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Pratapgarh News: थमी शहनाई की गूंज, एक माह तक नहीं होंगे मांगलिक कार्य
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बलीपुर मां दुर्गा मंदिर पुजारी आलोक ऋृषिवंश।
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17 मई रविवार से शुरू हो रहे पुरुषोत्तम मास (खरमास) के कारण अब एक माह तक शादी-विवाह नहीं होंगे। शुक्रवार से 15 जून तक विवाह सहित सभी मांगलिक कार्य स्थगित रहेंगे।
आचार्य आलोक ऋृषिवंश के अनुसार, शुक्रवार को अश्विनी नक्षत्र होने के कारण विवाह का शुभ मुहूर्त नहीं है, जबकि 16 मई को अमावस्या तिथि के कारण शुभ लग्न नहीं है। 17 मई से खरमास या पुरुषोत्तम मास शुरू हो रहा है, जो 15 जून तक चलेगा। 21 जून से फिर से विवाह व मांगलिक कार्य शुरू होंगे।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, खरमास में विवाह व मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं। पंचांग के अनुसार ऐसा अवसर लगभग तीन साल बाद आता है। इस दौरान पूजा-अर्चना व अनुष्ठान का विशेष महत्व होता है।
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मंदिरों में श्रद्धालु भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर पूड़ी व हलवा का भोग लगाते हैं। सोमवार को भगवान शिव का जलाभिषेक शुभ माना जाता है। संवाद
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आचार्य आलोक ऋृषिवंश के अनुसार, शुक्रवार को अश्विनी नक्षत्र होने के कारण विवाह का शुभ मुहूर्त नहीं है, जबकि 16 मई को अमावस्या तिथि के कारण शुभ लग्न नहीं है। 17 मई से खरमास या पुरुषोत्तम मास शुरू हो रहा है, जो 15 जून तक चलेगा। 21 जून से फिर से विवाह व मांगलिक कार्य शुरू होंगे।
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धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, खरमास में विवाह व मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं। पंचांग के अनुसार ऐसा अवसर लगभग तीन साल बाद आता है। इस दौरान पूजा-अर्चना व अनुष्ठान का विशेष महत्व होता है।
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मंदिरों में श्रद्धालु भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर पूड़ी व हलवा का भोग लगाते हैं। सोमवार को भगवान शिव का जलाभिषेक शुभ माना जाता है। संवाद