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Unnao News: क्लोरीन डोजर मशीनों की मरम्मत, लीकेज भी हो रहे दुरुस्त
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फोटो-8-भरत मिलाप स्थित ट्यूबवेल में लगाया गया क्लोरीन सिस्टम। संवाद
- फोटो : udhampur news
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उन्नाव। शहरवासियों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में नगर पालिका परिषद ने अहम कदम उठाया है। शहर के 24 ट्यूबवेलों में महीनों से खराब पड़े क्लोरीन डोजर मशीनों की मरम्मत करा दी गई है। साथ ही जर्जर पाइप लाइनों में हो रहे लीकेज को ठीक करने का काम भी शुरू कर दिया गया है। इनसे शहर की लगभग तीन लाख की आबादी को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल मिलने की उम्मीद जगी है।
अमर उजाला ने चार जनवरी के अंक में क्लोरीन डोजर मशीनों के खराब होने और पाइप लाइन में लीकेज की समस्या को उजागर किया था। यह खुलासा ऐसे समय में हुआ था जब इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित जलापूर्ति के कारण 15 लोगों की मौत और 300 से अधिक लोगों के बीमार हो गए थे। इस घटना के बाद संवाद न्यूज एजेंसी ने शहर के ट्यूबवेलों की पड़ताल की थी जिसमें अब्बासबाग, सिविल लाइंस और मौहारीबाग सहित 24 ट्यूबवेलों में क्लोरीन डोजर मशीनों के खराब होने का पता चला था। भरत मिलाप मोहल्ले के एक ट्यूबवेल में तो डोजर मशीन ही नदारद थी। शहर के करीब तीन लाख लोग दूषित पानी पीने के लिए मजबूर थे।
अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद नगर पालिका परिषद के जिम्मेदार हरकत में आए। उन्होंने खबर का संज्ञान लेते हुए ट्यूबवेलों में लगी क्लोरीन डोजर मशीनों की मरम्मत का कार्य पूरा करवाया। साथ ही पुरानी और क्षतिग्रस्त पाइप लाइनों के लीकेज को ठीक करने का काम भी शुरू कर दिया गया है। उम्मीद है कि इससे शहरवासियों को जल्द ही शुद्ध और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध होगा।
जिन ट्यूबवेल में क्लोरीन डोजर मशीन खराब थीं उनको सही करा दिया गया है। लीकेज की समस्या के लिए भी पाइप लाइनों की मरम्मत का काम शुरू करा दिया गया है। शहरवासियों को जल्द ही शुद्ध पानी उपलब्ध होने लगेगा। - संजय गौतम, ईओ नगर पालिका परिषद
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अमर उजाला ने चार जनवरी के अंक में क्लोरीन डोजर मशीनों के खराब होने और पाइप लाइन में लीकेज की समस्या को उजागर किया था। यह खुलासा ऐसे समय में हुआ था जब इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित जलापूर्ति के कारण 15 लोगों की मौत और 300 से अधिक लोगों के बीमार हो गए थे। इस घटना के बाद संवाद न्यूज एजेंसी ने शहर के ट्यूबवेलों की पड़ताल की थी जिसमें अब्बासबाग, सिविल लाइंस और मौहारीबाग सहित 24 ट्यूबवेलों में क्लोरीन डोजर मशीनों के खराब होने का पता चला था। भरत मिलाप मोहल्ले के एक ट्यूबवेल में तो डोजर मशीन ही नदारद थी। शहर के करीब तीन लाख लोग दूषित पानी पीने के लिए मजबूर थे।
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अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद नगर पालिका परिषद के जिम्मेदार हरकत में आए। उन्होंने खबर का संज्ञान लेते हुए ट्यूबवेलों में लगी क्लोरीन डोजर मशीनों की मरम्मत का कार्य पूरा करवाया। साथ ही पुरानी और क्षतिग्रस्त पाइप लाइनों के लीकेज को ठीक करने का काम भी शुरू कर दिया गया है। उम्मीद है कि इससे शहरवासियों को जल्द ही शुद्ध और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध होगा।
जिन ट्यूबवेल में क्लोरीन डोजर मशीन खराब थीं उनको सही करा दिया गया है। लीकेज की समस्या के लिए भी पाइप लाइनों की मरम्मत का काम शुरू करा दिया गया है। शहरवासियों को जल्द ही शुद्ध पानी उपलब्ध होने लगेगा। - संजय गौतम, ईओ नगर पालिका परिषद

फोटो-8-भरत मिलाप स्थित ट्यूबवेल में लगाया गया क्लोरीन सिस्टम। संवाद- फोटो : udhampur news