धमतरी में जिला न्यायालय को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड मौके पर पहुंचे। उन्होंने कोर्ट परिसर और अंदरूनी हिस्सों की बारीकी से जांच की। साथ ही न्यायालय आने वाले लोगों की भी तलाशी ली गई।
यह धमकी तमिलनाडु से हिंदी में लिखे एक ई-मेल के माध्यम से जिला एवं सत्र न्यायालय को प्राप्त हुई। ईमेल मिलते ही कोर्ट में हड़कंप की स्थिति बन गई। पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने बताया कि यह मेल कोर्ट के एनआईसी पर आया था, जिसमें कोर्ट को उड़ाने की धमकी दी गई थी। इसके बाद सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। डॉग स्क्वायड और बम स्क्वायड को तैनात कर पूरे परिसर की जांच की गई। प्रारंभिक जांच में कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला और इसे अफवाह प्रतीत हो रहा है। हालांकि, पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।
यह पहली बार नहीं है जब कोर्ट परिसर को इस तरह की धमकी मिली हो। कुछ दिनों पहले छत्तीसगढ़ सहित देश के विभिन्न कोर्ट परिसरों को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। आज, 28 जनवरी बुधवार को धमतरी कोर्ट को भी इसी तरह का मेल मिला, जिससे तत्काल हड़कंप मच गया और पुलिस को सूचना दी गई।
सुरक्षा व्यवस्था कड़ी, जांच जारी
धमतरी जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद प्रशासन सतर्क हो गया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार, न्यायालय परिसर की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वायड की टीम ने चप्पे-चप्पे की तलाशी ली, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। न्यायालय आने-जाने वाले सभी लोगों की गहन जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि यह धमकी किसी शरारती तत्व द्वारा दी गई हो सकती है। हालांकि, किसी भी तरह के जोखिम को नज़रअंदाज़ न करते हुए, मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। इस तरह की धमकियों से न्यायालयीन कामकाज प्रभावित होता है और आम जनता में भय का माहौल बनता है।