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Unnao News: अधूरा सरैंया पुल बना गंगा पुल की मरम्मत में बाधा
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फोटो-18-हाईवे पर जाजमऊ स्थित गंगा पुल की मरम्मत करते श्रमिक। संवाद
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उन्नाव। भारी वाहनों की धमक से कांप रहे जाजमऊ स्थित पुराने गंगा पुल की मरम्मत में सरैंया रेलवे क्राॅसिंग पुल बाधा बन गया है। एनएचएआई, पुराने गंगा पुल के लखनऊ-कानपुर लेन की मरम्मत करा रहा है। पुल के निचले हिस्से की मरम्मत कराई जा रही है लेकिन सरैंया पुल का निर्माण अधूरा होने से गंगा पुल को बंद करने की अनुमति नहीं मिल पा रही है। इस कारण स्लैब ज्वाइंट की मरम्मत और बियरिंग बदलने का काम नहीं हो पा रहा है।
कानपुर-लखनऊ हाईवे पर उन्नाव और कानपुर जिले की सीमा पर जाजमऊ में गंगा पर बना पुल 51 साल पुराना होने से कमजोर हो गया है। पुल के कई पिलर पर स्लैब के बीच लगी बियरिंग खराब हो गई हैं। इससे भारी वाहनों के आवागमन पर तेज कंपन होता है। वर्ष 1975 में बने 708 मीटर लंबे पुल की स्लैब में दरारें भी आ हैं। इसी वजह से लगातार मरम्मत के बाद भी गड्ढे बने रहते हैं। एनएचएआई इस पुल की मरम्मत पर 5.50 करोड़ रुपये खर्च कर रहा है।
साइट इंजीनियर आयुष शर्मा ने बताया कि पुल की मरम्मत करके इसे पूरी तरह फिट करने का काम जारी है। पुल के निचले हिस्से की मरम्मत और ई-पॉक्सी मिश्रण के साथ प्लास्टर कराया जा रहा है। जहां भी दरारें या सरिया दिख रही हैं, उन्हें ठीक कराया जा रहा है। तीन कोठियों का काम पूरा हो गया है। भारी वाहनों के आवागमन के दौरान पुल में होने वाले कंपन को खत्म करने के लिए बियरिंग बदलने की जरूरत है। इस काम को कराने के लिए पुल पर करीब दो महीने यातायात बंद करना पड़ेगा। हाईवे पर यातायात के अत्यधिक लोड और जाम की समस्या के कारण प्रशासन इतने लंबे समय के लिए पुल बंद करने की अनुमति नहीं दे रहा है।
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उधर, गंगा बैराज-शुक्लागंज मार्ग पर 77 करोड़ से सरैयां रेलवे क्रॉसिंग पर चार लेन का 815 मीटर लंबा पुल निर्माणाधीन है। इसका निर्माण मार्च 2023 तक पूरा होना था लेकिन इसके बनने में देरी जाजमऊ पुल की पूरी मरम्मत में बाधक बनी है। यातायात पुलिस सरैंया पुल चालू होने पर यातायात को इससे डायवर्ट निकालने का विकल्प होने के बाद ही जाजमऊ पुल को बंद करने पर विचार करने की बात कह रही है। हालांकि सेतुनिगम का कहना है कि सरैयां क्रॉसिंग पुल का 90 फीसदी काम पूरा हो गया है। केवल रेलवे के हिस्से का काम बचा है।
वर्जन...
