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Shamli News: कुख्यात विपुल उर्फ खूनी का भभीसा में हुआ अंतिम संस्कार
Mon, 27 Jul 2026 12:37 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Mon, 27 Jul 2026 12:37 AM IST
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गांव भभीसा में विपुल उर्फ खूनी के शव के अंतिम संस्कार के दौरान मौजूद लोग। संवाद
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कांधला (शामली)। एसटीएफ मेरठ और बागपत पुलिस के साथ शनिवार को मुठभेड़ में मारे गए 50 हजार रुपये के इनामी बदमाश विपुल उर्फ खूनी का शव पोस्टमार्टम के बाद पैतृक गांव भभीसा लाया गया। इसके बाद शव का अंतिम संस्कार किया गया।
बागपत के सिंघावली अहीर थानाक्षेत्र में शनिवार को हुई मुठभेड़ में 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश विपुल उर्फ खूनी मारा गया था। एसटीएफ ने मौके से दो पिस्टल, कारतूस और खोखे तथा अपाचे बरामद की थी। पुलिस रिकार्ड में विपुल पर हत्या, लूट, डकैती, रंगदारी, गैंगस्टर आदि के 38 मामले दर्ज थे। वह कांधला थाने पर गांव भभीसा निवासी अशोक की तरफ से इसी वर्ष अप्रैल माह में रंगदारी मांगने के दर्ज मामले में वांछित चल रहा था। 2014 में विपुल ने अशोक के भाई पवन की हत्या की थी। रंगदारी के मामले में वांछित होने के कारण उस पर डीआईजी सहारनपुर की तरफ से 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
रविवार शाम को पोस्टमार्टम के बाद विपुल का शव उसके पैतृक गांव भभीसा लाया गया। देर शाम गांव के श्मशान घाट पर उसका अंतिम संस्कार किया गया। उसके बड़े बेटे माही ने चिता को मुखाग्नि दी। इस दौरान मां राजेश देवी, पत्नी बबीता व अन्य परिजनों के अलावा ग्रामीण मौजूद रहे।
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बागपत के सिंघावली अहीर थानाक्षेत्र में शनिवार को हुई मुठभेड़ में 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश विपुल उर्फ खूनी मारा गया था। एसटीएफ ने मौके से दो पिस्टल, कारतूस और खोखे तथा अपाचे बरामद की थी। पुलिस रिकार्ड में विपुल पर हत्या, लूट, डकैती, रंगदारी, गैंगस्टर आदि के 38 मामले दर्ज थे। वह कांधला थाने पर गांव भभीसा निवासी अशोक की तरफ से इसी वर्ष अप्रैल माह में रंगदारी मांगने के दर्ज मामले में वांछित चल रहा था। 2014 में विपुल ने अशोक के भाई पवन की हत्या की थी। रंगदारी के मामले में वांछित होने के कारण उस पर डीआईजी सहारनपुर की तरफ से 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
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रविवार शाम को पोस्टमार्टम के बाद विपुल का शव उसके पैतृक गांव भभीसा लाया गया। देर शाम गांव के श्मशान घाट पर उसका अंतिम संस्कार किया गया। उसके बड़े बेटे माही ने चिता को मुखाग्नि दी। इस दौरान मां राजेश देवी, पत्नी बबीता व अन्य परिजनों के अलावा ग्रामीण मौजूद रहे।
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