{"_id":"6a416b56f1a6b419be073e44","slug":"teachers-will-visit-the-homes-of-children-who-have-not-attended-school-for-two-days-khalilabad-news-c-209-1-kld1010-152950-2026-06-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: दो दिन तक स्कूल नहीं आने वाले बच्चों के पर घर पहुंचेंगे गुरुजी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: दो दिन तक स्कूल नहीं आने वाले बच्चों के पर घर पहुंचेंगे गुरुजी
Mon, 29 Jun 2026 12:13 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Mon, 29 Jun 2026 12:13 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
संतकबीरनगर। परिषदीय विद्यालयों में बच्चों की घटती उपस्थिति अब शिक्षा विभाग की नजर में है। स्कूल से लगातार दो दिन गायब रहने वाले बच्चों की खोज-खबर शिक्षक खुद लेंगे। तीसरे दिन गुरुजी बच्चे के घर पहुंचकर उसके स्कूल न आने की वजह जानेंगे और अभिभावकों से बात कर उसे नियमित विद्यालय भेजने के लिए प्रेरित करेंगे।
बेसिक शिक्षा विभाग ने बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है। सचिव बेसिक शिक्षा के निर्देश के बाद यह कवायद शुरू हो गई है। शिक्षक बच्चे की अनुपस्थिति का कारण जानने के बाद उसे प्रेरणा पोर्टल पर भी दर्ज करेंगे।
जिले में 1146 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं, जिनमें करीब 1.10 लाख बच्चे पंजीकृत हैं। इसके बावजूद कई स्कूलाें में बच्चों की उपस्थिति कम रहती है। वर्तमान में औसत उपस्थिति करीब 60 फीसदी से भी कम दिखाई दे रही है। विभाग का लक्ष्य इसे बढ़ाकर 80 फीसदी तक पहुंचाना है। विद्यालय पूरी क्षमता के साथ संचालित हो रहे हैं। प्रधानाध्यापक और शिक्षक रोजाना बच्चों की हाजिरी की निगरानी करेंगे। लगातार अनुपस्थित रहने वाले बच्चों की सूची तैयार कर उनसे संपर्क किया जाएगा। विभाग अब कम उपस्थिति वाले विद्यालयों पर भी नजर रखेगा। जुलाई के बाद ऐसे स्कूलों की सूची तैयार होगी और हर महीने समीक्षा की जाएगी। जिन विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति कम मिली, वहां प्रधानाध्यापकों की जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई की जा सकती है।
विज्ञापन
बीएसए अमित कुमार सिंह ने बताया कि बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। यदि कोई बच्चा दो दिन विद्यालय नहीं आता है तो शिक्षक उसके घर जाकर अभिभावकों से संपर्क करेंगे और स्कूल न आने का कारण जानकर उसे नियमित आने के लिए प्रेरित करेंगे।
बेसिक शिक्षा विभाग ने बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है। सचिव बेसिक शिक्षा के निर्देश के बाद यह कवायद शुरू हो गई है। शिक्षक बच्चे की अनुपस्थिति का कारण जानने के बाद उसे प्रेरणा पोर्टल पर भी दर्ज करेंगे।
विज्ञापन
जिले में 1146 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं, जिनमें करीब 1.10 लाख बच्चे पंजीकृत हैं। इसके बावजूद कई स्कूलाें में बच्चों की उपस्थिति कम रहती है। वर्तमान में औसत उपस्थिति करीब 60 फीसदी से भी कम दिखाई दे रही है। विभाग का लक्ष्य इसे बढ़ाकर 80 फीसदी तक पहुंचाना है। विद्यालय पूरी क्षमता के साथ संचालित हो रहे हैं। प्रधानाध्यापक और शिक्षक रोजाना बच्चों की हाजिरी की निगरानी करेंगे। लगातार अनुपस्थित रहने वाले बच्चों की सूची तैयार कर उनसे संपर्क किया जाएगा। विभाग अब कम उपस्थिति वाले विद्यालयों पर भी नजर रखेगा। जुलाई के बाद ऐसे स्कूलों की सूची तैयार होगी और हर महीने समीक्षा की जाएगी। जिन विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति कम मिली, वहां प्रधानाध्यापकों की जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई की जा सकती है।
विज्ञापन
बीएसए अमित कुमार सिंह ने बताया कि बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। यदि कोई बच्चा दो दिन विद्यालय नहीं आता है तो शिक्षक उसके घर जाकर अभिभावकों से संपर्क करेंगे और स्कूल न आने का कारण जानकर उसे नियमित आने के लिए प्रेरित करेंगे।