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Unnao News: सातवीं मुहर्रम को उठाया ताबूत का जुलूस
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फोटो-14-कस्बे के मोहल्ला सैय्यदवाड़ा से सातवीं मुहर्रम को ताबूत जुलूस उठाते लोग। संवाद
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सफीपुर। करबला में मोहम्मद साहब के नवासे इमाम हुसैन सहित 72 शहीदों में एक हजरत कासिम की शहादत का गम मनाते हुए लोगों ने सातवीं मुहर्रम को ताबूत का जुलूस उठाया। इसमें अंजुमन इमामिया के सदस्यों ने मातम कर नौहे पढ़े। इसमें पूर्व राज्यमंत्री मोहसिन रजा भी शामिल हुए।
सहारनपुर से आए मौलाना नातिक अली नकवी ने बताया कि 1400 वर्ष पूर्व इस्लाम धर्म के नबी मोहम्मद साहब के नवासे इमाम हुसैन, उनके परिजन सहित अन्य साथिेयों को करबला के तपते रेगिस्तान में बुलाकर अधर्मी शासक यजीद की फौज ने 72 लोगों को शहीद कर दिया था। उसी में एक इमाम हुसैन के भतीजे मोहम्मद साहब के हमशक्ल हजरत कासिम भी शामिल थे। मुहर्रम के गम की कड़ी में सातवीं मुहर्रम को कस्बे के मोहल्ला सैय्यदवाड़ा बड़े इमामबाड़े से शहीद का ताबूत उठाया गया। जुलूस अंजुमन इमामिया के सदस्यों ने नौहे पढ़ मातम करते हुए निकाला। मोहल्ले के ही चौराहे पर लोगों ने छुरी का मातम कर खुद को लहूलुहान किया। जुलूस सैय्यदवाड़ा से होते हुए मीरबाजार, किलाबाजार, पड़रिया, मियांबाजार, चालकन टोला, बाकरगंज, हाताबाजार पहुंचा।
इस दौरान जगह-जगह लोगों ने खाने-पीने की व्यवस्था की। जुलूस में पूर्व अंजुमन इमामिया के अध्यक्ष फाएक अहमद, सचिव कुमैल अहमद, पूर्व राज्यमंत्री मोहसिन रजा, मखदूम शाह मजार के सज्जादानशीं नवाजिश मोहम्मद फारूकी ,आफाक अली मन्नू , नवाब आलम शामिल रहे।
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सहारनपुर से आए मौलाना नातिक अली नकवी ने बताया कि 1400 वर्ष पूर्व इस्लाम धर्म के नबी मोहम्मद साहब के नवासे इमाम हुसैन, उनके परिजन सहित अन्य साथिेयों को करबला के तपते रेगिस्तान में बुलाकर अधर्मी शासक यजीद की फौज ने 72 लोगों को शहीद कर दिया था। उसी में एक इमाम हुसैन के भतीजे मोहम्मद साहब के हमशक्ल हजरत कासिम भी शामिल थे। मुहर्रम के गम की कड़ी में सातवीं मुहर्रम को कस्बे के मोहल्ला सैय्यदवाड़ा बड़े इमामबाड़े से शहीद का ताबूत उठाया गया। जुलूस अंजुमन इमामिया के सदस्यों ने नौहे पढ़ मातम करते हुए निकाला। मोहल्ले के ही चौराहे पर लोगों ने छुरी का मातम कर खुद को लहूलुहान किया। जुलूस सैय्यदवाड़ा से होते हुए मीरबाजार, किलाबाजार, पड़रिया, मियांबाजार, चालकन टोला, बाकरगंज, हाताबाजार पहुंचा।
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इस दौरान जगह-जगह लोगों ने खाने-पीने की व्यवस्था की। जुलूस में पूर्व अंजुमन इमामिया के अध्यक्ष फाएक अहमद, सचिव कुमैल अहमद, पूर्व राज्यमंत्री मोहसिन रजा, मखदूम शाह मजार के सज्जादानशीं नवाजिश मोहम्मद फारूकी ,आफाक अली मन्नू , नवाब आलम शामिल रहे।