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फैजूल उलूम मदरसा: छात्रों से मरम्मत के नाम पर 16 साल से वसूली, पांच करोड़ से ज्यादा का वारा-न्यारा; जांच

Mon, 05 Oct 2026 10:28 AM IST
Aman Vishwakarma अभिषेक मिश्र, अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अभिषेक मिश्र, अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Aman Vishwakarma Updated Mon, 05 Oct 2026 10:28 AM IST
सार

एक अनुदानित मदरसे में छात्रों से मरम्मत के नाम पर 16 वर्षों से वसूली का आरोप लगा है। मदरसा कमेटी के सदस्य के अनुसार 913 छात्रों से हर माह 40 से 350 रुपये लिए गए, जिससे पांच करोड़ रुपये से अधिक की राशि का हिसाब सवालों में है। शिकायत पर जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी ने जांच शुरू कराई है।

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Faizul Uloom Madrasa Students extorted repairs for 16 years 5 crore misappropriated plea investigation
वसूली मामले में जांच के आदेश। - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

लोहता स्थित अलावल स्थित फैजूल उलूम मदरसे में 913 छात्रों से मेंटेनेंस के नाम पर 16 साल में 5 करोड़ रुपये से ज्यादा की वसूली का मामला सामने आया है। आरोप है कि 2010 से 2026 तक कक्षा एक से 12वीं तक के छात्रों से हर महीने अतिरिक्त शुल्क वसूले गए। अब मदरसा कमेटी के सदस्य ने जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार और जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी रितेश बिंदल से मामले में हस्तक्षेप करने और जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है। अल्पसंख्यक कल्याण विभाग ने मामले की जांच शुरू करा दी है।

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अलावल मोहल्ले में संचालित फैजूल उलूम मदरसा सरकार से मान्यता प्राप्त है। इनमें 913 छात्र पढ़ रहे हैं। छात्रों से बिजली, पानी फर्नीचर के नाम पर 40 से 350 रुपये हर महीने वसूले गए। इसकी रसीद भी दी गई। नियमानुसार, इस तरह का शुल्क नहीं लिया जा सकता है। मदरसा सरकार से अनुदानित है। सरकार की तरफ से निर्धारित शुल्क वसूली का ही प्रावधान है। इसके बावजूद मनमानी की जा रही है। मदरसा कमेटी के सदस्य ने अतिरिक्त वसूली की रसीद भी प्रशासनिक अधिकारियों को दी है।

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साल 2010 से मदरसे में पढ़ रहे छात्रों से अवैध वसूली की जा रही है। कई बार शिकायत की गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस बार जिलाधिकारी को भी अवगत कराया गया है। मामला गंभीर है। - नेसार, सदस्य मदरसा कमेटी व शिकायतकर्ता

मदरसा नियमावली 2016 का उल्लंघन, छात्रों से शुल्क लेना गलत : मदरसा नियमावली 2016 के तहत अनुदानित मदरसों में छात्रों से किसी भी प्रकार का अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जा सकता है। यह गलत है। निर्धारित फीस ही ली जा सकती है।

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Faizul Uloom Madrasa Students extorted repairs for 16 years 5 crore misappropriated plea investigation
फैजूल उलूम मदरसा में बच्चों को दी गई रसीद। - फोटो : संवाद

इस समय कक्षा एक से 12वीं तक 913 बच्चे पढ़ रहे हैं। मेंटेनेंस के नाम पर हर महीने बच्चों से 40 से 350 रुपये तक लिए जाते हैं। इसकी रसीद भी दी जाती है। सिर्फ विवाद बढ़ाया जा रहा है। - अब्दुल कलाम, प्रधानाचार्य

मदरसे में अतिरिक्त शुल्क वसूली की शिकायत मिली है। छात्रों ने कुछ रसीद उपलब्ध कराई है। मामले की जांच की जा रही है। इस तरह की वसूली बिल्कुल गलत है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। - रितेश बिंदल, प्रभारी जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, वाराणसी

साल 2010 से मदरसे में पढ़ रहे छात्रों से अवैध वसूली की जा रही है। कई बार इसके लिए शिकायत की गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जबकि अधिकारियों के भी संज्ञान में इस मामले को लाया गया। इस बार जिलाधिकारी महोदय को भी अवगत कराया गया है। विभाग को कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। - नेसार, सदस्य मदरसा कमेटी व शिकायतकर्ता

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मदरसा नियमावली 2016 का उल्लंघन, छात्रों से शुल्क लेना गलत
मदरसा नियमावली 2016 के तहत अनुदानित मदरसों में छात्रों से किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जा सकता है। नियमावली के पृष्ठ 5 पर बिंदु 10 च पर यह स्पष्ट अंकित है। लोहता के अलावल क्षेत्र में स्थित फैजूल उलूम मदरसे में इस एक्ट का उल्लंघन बीते 10 वर्षों से किया जा रहा है। हालांकि छात्रों से वसूली साल 2010 से हो रही है।

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