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UP: 'वो लड़की बहुत प्यार करती थी, मां-पापा माफ करना...', रूम नंबर 361 में जूनियर डॉक्टर ने IV ड्रिप लगा दी जान
Mon, 29 Jun 2026 03:26 PM IST
Sharukh Khan
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
Published by: Sharukh Khan
Updated Mon, 29 Jun 2026 03:26 PM IST
सार
यूपी के वाराणसी में आईएमएस बीएचयू के सुश्रुत हॉस्टल में रहने वाले जूनियर डॉक्टर ने ड्रिप में दवा डालकर जान दे दी। रविवार की रात पुलिस ने हॉस्टल का दरवाजा तोड़ा और शव बाहर निकाला। हॉस्टल में सुसाइड नोट मिला है।
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Junior doctor suicide
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
वाराणसी में आईएमएस बीएचयू के सुश्रुत हॉस्टल में रहने वाले जूनियर डॉक्टर ऋत्विक कुंदू ने जान दे दी। 26 वर्षीय ऋत्विक ने अपने कमरे में ड्रिप से दवा लेकर यह कदम उठाया। पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला है।
ऋत्विक मूल रूप से पश्चिम बंगाल के हुगली के निवासी थे। वह बीएचयू के एनेस्थीसिया विभाग में जूनियर डॉक्टर के पद पर कार्यरत थे। शनिवार दोपहर से वह अपनी ड्यूटी पर नहीं दिखे थे। उनके साथियों ने खोजबीन शुरू की तो कमरा नंबर 361 अंदर से बंद मिला। साथियों ने हॉस्टल प्रशासन को इसकी सूचना दी।
रविवार रात सुरक्षाकर्मियों ने पुलिस को जानकारी दी। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर ऋत्विक का शव बाहर निकाला। बीएचयू प्रशासन ने भी पुष्टि की है कि डॉक्टर ने ड्रिप के जरिये दवा ली थी। किस दवा का इस्तेमाल हुआ, इसकी जांच अभी जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत की असली वजह सामने आएगी।
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ऋत्विक मूल रूप से पश्चिम बंगाल के हुगली के निवासी थे। वह बीएचयू के एनेस्थीसिया विभाग में जूनियर डॉक्टर के पद पर कार्यरत थे। शनिवार दोपहर से वह अपनी ड्यूटी पर नहीं दिखे थे। उनके साथियों ने खोजबीन शुरू की तो कमरा नंबर 361 अंदर से बंद मिला। साथियों ने हॉस्टल प्रशासन को इसकी सूचना दी।
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रविवार रात सुरक्षाकर्मियों ने पुलिस को जानकारी दी। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर ऋत्विक का शव बाहर निकाला। बीएचयू प्रशासन ने भी पुष्टि की है कि डॉक्टर ने ड्रिप के जरिये दवा ली थी। किस दवा का इस्तेमाल हुआ, इसकी जांच अभी जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत की असली वजह सामने आएगी।
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सुसाइड नोट और जांच
पुलिस को हॉस्टल में छानबीन के दौरान एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें ऋत्विक ने अपने माता-पिता से माफी मांगी है। उन्होंने लिखा कि वह उनकी उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पा रहे थे। जिंदगी में बहुत संघर्ष है और वह अपनी इच्छा से जान दे रहे हैं। उन्होंने किसी को परेशान न करने की बात कही है।
पुलिस को हॉस्टल में छानबीन के दौरान एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें ऋत्विक ने अपने माता-पिता से माफी मांगी है। उन्होंने लिखा कि वह उनकी उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पा रहे थे। जिंदगी में बहुत संघर्ष है और वह अपनी इच्छा से जान दे रहे हैं। उन्होंने किसी को परेशान न करने की बात कही है।
परिजनों को सूचना और कारण
सुसाइड नोट में एक लड़की का भी नाम लिखा है। ऋत्विक ने बताया कि वह लड़की उनसे बहुत प्यार करती थी और उसने उनके लिए बहुत कुछ किया है। जूनियर डॉक्टर ने यह कदम क्यों उठाया, इसका स्पष्ट कारण अभी पता नहीं चल पाया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने ऋत्विक के परिजनों को घटना की सूचना दे दी है। थाना प्रभारी राजकुमार शर्मा ने बताया कि मामले की जांच जारी है।
सुसाइड नोट में एक लड़की का भी नाम लिखा है। ऋत्विक ने बताया कि वह लड़की उनसे बहुत प्यार करती थी और उसने उनके लिए बहुत कुछ किया है। जूनियर डॉक्टर ने यह कदम क्यों उठाया, इसका स्पष्ट कारण अभी पता नहीं चल पाया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने ऋत्विक के परिजनों को घटना की सूचना दे दी है। थाना प्रभारी राजकुमार शर्मा ने बताया कि मामले की जांच जारी है।