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Siddharthnagar News: पांच साल में ही उखड़ गई 22 करोड़ से बनी सड़क
Thu, 15 Oct 2026 12:13 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Thu, 15 Oct 2026 12:13 AM IST
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चिल्हिया-गोराबाजार होते हुए बर्डपुर जाने वाली जर्जर पड़ी। संवाद
चिल्हिया। चिल्हिया से गौराबाजार होते हुए बर्डपुर जाने वाली करीब 11 किलोमीटर लंबी सड़क पांच साल में ही जर्जर हो गई है। करीब 22 करोड़ रुपये की लागत से चौड़ीकरण और उच्चीकरण के बाद भी सड़क जगह-जगह उखड़ गई है। गिट्टियां बिखरी हैं और बड़े-बड़े गड्ढों के कारण राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है।
एनएच-730 और एनएच-28 को जोड़ने वाले इस मार्ग से सीमावर्ती क्षेत्र के सैकड़ों गांवों की डेढ़ लाख से अधिक आबादी गुजरती है।
वर्ष 2021-22 में इस सड़क का चौड़ीकरण और उच्चीकरण कराया गया था। कुछ समय बाद ही सीतारामपुर, गौराबाजार, अलीदापुर, सिसहनिया, पिपरा और मस्जिदिया गांवों के पास सड़क टूटने लगी। अब स्थिति यह है कि जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं और सड़क की गिट्टियां उखड़कर बिखर गई हैं।
बारिश के दौरान गड्ढों में पानी भरने से आवागमन और मुश्किल हो जाता है।
धूल और गड्ढों से रोजाना जूझते हैं राहगीर : इस मार्ग पर कई स्कूल भी स्थित हैं। ऐसे में रोजाना आने-जाने वाले विद्यार्थियों को गड्ढों और उड़ती धूल से परेशानी होती है। बाइक सवारों को भी दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
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गर्भवतियों और बुजुर्गों को इस सड़क से गुजरने में विशेष दिक्कत होती है। बारिश के दौरान विभाग की ओर से जेएसबी डालकर गड्ढे भरे गए थे लेकिन अब फिर से सड़क की हालत खराब हो गई है। ग्रामीणों ने सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है।
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एनएच-730 और एनएच-28 को जोड़ने वाले इस मार्ग से सीमावर्ती क्षेत्र के सैकड़ों गांवों की डेढ़ लाख से अधिक आबादी गुजरती है।
वर्ष 2021-22 में इस सड़क का चौड़ीकरण और उच्चीकरण कराया गया था। कुछ समय बाद ही सीतारामपुर, गौराबाजार, अलीदापुर, सिसहनिया, पिपरा और मस्जिदिया गांवों के पास सड़क टूटने लगी। अब स्थिति यह है कि जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं और सड़क की गिट्टियां उखड़कर बिखर गई हैं।
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बारिश के दौरान गड्ढों में पानी भरने से आवागमन और मुश्किल हो जाता है।
धूल और गड्ढों से रोजाना जूझते हैं राहगीर : इस मार्ग पर कई स्कूल भी स्थित हैं। ऐसे में रोजाना आने-जाने वाले विद्यार्थियों को गड्ढों और उड़ती धूल से परेशानी होती है। बाइक सवारों को भी दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
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गर्भवतियों और बुजुर्गों को इस सड़क से गुजरने में विशेष दिक्कत होती है। बारिश के दौरान विभाग की ओर से जेएसबी डालकर गड्ढे भरे गए थे लेकिन अब फिर से सड़क की हालत खराब हो गई है। ग्रामीणों ने सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है।