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Muzaffarnagar:129 दिन में 22 लोगों को फांसी की सजा, अब जज की सुरक्षा को खतरा, बिना अनुमति गनर हटाने का आरोप
Tue, 18 Aug 2026 05:06 AM IST
Digvijay Singh
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
Published by: Digvijay Singh
Updated Tue, 18 Aug 2026 05:06 AM IST
सार
पत्र में जज ने कहा है कि प्रतिसार निरीक्षक उदल सिंह ने उनकी सुरक्षा में तैनात गनर कांस्टेबल रविंद्र सिंह ठकुरैला को बिना किसी कारण और बिना उनकी अनुमति के हटा दिया।
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जज की सुरक्षा को खतरा
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
केवल 129 दिनों में 9 चर्चित मामलों में 22 लोगों को फांसी की सजा सुनाने वाले अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/फास्ट ट्रैक कोर्ट संख्या-3 के पीठासीन अधिकारी रवि कुमार दिवाकर ने अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर खतरा जताया है। उन्होंने पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर प्रतिसार निरीक्षक पर लापरवाही और मनमानी का आरोप लगाया है।
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पत्र में जज ने कहा है कि प्रतिसार निरीक्षक उदल सिंह ने उनकी सुरक्षा में तैनात गनर कांस्टेबल रविंद्र सिंह ठकुरैला को बिना किसी कारण और बिना उनकी अनुमति के हटा दिया।
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रवि कुमार दिवाकर ने लिखा कि आमतौर पर जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक या पुलिस महानिरीक्षक जैसे अधिकारियों के गनर को उनकी सहमति के बिना नहीं बदला जाता, लेकिन न्यायिक अधिकारियों के मामले में इस प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया गया। जज के अनुसार गनर हटाए जाने के बाद रविंद्र सिंह ने भी बिना सूचना दिए ड्यूटी छोड़ दी।
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