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Moradabad News: गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय शिक्षक संघ की बिछी चुनावी चौसर, बिजनौर से चलेगी पहली गोटी
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मुरादाबाद। मंडल के अशासकीय कॉलेजों के शिक्षकों को अपने प्रतिनिधित्व के लिए जिस बैनर का पिछले एक साल से इंतजार था, वह सितंबर माह के पहले सप्ताह में पूरा हो सकता है। गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के लिए फुफुक्टा (फेडरेशन ऑफ यूपी यूनिवर्सिटी एंड कॉलेज टीचर्स एसोसिएशन) ने हरी झंडी दे दी है। आयोजन की जिम्मेदारी बिजनौर को दी गई है। महामंत्री फुफुक्टा का कहना है कि अगले एक सप्ताह में रूपरेखा जारी कर दी जाएगी। चुनाव सितंबर के पहले सप्ताह में हो सकता है।
गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय का दूसरा शैक्षिक सत्र शुरु हो चुका है। शिक्षक पिछले एक वर्ष से विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के गठन की योजना बना रहे थे। इसके लिए फुफुक्टा से अनुमति मांगी गई। फुफुक्टा ने सभी कॉलेज इकाईयों से चुनाव करवाने के लिए स्थान के प्रस्ताव मांगे थे। इस पर प्रदेश संगठन के पास चार प्रस्ताव गए। इसमें मुरादाबाद से हिंदू कॉलेज, केजीके कॉलेज, डीएसएम कॉलेज कांठ ने दिया, जबकि बिजनौर से वर्धमान कॉलेज ने दिया। 26 जुलाई को मेरठ कॉलेज मेरठ में फुफुक्टा कार्यकारिणी की बैठक हुई। इसमें चारों प्रस्ताव रखे गए। बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि चुनाव रोटेशन से हर जिले में आयोजित किया जाएगा। पहला चुनाव करवाने की जिम्मेदारी बिजनौर को मिली। पदाधिकारियों का कहना है कि अगली बार शेष जनपद से प्रस्ताव आएंगे तो वहां पर चुनाव कराए जाएंगे। इसमें बिजनौर को शामिल नहीं किया जाएगा।
कांवड़ यात्रा की वजह से अगस्त में नहीं होगा चुनाव
इस चुनाव में मुरादाबाद मंडल के 17 अशासकीय कॉलेजों के कोषागार से वेतन प्राप्त करने वाले और संगठन का शुल्क जमा करने वाले लगभग पांच सौ शिक्षक अपने मत का प्रयोग करेंगे। फुफुक्टा के निर्णय के बाद से कॉलेजों में चुनाव की सरगर्मियां तेज हो गई हैं। शिक्षकों ने विभिन्न पदों के लिए अपनी दावेदारी पेश करना शुरु कर दिया है। किस कॉलेज से कौन शिक्षक किस पद के लिए उपयुक्त रहेगा, इस पर भी आपस में मंथन किया जा रहा है। संगठन का कहना है कि आगामी सप्ताह में चुनाव की समय सारिणी जारी कर दी जाएगी। जिसमें नामांकन, नामांकन पत्रों की जांच, नाम वापसी से लेकर चुनाव की तारीख घोषित की जाएगी। हालांकि सावन माह में कांवड़ यात्रा रहने की वजह से संगठन ने अगस्त में चुनाव न करवाने का निर्णय लिया है।
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हर जनपद से बनाए जाएंगे चुनाव अधिकारी
फुफुक्टा ने शिक्षक संघ को पूरी तरह से पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए चुनाव अधिकारियों के चयन की रणनीति भी बनाई है। महामंत्री प्रो. प्रदीप कुमार सिंह का कहना है कि गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के अंतर्गत आने वाले सभी जनपदों से शिक्षकों को शामिल किया जाएगा। बड़े जनपद से दो शिक्षक व अन्य जनपद से एक-एक शिक्षक को चुनाव अधिकारी के रूप नियुक्त करेंगे। इसके अलावा प्रदेश संगठन से एक प्रतिनिधि भी निगरानी के लिए चुनाव के दौरान मौजूद रहेंगे।
वर्जन...
