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रोजगार देने वाले युवा तैयार करना ही शिक्षा का उद्देश्य : मंत्री
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फोटो-27-चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी में आयोजित स्कॉलर्स समिट में शोध कार्यों का प्रदर्शन करते छात्र, म
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नवाबगंज। चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी में दो दिवसीय सीयू स्कॉलर्स समिट 2026 (फेज-2) का समापन हुआ। मुख्य अतिथि उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री देना नहीं है। इसका लक्ष्य ऐसे युवा तैयार करना है जो रोजगार सृजित करें। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दे रही है।
समिट के दूसरे दिन उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड सहित विभिन्न राज्यों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। उन्हें भविष्य की शिक्षा, वैश्विक कॅरिअर और उद्योग की अपेक्षाओं पर विशेषज्ञों से संवाद करने का अवसर मिला। मुख्य अतिथि उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी ने 800 मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया। विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए 50 करोड़ रुपये तक की छात्रवृत्ति देने की घोषणा की है।
जिलाधिकारी घनश्याम मीना ने कहा कि तीन हजार मेधावियों को छात्रवृत्ति देना देश के भविष्य में महत्वपूर्ण निवेश है। उन्होंने विद्यार्थियों से सीखने की ललक बनाए रखने की अपील की। यूनिवर्सिटी के उत्तर प्रदेश के प्रबंध निदेशक जय इंदर सिंह संधू ने बताया कि विश्वविद्यालय की स्थापना विश्वस्तरीय शिक्षा देने के लिए हुई है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को वैश्विक कॅरिअर के अवसर उपलब्ध कराना है। उन्नत प्रयोगशालाओं और शोध सुविधाओं से विद्यार्थियों को भविष्य की तकनीकों के अनुरूप तैयार किया जा रहा है।
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समिट के दूसरे दिन उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड सहित विभिन्न राज्यों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। उन्हें भविष्य की शिक्षा, वैश्विक कॅरिअर और उद्योग की अपेक्षाओं पर विशेषज्ञों से संवाद करने का अवसर मिला। मुख्य अतिथि उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी ने 800 मेधावी छात्रों को सम्मानित किया गया। विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए 50 करोड़ रुपये तक की छात्रवृत्ति देने की घोषणा की है।
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जिलाधिकारी घनश्याम मीना ने कहा कि तीन हजार मेधावियों को छात्रवृत्ति देना देश के भविष्य में महत्वपूर्ण निवेश है। उन्होंने विद्यार्थियों से सीखने की ललक बनाए रखने की अपील की। यूनिवर्सिटी के उत्तर प्रदेश के प्रबंध निदेशक जय इंदर सिंह संधू ने बताया कि विश्वविद्यालय की स्थापना विश्वस्तरीय शिक्षा देने के लिए हुई है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को वैश्विक कॅरिअर के अवसर उपलब्ध कराना है। उन्नत प्रयोगशालाओं और शोध सुविधाओं से विद्यार्थियों को भविष्य की तकनीकों के अनुरूप तैयार किया जा रहा है।
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