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Gorakhpur News: बच्चा दो दिन स्कूल नहीं पहुंचा तो घर तक पहुंचेंगे शिक्षक
Mon, 29 Jun 2026 02:30 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Mon, 29 Jun 2026 02:30 AM IST
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गोरखपुर। परिषदीय विद्यालयों में इस शैक्षिक सत्र से विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति बढ़ाने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने सख्ती शुरू कर दी है। अब यदि कोई छात्र लगातार दो दिन तक विद्यालय नहीं आता है तो संबंधित शिक्षक उसके घर जाकर अनुपस्थिति का कारण जानेंगे और अभिभावकों से बातचीत कर बच्चे को नियमित विद्यालय भेजने के लिए कहेंगे।
इस बार सभी परिषदीय विद्यालयों में विद्यार्थियों की 80 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य की गई है। जिले में करीब 2400 परिषदीय विद्यालयों में लगभग ढाई लाख बच्चे नामांकित हैं। विभाग का लक्ष्य सिर्फ नामांकन बढ़ाना ही नहीं, बल्कि बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कर उनकी पढ़ाई में भी सुधार लाना है। इसी उद्देश्य से विद्यालय खुलते ही शिक्षकों को बच्चों की उपस्थिति पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। यदि कोई बच्चा लगातार दो दिन तक अनुपस्थित रहता है तो शिक्षक उसके घर पहुंचकर कारण की जानकारी लेंगे। जरूरत पड़ने पर अभिभावकों को नियमित पढ़ाई के महत्व के बारे में भी बताया जाएगा।
बोले अधिकारी
बच्चों की संख्या बढ़ाने के साथ उनकी नियमित पढ़ाई सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से 80 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य की गई है। लगातार दो दिन अनुपस्थित रहने वाले बच्चों के घर शिक्षक जाकर कारण जानेंगे और उन्हें नियमित विद्यालय आने के लिए प्रेरित करेंगे।
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धीरेंद्र त्रिपाठी, बेसिक शिक्षा अधिकारी
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इस बार सभी परिषदीय विद्यालयों में विद्यार्थियों की 80 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य की गई है। जिले में करीब 2400 परिषदीय विद्यालयों में लगभग ढाई लाख बच्चे नामांकित हैं। विभाग का लक्ष्य सिर्फ नामांकन बढ़ाना ही नहीं, बल्कि बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कर उनकी पढ़ाई में भी सुधार लाना है। इसी उद्देश्य से विद्यालय खुलते ही शिक्षकों को बच्चों की उपस्थिति पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। यदि कोई बच्चा लगातार दो दिन तक अनुपस्थित रहता है तो शिक्षक उसके घर पहुंचकर कारण की जानकारी लेंगे। जरूरत पड़ने पर अभिभावकों को नियमित पढ़ाई के महत्व के बारे में भी बताया जाएगा।
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बोले अधिकारी
बच्चों की संख्या बढ़ाने के साथ उनकी नियमित पढ़ाई सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से 80 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य की गई है। लगातार दो दिन अनुपस्थित रहने वाले बच्चों के घर शिक्षक जाकर कारण जानेंगे और उन्हें नियमित विद्यालय आने के लिए प्रेरित करेंगे।
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धीरेंद्र त्रिपाठी, बेसिक शिक्षा अधिकारी