। बागपत, मुजफ्फरनगर, मेरठ आदि जिलों में उन्होंने अपनी पसंद के जिलाध्यक्ष बनवा गए। पार्टी ने प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने के बाद भूपेंद्र चौधरी को योगी कैबिनेट में शामिल कर लिया। एमएलसी मोहित बेनीवाल भी अहम पद पर काबिज हुए हैं। ऐसे ही देवेंद्र सिंह को किसान मोर्चा का प्रदेश का सिरमौर बनाकर रालोद की किसान राजनीति को भी जवाब दिया है।
भाजपा ने अपने जाट नेताओं को अहम जिम्मेदारी देकर अपने साझीदार रालोद पर भी सियासी दबाव बढ़ा दिया है। अभी तक माना जा रहा था कि रालोद के साथ होने के कारण शायद भाजपा द्वारा अब अपने जाट नेताओं की उपेक्षा की जाएगी, लेकिन भाजपा ने इन कयासों की हवा निकाल दी है। पहले संगठन चुनाव में पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. संजीव बालियान की खूब चली। बागपत, मुजफ्फरनगर, मेरठ आदि जिलों में उन्होंने अपनी पसंद के जिलाध्यक्ष बनवा गए। पार्टी ने प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने के बाद भूपेंद्र चौधरी को योगी कैबिनेट में शामिल कर लिया। एमएलसी मोहित बेनीवाल भी अहम पद पर काबिज हुए हैं। ऐसे ही देवेंद्र सिंह को किसान मोर्चा का प्रदेश का सिरमौर बनाकर रालोद की किसान राजनीति को भी जवाब दिया है।
त्यागी समाज को भी साधने का प्रयास
भाजपा ने राजनीतिक उपेक्षा झेल रहे अपने कैडर त्यागी समाज की नाराजगी दूर करने का प्रयास किया है। पश्चिमी यूपी में एक भी जिले में त्यागी समाज का जिलाध्यक्ष नहीं बनाने से समाज में नाराजगी थी। मेरठ से नरेश त्यागी एडवोकेट पहले जिलाध्यक्ष और फिर क्षेत्रीय अध्यक्ष की दावेदारी कर रहे थे। गाजियाबाद के बसंत त्यागी को फिर से प्रदेश टीम में मंत्री बनाकर नाराजगी दूर करने का प्रयास किया है। इसके बाद क्षेत्रीय कार्यकारिणी में भी अहम जैसे महामंत्री पद पर त्यागी समाज को समायोजित करने की चर्चा है।
भाजपा ने राजनीतिक उपेक्षा झेल रहे अपने कैडर त्यागी समाज की नाराजगी दूर करने का प्रयास किया है। पश्चिमी यूपी में एक भी जिले में त्यागी समाज का जिलाध्यक्ष नहीं बनाने से समाज में नाराजगी थी। मेरठ से नरेश त्यागी एडवोकेट पहले जिलाध्यक्ष और फिर क्षेत्रीय अध्यक्ष की दावेदारी कर रहे थे। गाजियाबाद के बसंत त्यागी को फिर से प्रदेश टीम में मंत्री बनाकर नाराजगी दूर करने का प्रयास किया है। इसके बाद क्षेत्रीय कार्यकारिणी में भी अहम जैसे महामंत्री पद पर त्यागी समाज को समायोजित करने की चर्चा है।
मुजफ्फरनगर दंगे का चेहरा रहे सुरेश राणा
भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी में प्रदेश उपाध्यक्ष बनाए गए पूर्व मंत्री सुरेश राणा 2013 में हुए मुजफ्फरनगर दंगे का चेहरे रहे हैं। उनके खिलाफ दंगा भड़काने का केस भी दर्ज हुआ और वो जेल भी गए। यहीं से वो भाजपा के फायर ब्रांड नेता बने। 2007 में पहली बार शामली के थानाभवन से भाजपा की ओर से चुनाव लड़ा, मगर हार गए। 2012 में थानाभवन से विधायक बने। इसके बाद 2017 के चुनाव में लगातार दूसरी बार विधायक बने और योगी आदित्यनाथ की सरकार में गन्ना मंत्री बने।
भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी में प्रदेश उपाध्यक्ष बनाए गए पूर्व मंत्री सुरेश राणा 2013 में हुए मुजफ्फरनगर दंगे का चेहरे रहे हैं। उनके खिलाफ दंगा भड़काने का केस भी दर्ज हुआ और वो जेल भी गए। यहीं से वो भाजपा के फायर ब्रांड नेता बने। 2007 में पहली बार शामली के थानाभवन से भाजपा की ओर से चुनाव लड़ा, मगर हार गए। 2012 में थानाभवन से विधायक बने। इसके बाद 2017 के चुनाव में लगातार दूसरी बार विधायक बने और योगी आदित्यनाथ की सरकार में गन्ना मंत्री बने।
कैबिनेट मंत्री बनने पर उन्होंने मुजफ्फरनगर दंगे के दौरान अपने खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा भी खत्म करा लिया था। 2022 के विधानसभा चुनाव में थानाभवन सीट से रालोद के अशरफ अली से हार गए थे। अब 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा ने उन्हें पश्चिम उत्तर प्रदेश में राजपूत चेहरे के तौर पर बड़ी जिम्मेदारी दी है।
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पार्टी की उम्मीदों पर खरा उतरूंगा: नवाब सिंह नागर
मैं राष्ट्रीय और प्रदेश आलाकमान का आभारी हूं कि उन्होंने मेरे प्रति अपना विश्वास व्यक्त किया और मुझे क्षेत्रीय अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी दी है। मैं पूरे मनोयोग और मेहनत से पार्टी की उम्मीदों पर खरा उतरने का प्रयास करूंगा। पार्टी को बेहतर से बेहतर परिणाम देने का प्रयास करूंगा। - नवाब सिंह नागर, नवनियुक्त क्षेत्रीय अध्यक्ष भाजपा।
मैं राष्ट्रीय और प्रदेश आलाकमान का आभारी हूं कि उन्होंने मेरे प्रति अपना विश्वास व्यक्त किया और मुझे क्षेत्रीय अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी दी है। मैं पूरे मनोयोग और मेहनत से पार्टी की उम्मीदों पर खरा उतरने का प्रयास करूंगा। पार्टी को बेहतर से बेहतर परिणाम देने का प्रयास करूंगा। - नवाब सिंह नागर, नवनियुक्त क्षेत्रीय अध्यक्ष भाजपा।