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Sitapur News: मिशन स्कूल से कब्जा मुक्त कराई 100 करोड़ की भूमि
Sat, 11 Jul 2026 12:00 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Sat, 11 Jul 2026 12:00 AM IST
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मिशन स्कूल की बाउंड्रीवाल तोड़ती जेसीबी। संवाद
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सीतापुर। सिविल लाइंस स्थित मेथोडिस्ट मिशन गर्ल्स जूनियर हाईस्कूल की 3.562 हेक्टेयर (43 बीघे) नजूल भूमि शुक्रवार को जिला प्रशासन ने अपने कब्जे में ले ली। डीएम कोर्ट के आदेश पर एसडीएम सदर डॉ. जनार्दन की अगुवाई में टीम ने आठ बुलडोजरों से स्कूल की बाउंड्रीवाल ढहा दी।
जमीन पर जिला प्रशासन का बोर्ड लगा दिया गया है। इस जमीन की कीमत करीब 100 करोड़ रुपये बताई जा रही है। अब इस पर वेंडिंग जोन बनाने की तैयारी है।
जिलाधिकारी न्यायालय ने 24 जून को नजूल भूमि के दुरुपयोग और शर्तों के उल्लंघन मामले में फैसला सुनाया था। कोर्ट के अनुसार वर्ष 1906 में यह भूमि मिशन बंगला स्थापित करने के उद्देश्य से मिशनरी को दी गई थी। निर्धारित शर्तों के अनुरूप उपयोग न होने और अन्य कारणों के चलते इसका अनुदान (पट्टा) निरस्त कर दिया गया। प्रशासन ने इसे नजूल भूमि मानते हुए सरकारी संपत्ति घोषित कर दिया।
इस मामले में संबंधित पक्ष को 30 अप्रैल को नोटिस जारी किया गया था। इसके बाद न्यायालय में सुनवाई हुई और 24 जून को भूमि खाली करने के लिए अंतिम नोटिस चस्पा किया गया था। निर्धारित 15 दिन की अवधि पूरी होने के बाद प्रशासन ने शुक्रवार को बुलडोजर से बाउंड्रीवाल का ध्वस्तीकरण कर जमीन अपने कब्जे में ले ली।
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जमीन पर जिला प्रशासन का बोर्ड लगा दिया गया है। इस जमीन की कीमत करीब 100 करोड़ रुपये बताई जा रही है। अब इस पर वेंडिंग जोन बनाने की तैयारी है।
जिलाधिकारी न्यायालय ने 24 जून को नजूल भूमि के दुरुपयोग और शर्तों के उल्लंघन मामले में फैसला सुनाया था। कोर्ट के अनुसार वर्ष 1906 में यह भूमि मिशन बंगला स्थापित करने के उद्देश्य से मिशनरी को दी गई थी। निर्धारित शर्तों के अनुरूप उपयोग न होने और अन्य कारणों के चलते इसका अनुदान (पट्टा) निरस्त कर दिया गया। प्रशासन ने इसे नजूल भूमि मानते हुए सरकारी संपत्ति घोषित कर दिया।
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इस मामले में संबंधित पक्ष को 30 अप्रैल को नोटिस जारी किया गया था। इसके बाद न्यायालय में सुनवाई हुई और 24 जून को भूमि खाली करने के लिए अंतिम नोटिस चस्पा किया गया था। निर्धारित 15 दिन की अवधि पूरी होने के बाद प्रशासन ने शुक्रवार को बुलडोजर से बाउंड्रीवाल का ध्वस्तीकरण कर जमीन अपने कब्जे में ले ली।
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