बिजनौर में चुनाव करवाने का निर्णय किसी अकेले का नहीं है, बल्कि प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों के अध्यक्ष व मंत्री थे। इनको मिलाकर हमारी कार्यकारणी में करीब 50 सदस्य हैं। उन सभी का यह सर्वसम्मति से लिया गया निर्णय है। गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के प्रशासन को पदाधिकारी निर्वाचित होने के बाद सूचना दी जाएगी कि यह हमारी अनुसांगिक इकाई गठित हुई है। इसके अलावा संगठन को चिटफंड से पंजीकृत भी कराएंगे। प्रदेश संगठन के माध्यम से इस संगठन को वैधानिक जामा दिया जाएगा। इस चुनाव में रूटा को भी शामिल किया जाएगा। सितंबर के पहले सप्ताह में चुनाव या बहुत खींचा तो दूसरे सप्ताह में हर हाल में चुनाव करवा देंगे। दोनों संगठनों की देखरेख में गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय का चुनाव निष्पक्ष व पारदर्शी होगा। इससे एक मजबूत और सशक्त संगठन का निर्माण होगा।
प्रो. प्रदीप कुमार सिंह, महामंत्री फुफुक्टा
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गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय का दूसरा शैक्षिक सत्र शुरु हो चुका है। शिक्षक पिछले एक वर्ष से विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के गठन की योजना बना रहे थे। इसके लिए फुफुक्टा से अनुमति मांगी गई। फुफुक्टा ने सभी कॉलेज इकाईयों से चुनाव करवाने के लिए स्थान के प्रस्ताव मांगे थे। इस पर प्रदेश संगठन के पास चार प्रस्ताव गए। इसमें मुरादाबाद से हिंदू कॉलेज, केजीके कॉलेज, डीएसएम कॉलेज कांठ ने दिया, जबकि बिजनौर से वर्धमान कॉलेज ने दिया। 26 जुलाई को मेरठ कॉलेज मेरठ में फुफुक्टा कार्यकारिणी की बैठक हुई। इसमें चारों प्रस्ताव रखे गए। बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि चुनाव रोटेशन से हर जिले में आयोजित किया जाएगा। पहला चुनाव करवाने की जिम्मेदारी बिजनौर को मिली। पदाधिकारियों का कहना है कि अगली बार शेष जनपद से प्रस्ताव आएंगे तो वहां पर चुनाव कराए जाएंगे। इसमें बिजनौर को शामिल नहीं किया जाएगा।
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कांवड़ यात्रा की वजह से अगस्त में नहीं होगा चुनाव
इस चुनाव में मुरादाबाद मंडल के 17 अशासकीय कॉलेजों के कोषागार से वेतन प्राप्त करने वाले और संगठन का शुल्क जमा करने वाले लगभग पांच सौ शिक्षक अपने मत का प्रयोग करेंगे। फुफुक्टा के निर्णय के बाद से कॉलेजों में चुनाव की सरगर्मियां तेज हो गई हैं। शिक्षकों ने विभिन्न पदों के लिए अपनी दावेदारी पेश करना शुरु कर दिया है। किस कॉलेज से कौन शिक्षक किस पद के लिए उपयुक्त रहेगा, इस पर भी आपस में मंथन किया जा रहा है। संगठन का कहना है कि आगामी सप्ताह में चुनाव की समय सारिणी जारी कर दी जाएगी। जिसमें नामांकन, नामांकन पत्रों की जांच, नाम वापसी से लेकर चुनाव की तारीख घोषित की जाएगी। हालांकि सावन माह में कांवड़ यात्रा रहने की वजह से संगठन ने अगस्त में चुनाव न करवाने का निर्णय लिया है।
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हर जनपद से बनाए जाएंगे चुनाव अधिकारी
फुफुक्टा ने शिक्षक संघ को पूरी तरह से पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए चुनाव अधिकारियों के चयन की रणनीति भी बनाई है। महामंत्री प्रो. प्रदीप कुमार सिंह का कहना है कि गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के अंतर्गत आने वाले सभी जनपदों से शिक्षकों को शामिल किया जाएगा। बड़े जनपद से दो शिक्षक व अन्य जनपद से एक-एक शिक्षक को चुनाव अधिकारी के रूप नियुक्त करेंगे। इसके अलावा प्रदेश संगठन से एक प्रतिनिधि भी निगरानी के लिए चुनाव के दौरान मौजूद रहेंगे।
वर्जन...
बिजनौर में चुनाव करवाने का निर्णय किसी अकेले का नहीं है, बल्कि प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों के अध्यक्ष व मंत्री थे। इनको मिलाकर हमारी कार्यकारणी में करीब 50 सदस्य हैं। उन सभी का यह सर्वसम्मति से लिया गया निर्णय है। गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के प्रशासन को पदाधिकारी निर्वाचित होने के बाद सूचना दी जाएगी कि यह हमारी अनुसांगिक इकाई गठित हुई है। इसके अलावा संगठन को चिटफंड से पंजीकृत भी कराएंगे। प्रदेश संगठन के माध्यम से इस संगठन को वैधानिक जामा दिया जाएगा। इस चुनाव में रूटा को भी शामिल किया जाएगा। सितंबर के पहले सप्ताह में चुनाव या बहुत खींचा तो दूसरे सप्ताह में हर हाल में चुनाव करवा देंगे। दोनों संगठनों की देखरेख में गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय का चुनाव निष्पक्ष व पारदर्शी होगा। इससे एक मजबूत और सशक्त संगठन का निर्माण होगा।
प्रो. प्रदीप कुमार सिंह, महामंत्री फुफुक्टा