रेलवे ट्रैक वाले हिस्से में गर्डर रखने का काम कराया जा रहा है। गर्डर रखने के बाद इस हिस्से में स्लैब का काम पूरा किया जाएगा और साइड वॉल सहित अन्य काम कराए जाएंगी इसमें करीब दो महीने का वक्त लगेगा। अनुमान है कि अगस्त के अंत तक काम को पूरा कर लिया जाएगा और सितंबर के अंत तक यातायात शुरू हो जाएगा। -आशीष वर्मा, उप मुख्य अभियंता रेलवे।
जाजमऊ स्थित पुराने गंगा पुल की मरम्मत का काम चल रहा है। कोठियों और स्लैब की पूरी तरह मरम्मत कराई जा रही है। बियरिंग बदलने के लिए पुल पर यातायात को रोकना जरूरी है। कानपुर जाने के लिए सीधा व सुगम वैकल्पिक रास्ता के लिए सरैंया क्रॉसिंग पुल ही सबसे अच्छा विकल्प है, इसीलिए इस पुल का निर्माण पूरा होने और यातायात के लिए खोलने का इंतजार किया जा रहा है। -आयुष शर्मा, इंजीनियर सेुत निगम
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कानपुर-लखनऊ हाईवे पर उन्नाव और कानपुर जिले की सीमा पर जाजमऊ में गंगा पर बना पुल 51 साल पुराना होने से कमजोर हो गया है। पुल के कई पिलर पर स्लैब के बीच लगी बियरिंग खराब हो गई हैं। इससे भारी वाहनों के आवागमन पर तेज कंपन होता है। वर्ष 1975 में बने 708 मीटर लंबे पुल की स्लैब में दरारें भी आ हैं। इसी वजह से लगातार मरम्मत के बाद भी गड्ढे बने रहते हैं। एनएचएआई इस पुल की मरम्मत पर 5.50 करोड़ रुपये खर्च कर रहा है।
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साइट इंजीनियर आयुष शर्मा ने बताया कि पुल की मरम्मत करके इसे पूरी तरह फिट करने का काम जारी है। पुल के निचले हिस्से की मरम्मत और ई-पॉक्सी मिश्रण के साथ प्लास्टर कराया जा रहा है। जहां भी दरारें या सरिया दिख रही हैं, उन्हें ठीक कराया जा रहा है। तीन कोठियों का काम पूरा हो गया है। भारी वाहनों के आवागमन के दौरान पुल में होने वाले कंपन को खत्म करने के लिए बियरिंग बदलने की जरूरत है। इस काम को कराने के लिए पुल पर करीब दो महीने यातायात बंद करना पड़ेगा। हाईवे पर यातायात के अत्यधिक लोड और जाम की समस्या के कारण प्रशासन इतने लंबे समय के लिए पुल बंद करने की अनुमति नहीं दे रहा है।
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उधर, गंगा बैराज-शुक्लागंज मार्ग पर 77 करोड़ से सरैयां रेलवे क्रॉसिंग पर चार लेन का 815 मीटर लंबा पुल निर्माणाधीन है। इसका निर्माण मार्च 2023 तक पूरा होना था लेकिन इसके बनने में देरी जाजमऊ पुल की पूरी मरम्मत में बाधक बनी है। यातायात पुलिस सरैंया पुल चालू होने पर यातायात को इससे डायवर्ट निकालने का विकल्प होने के बाद ही जाजमऊ पुल को बंद करने पर विचार करने की बात कह रही है। हालांकि सेतुनिगम का कहना है कि सरैयां क्रॉसिंग पुल का 90 फीसदी काम पूरा हो गया है। केवल रेलवे के हिस्से का काम बचा है।
वर्जन...
रेलवे ट्रैक वाले हिस्से में गर्डर रखने का काम कराया जा रहा है। गर्डर रखने के बाद इस हिस्से में स्लैब का काम पूरा किया जाएगा और साइड वॉल सहित अन्य काम कराए जाएंगी इसमें करीब दो महीने का वक्त लगेगा। अनुमान है कि अगस्त के अंत तक काम को पूरा कर लिया जाएगा और सितंबर के अंत तक यातायात शुरू हो जाएगा। -आशीष वर्मा, उप मुख्य अभियंता रेलवे।
जाजमऊ स्थित पुराने गंगा पुल की मरम्मत का काम चल रहा है। कोठियों और स्लैब की पूरी तरह मरम्मत कराई जा रही है। बियरिंग बदलने के लिए पुल पर यातायात को रोकना जरूरी है। कानपुर जाने के लिए सीधा व सुगम वैकल्पिक रास्ता के लिए सरैंया क्रॉसिंग पुल ही सबसे अच्छा विकल्प है, इसीलिए इस पुल का निर्माण पूरा होने और यातायात के लिए खोलने का इंतजार किया जा रहा है। -आयुष शर्मा, इंजीनियर सेुत निगम

फोटो-18-हाईवे पर जाजमऊ स्थित गंगा पुल की मरम्मत करते श्रमिक। संवाद