प्रदेश के अलग-अलग जनपदों से गाजियाबाद में सोमवार को आरक्षी नागरिक पुलिस व समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती परीक्षा देने के लिए आए अभ्यर्थियों की डबल लेयर चेकिंग की गई। प्रवेश द्वार पर पहले छात्रों के आधार कार्ड, पहचान पत्र और एडमिट कार्ड जांचे गए। इसके बाद जैसे ही अभ्यर्थी अपने-अपने कक्षों की ओर बढ़े तो उन्हें एक बार फिर चेकिंग करानी पड़ी। वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने अभ्यर्थियों के हाथ में पहने हुए कड़े, चूड़ी, चेन, टोपी और चश्मा उतरवाएं, जिसके बाद ही उन्हें उनके कक्षों में जाने दिया गया, जहां उनकी बॉयोमेट्रिक की गई।
सख्त चेकिंग व नकलवहीन परीक्षा कराने के लिए पुलिस कर्मियों ने करीब दो घंटे पहले ही प्रवेश के लिए द्वार खोल दिए थे, जिसके चलते हर अभ्यर्थी की आसानी से चेकिंग हो सकी। हर केंद्र पर एसएचओ स्तर के पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई। वहीं, पहली पाली में करीब 11 हजार अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। वह करीब 12 बजे परीक्षा देकर बाहर आए तो उनके चेहरो पर खुशी की लहर थी। उनका कहना है कि इस साल प्रश्न पत्र में आए सामान्य ज्ञान व हिंदी के सवाल आसान थे। इसके साथ ही गणित व रिजनिंग से जुड़े सवाल भी ज्यादा मुश्किल नहीं थे तो उन्हें उम्मीद है कि इस साल उत्तर प्रदेश पुलिस में जाने का उनका ये सपना सच हो जाएगा। वहीं, बड़ी संख्या में इस साल महिलाओं ने भी पंजीकरण कराया था, जो पुलिस में भर्ती होकर सेवा देने की इच्छुक हैं।
बता दें कि जिले में आठ, नौ और 10 जून को आरक्षी नागरिक पुलिस व समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती की परीक्षा होनी है। इसमें पहले दिन मथुरा, आगरा, फिरोजाबाद, बुलंदशहर और मुरादाबाद से अभ्यर्थी परीक्षा देने के लिए आए हैं। अब अगले दो दिनों तक जिले में बनाए गए 25 केंद्रों पर ये दो-दो पालियों में नए अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। जिले में कुल 66 हजार अभ्यर्थियों को परीक्षा देनी है। वहीं, परीक्षा केंद्रों पर पुलिस व प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था से लेकर अन्य सभी व्यवस्थाओं की तैयारियां पूरी हैं।
बैग में जमा कराए गए मोबाइल व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण
हापुड़ रोड स्थित सेठ मुकुंद लाल इंटर कॉलेज समेत सभी केंद्रों पर परीक्षा देने पहुंचे अभ्यर्थियों के मोबाइल, ईयरफोन, स्मार्ट वॉच अन्य प्रतिबंधित सामग्री को बैग में उतरवाकर रखवाया गया, जिसको कॉलेज के कमरे में जमा कराया गया। महिलाओं की चेकिंग के लिए स्पेशल महिला पुलिसकर्मियों को तैनात कराया गया, जो कमरे में ले जाकर चेकिंग कर रही थी। एक अभ्यर्थी की जेब में मोबाइल फोन देखकर सेंटर पर मौजूद एसएचओ ओंमकार ने कहा कि वह अपना मोबाइल कमरे में जमा कराकर आएं या बाहर किसी को देकर आए तभी उन्हें अंदर आने दिया जाएगा।
हर केंद्र पर तैनात रहे केंद्र पुलिस प्रभारी, स्टेटिक मजिस्ट्रेट व सेक्टर मजिस्ट्रेट
प्रशासन के मुताबिक, जिले में 66 हजार अभ्यर्थियों के लिए जोनल ऑब्जर्वर के तौर पर मेरठ मंडल आर.के. चतुर्वेदी (सेवानिवृत्त पुलिस महानिरीक्षक व अंशकालिक सदस्य) को बनाया गया है, जिसकी अध्यक्षता कर रहे हैं। उनका साफ कहना है कि पुलिस भर्ती की ये परीक्षा काे सफल, पारदर्शी और नकलविहीन संचालन करना उनकी प्राथमिकता है। साथ ही हर केंद्र पर व्यवस्थापक, केंद्र पुलिस प्रभारी, स्टेटिक मजिस्ट्रेट, सेक्टर मजिस्ट्रेट और बायोमैट्रिक सत्यापन हेतु नामित कार्मिकों की तैनात किया गया है।