देवरी थाना क्षेत्र के ग्राम फरदफोड़ में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है, जहां एक विचाराधीन कैदी ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या कर दी। इसके बाद आरोपी ने उसी परिसर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। आरोपी हाल ही में दुष्कर्म के एक मामले में जमानत पर जेल से बाहर आया था। यह वारदात सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई, जिसने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी है।
घटना शुक्रवार दोपहर करीब 12 से 1 बजे के बीच हुई। आरोपी लखन देवांगन (57 वर्ष) अचानक ग्राम फरदफोड़ स्थित आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचा। उस समय केंद्र में बच्चे और सहायिका मौजूद थे। चश्मदीदों के अनुसार, लखन ने बच्चों और सहायिका को डरा-धमकाकर केंद्र से बाहर निकाल दिया और अंदर से दरवाजा बंद कर लिया। इसके बाद, उसने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता उगेश्वरी देवांगन (54 वर्ष) पर धारदार हथियार से ताबड़तोड़ हमला किया, जिससे उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। हत्या सुनिश्चित करने के बाद, आरोपी ने उसी कमरे में फांसी का फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली।
ग्रामीणों के अनुसार, लखन देवांगन पूर्व में बलात्कार के एक गंभीर मामले में जेल में बंद था और कुछ समय पूर्व ही जमानत पर रिहा होकर गांव लौटा था। आशंका जताई जा रही है कि पुरानी रंजिश या मामले से जुड़ी किसी बात को लेकर उसने इस जघन्य हत्याकांड की साजिश रची थी।
सूचना मिलते ही देवरी पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और आंगनबाड़ी का दरवाजा तोड़कर दोनों शवों को बाहर निकाला। पुलिस ने घटनास्थल से हत्या में प्रयुक्त हथियार भी बरामद कर लिया है। इस घटना के बाद से गांव में भय का माहौल है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटना के पीछे के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
यह घटना समाज के लिए एक गंभीर चिंता का विषय है, जो ऐसे जघन्य अपराधों की ओर इशारा करती है। इस तरह की वारदातों को रोकने के लिए समाज और प्रशासन को मिलकर काम करने की आवश्यकता है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।