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Sambhal News: क्षेत्रीय रेल प्रशिक्षण संस्थान के हॉस्टल अधीक्षक समेत तीन के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट
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चंदौसी। क्षेत्रीय रेलवे प्रशिक्षण के मुख्य वाणिज्य अनुदेशक ने कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर क्षेत्रीय रेल प्रशिक्षण संस्थान के हॉस्टल अधीक्षक आशुतोष राज, मीनू रानी निवासी गुरुग्राम व एक अज्ञात के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
उन्होंने बताया कि हॉस्टल अधीक्षक के पद पर कार्यरत आशुतोष राज के विरुद्ध निविदा प्रक्रियाओं में गंभीर अनियमितताओं को लेकर गठित जांच समिति द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट एवं संकलित साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के विरुद्ध गंभीर आपराधिक मामले प्रकाश में आए हैं। जांच के दौरान बैंक स्तर पर किए गए सत्यापन से अत्यंत गंभीर, संज्ञेय तथ्य और साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
फर्जी बैंक सर्टिफिकेट का उपयोग के मामले में फर्म के एक वित्तीय प्रमाणपत्र का सत्यापन कराया गया, तो बैंक प्रबंधन ने लिखित रूप में यह पुष्टि की है कि उक्त प्रमाणपत्र उनके बैंक द्वारा जारी नहीं किया गया है। वह कूटरचित है। टेंडर हथियाने के उद्देश्य से सरकारी प्रक्रिया में इस फर्जी प्रमाणपत्र का उपयोग किया गया। बैंक अधिकारियों ने पुष्टि की है कि आशुतोष राज स्वयं मीनू रानी नाम की महिला के साथ बैंक शाखा में आए थे और उन्होंने उस महिला को अपनी पत्नी के रूप में बैंक कर्मियों से परिचित कराया था, ताकि उक्त फर्जी दस्तावेजी प्रक्रियाओं और फर्म के खातों को संचालित किया जा सके।
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डिजिटल साक्ष्यों के अनुसार, निविदा आवेदन और निविदा जारी करने की प्रक्रिया उस कंप्यूटर से की गई, जो हॉस्टल अधीक्षक के उपयोग में था। टेंडर में प्रयुक्त फर्म के पंजीकृत पते पर संस्थान का ही एक निजी सुरक्षाकर्मी निवास करता पाया गया, जिसने फर्म से किसी भी संबंध से इन्कार किया। मीनू रानी से फोन पर बात की तो उन्होंने बताया कि आशुतोष राज ने फुसलाकर उनका आधार कार्ड एवं पैनकार्ड ले लिया।
था और ज्यादा पैसे कमाने का लालच दिया था और चंदौसी के एक बैंक में भी उन्हें ले कर गए थे। जिसकी पुष्टि बाद में बैंक द्वारा भी की जा चुकी है। जांच में दिए गए तथ्यों से यह स्पष्ट है कि हॉस्टल अधीक्षक आशुतोष राज ने न केवल विभागीय नियमों का उल्लंघन किया है, बल्कि बैंक के फर्जी और कूटरचित दस्तावेज तैयार कर, एक अजात महिला को अपनी पत्नी बताकर धोखाधड़ी की और सरकारी टेंडर में वित्तीय लाभ कमाने का आपराधिक कृत्य किया है। पुलिस ने दो नामजद समेत तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। कोतवाल संत कुमार ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
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उन्होंने बताया कि हॉस्टल अधीक्षक के पद पर कार्यरत आशुतोष राज के विरुद्ध निविदा प्रक्रियाओं में गंभीर अनियमितताओं को लेकर गठित जांच समिति द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट एवं संकलित साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के विरुद्ध गंभीर आपराधिक मामले प्रकाश में आए हैं। जांच के दौरान बैंक स्तर पर किए गए सत्यापन से अत्यंत गंभीर, संज्ञेय तथ्य और साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
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फर्जी बैंक सर्टिफिकेट का उपयोग के मामले में फर्म के एक वित्तीय प्रमाणपत्र का सत्यापन कराया गया, तो बैंक प्रबंधन ने लिखित रूप में यह पुष्टि की है कि उक्त प्रमाणपत्र उनके बैंक द्वारा जारी नहीं किया गया है। वह कूटरचित है। टेंडर हथियाने के उद्देश्य से सरकारी प्रक्रिया में इस फर्जी प्रमाणपत्र का उपयोग किया गया। बैंक अधिकारियों ने पुष्टि की है कि आशुतोष राज स्वयं मीनू रानी नाम की महिला के साथ बैंक शाखा में आए थे और उन्होंने उस महिला को अपनी पत्नी के रूप में बैंक कर्मियों से परिचित कराया था, ताकि उक्त फर्जी दस्तावेजी प्रक्रियाओं और फर्म के खातों को संचालित किया जा सके।
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डिजिटल साक्ष्यों के अनुसार, निविदा आवेदन और निविदा जारी करने की प्रक्रिया उस कंप्यूटर से की गई, जो हॉस्टल अधीक्षक के उपयोग में था। टेंडर में प्रयुक्त फर्म के पंजीकृत पते पर संस्थान का ही एक निजी सुरक्षाकर्मी निवास करता पाया गया, जिसने फर्म से किसी भी संबंध से इन्कार किया। मीनू रानी से फोन पर बात की तो उन्होंने बताया कि आशुतोष राज ने फुसलाकर उनका आधार कार्ड एवं पैनकार्ड ले लिया।
था और ज्यादा पैसे कमाने का लालच दिया था और चंदौसी के एक बैंक में भी उन्हें ले कर गए थे। जिसकी पुष्टि बाद में बैंक द्वारा भी की जा चुकी है। जांच में दिए गए तथ्यों से यह स्पष्ट है कि हॉस्टल अधीक्षक आशुतोष राज ने न केवल विभागीय नियमों का उल्लंघन किया है, बल्कि बैंक के फर्जी और कूटरचित दस्तावेज तैयार कर, एक अजात महिला को अपनी पत्नी बताकर धोखाधड़ी की और सरकारी टेंडर में वित्तीय लाभ कमाने का आपराधिक कृत्य किया है। पुलिस ने दो नामजद समेत तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। कोतवाल संत कुमार ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।