औरास। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर दिल्ली से मरीज को लेकर गोरखपुर लेकर जा रही एंबुलेंस चालक ने आगे चल रही बस से बचने के लिए ब्रेक लगाई। तभी पीछे से आ रहा अमरूद लदा लोडर की टक्कर से एंबुलेंस पलट गई। हादसे में एंबुलेंस में वेंटिलेटर पर रहे मरीज की मौत हो गई जबकि उनकी पत्नी सहित तीन लोग घायल हो गए। रेस्क्यू टीम ने तीनों को लखनऊ ट्राॅमा सेंटर में भर्ती कराया है।
एक्सप्रेसवे पर शनिवार सुबह घना कोहरा था। सुबह 6:30 बजे दिल्ली स्कॉट अस्पताल में मरीज का ऑपरेशन कराने के बाद गोखरपुर शहर जा रही एंबुलेंस के दिल्ली के उत्तम नगर निवासी चालक शेखर (28) गोरखपुर निवासी बीमार शांत कुमार राय (486) का दिल्ली के स्कॉट अस्पताल में दिमाग का ऑपरेशन कराने के बाद गोरखपुर लेकर जा रहे थे। साथ में शांत कुमार राय की पत्नी पूनम राय (46), सत्येंद्र (26), राजेंद्र (32) और डॉ. रहमान (32) भी थे। डॉक्टर रहमान ने बताया कि हसनगंज कोतवाली के शाहपुर तोंदा गांव के पास पहुंचे थे तभी आगे आगे चल रही बस के चालक ने अचानक ब्रेक लगाई तो एंबुलेंस चालक शेखर ने भी बचने की कोशिश करते हुए तेज ब्रेक लगाई। तभी दौरान राजस्थान से लखनऊ जा रहा अमरूद लदा लोडर पीछे से टकरा गया और एंबुलेंस हादसे में लोडर में राजस्थान के चकेरी थाना कोड़रा निवासी दिलीप योगी (29) पुत्र गोविंद योगी व उसका साथ राम प्रसाद (30) को हल्की चोटें आईं। हादसे में एंबुलेंस चालक शेखर के अलावा मरीज शांत कुमार राय, उनकी पत्नी पूनम, राजेंद्र और सत्येंद्र घायल हो गए।
यूपीडा की रेस्क्यू टीम ने सभी को ट्रामासेंटर पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मरीज शांत कुमार को मृत घोषित कर दिया। रेस्क्यू टीम ने क्षतिग्रस्त वाहनों को टोल प्लाजा पर खड़े कराए और सड़क पर फैले अमरूद हटवाकर रास्ता साफ कराया। यूपीडा के सुरक्षा अधिकारी प्रभात अवस्थी ने बताया कि घायलों को लखनऊ में भर्ती कराया गया था, उनकी हालत कैसी है इसकी अभी सूचना नहीं मिली है।