देश भर में गरीब परिवारों को सपने का घर देने का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना राजस्थान के टोंक जिले में चंद अधिकारियों की लापरवाही से धूमिल होता नजर आ रहा है। पंचायत समिति के विकास अधिकारियों की मनमानी और ग्राम पंचायतों के ग्राम विकास अधिकारियों की लापरवाही से टोंक जिले की सात पंचायत समितियों में अब तक 2801 लाभार्थियों ने पीएम आवास योजना की पहली किश्त की राशि तो ले ली, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं करवाया।
इतना ही नहीं न तो विकास अधिकारी इसमें फुर्ती दिखाई रहे हैं न ग्राम विकास अधिकारी। अब जिला कलेक्टर डॉ. सौम्या झा के निर्देश के बाद मुख्य कार्यकारी अधिकारी परशुराम धानका ने लापरवाह अधिकारियों और आवास निर्माण शुरू नहीं करवाने वाले लाभार्थियों पर एक्शन की तैयारी शुरू कर दी है। मुख्य कार्यकारी अधिकारी परशुराम धानका ने बताया कि टोंक सहित निवाई, पीपलू, देवली, उनियारा, टोडा राय सिंह और मालपुरा पंचायत समितियों में 2801 लाभार्थियों ने पहली किश्त लेने के कई महीने बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं किया है। इसको लेकर ग्राम विकास अधिकारियों, पंचायत समिति विकास अधिकारियों को कई बार निर्देशित किया जा चुका है। लेकिन अधिकारी लगातार लापरवाही बरत रहे हैं।
ऐसे में अब लापरवाह अधिकारियों पर विभागीय कार्रवाई की जा रही है। जल्द ही लापरवाह अधिकारियों को नोटिस जारी किए जाएंगे। वहीं, जिन लाभार्थियों ने निर्माण कार्य शुरू नहीं किया है, उन लाभार्थियों से भी किश्त की राशि की रिकवरी की जा रही है। सभी लाभार्थियों को नोटिस जारी कर राशि जमा करवाने को कहा गया है। अगर वो खुद राशि नहीं लौटाएंगे तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की जाएगी और पुलिस के माध्यम से राशि वसूली जाएगी। इसमें जिन अधिकारियों की लापरवाही है, उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई होगी।
आपकों बता दें कि टोंक जिले में सात पंचायत समिति है, जिनमें एक ओर कांग्रेस राष्ट्रीय महासचिव और टोंक विधायक सचिन पायलट का गृह विधानसभा क्षेत्र टोंक है तो दूसरी और भजनलाल सरकार के कैबिनेट मंत्री कन्हैयालाल चौधरी के गृह नगर टोडा राय सिंह और मालपुरा पंचायत समिति में सबसे ज्यादा लाभार्थियों ने निर्माण कार्य शुरू नहीं करवाया है।
यह है पंचायत समिति क्षेत्र, जिनमें लाभार्थियों ने आवास निर्माण नहीं करवाया
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टोंक में 125 लाभार्थी
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टोडारायसिंह में 370
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मालपुरा में 344
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देवली में 937
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उनियारा में 650
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निवाई में 167
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पीपलू में 208
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कुल 2801
क्या है समस्या
इन 2801 लाभार्थियों के द्वारा निर्माण कार्य शुरू नहीं करवाने से प्रतिक्षा सूची में चल रहे लाभाऊ को आवास योजना का नहीं मिल पा रहा लाभ।
नए सर्वे का प्लान यह है
मुख्य कार्यकारी अधिकारी परशुराम धानका ने बताया कि आवास योजना से वंचित परिवारों के लिए केंद्र और राज्य सरकार ने दिशा निर्देश जारी किए हैं, जिसमें दो अलग-अलग तरीके से सर्वे किया जा सकता है। एक तो खुद पात्रता रखने वाले व्यक्ति, आमजन अपने स्मार्टफोन में मोबाइल एप्लीकेशन आवास प्लस 2024 के माध्यम से खुद भी सर्वे कर सकते हैं। वो अपना खुद सर्वे कर आवेदन कर सकते हैं। दूसरा ग्राम पंचायत को विकास अधिकारी द्वारा भी सर्वे किया जाएगा, जिसकी अंतिम तारीख 14 फरवरी तक है। इसके बाद फरवरी माह में ग्राम सभा का आयोजश होगा, जिसमें उनकी स्वीकृति को लेकर प्रस्ताव लिया जाएगा।