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Gorakhpur News: बक्शीपुर में एक और उपकेंद्र स्थापित करने की संभावना पर काम शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Mon, 09 Feb 2026 02:33 AM IST
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- विरासत गलियारा की जद में आ रहा बक्शीपुर न्यू उपकेंद्र
गोरखपुर। भविष्य में बढ़ती बिजली की मांग को देखते हुए बक्शीपुर में एक और उपकेंद्र स्थापित करने की संभावना तलाशने का काम शुरू हो गया है। बक्शीपुर खंड कार्यालय परिसर में वर्तमान में दो उपकेंद्र संचालित हैं। वहीं, विरासत गलियारा के निर्माण के कारण बक्शीपुर न्यू उपकेंद्र पूरी तरह उस निर्माण क्षेत्र में आ रहा है, इसलिए इसे पीछे शिफ्ट करने की योजना बनाई जा रही है।
इस उपकेंद्र के लिए अंग्रेजों के जमाने में बने पुराने भवन को गिराया जाएगा। बक्शीपुर ओल्ड उपकेंद्र के कंट्रोल रूम के मुख्य द्वार तक नया गलियारा पहुंच रहा है, जिससे मुख्य द्वार का मार्ग दोबारा व्यवस्थित करना आवश्यक हो गया है। बक्शीपुर पहुंचे अधीक्षण अभियंता शहरी रणजीत चौधरी ने नए कार्यालय भवन को लेकर अभियंताओं से चर्चा की। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण में न केवल तकनीकी मानकों का ध्यान रखा जाए, बल्कि अभियंताओं और उपभोक्ताओं की सुविधा भी सुनिश्चित हो। कार्यालय तक पहुंचने में दिव्यांगों को किसी तरह की असुविधा नहीं होनी चाहिए। इसके अलावा, उपभोक्ताओं के बैठने की पर्याप्त व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए ताकि उन्हें किसी प्रकार की दिक्कत न हो। रणजीत चौधरी ने कहा कि बक्शीपुर में भविष्य में एक और उपकेंद्र स्थापित करने की संभावना हो सकती है और इसके लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। इससे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति को बेहतर बनाने और उपभोक्ताओं की सुविधा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
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गोरखपुर। भविष्य में बढ़ती बिजली की मांग को देखते हुए बक्शीपुर में एक और उपकेंद्र स्थापित करने की संभावना तलाशने का काम शुरू हो गया है। बक्शीपुर खंड कार्यालय परिसर में वर्तमान में दो उपकेंद्र संचालित हैं। वहीं, विरासत गलियारा के निर्माण के कारण बक्शीपुर न्यू उपकेंद्र पूरी तरह उस निर्माण क्षेत्र में आ रहा है, इसलिए इसे पीछे शिफ्ट करने की योजना बनाई जा रही है।
इस उपकेंद्र के लिए अंग्रेजों के जमाने में बने पुराने भवन को गिराया जाएगा। बक्शीपुर ओल्ड उपकेंद्र के कंट्रोल रूम के मुख्य द्वार तक नया गलियारा पहुंच रहा है, जिससे मुख्य द्वार का मार्ग दोबारा व्यवस्थित करना आवश्यक हो गया है। बक्शीपुर पहुंचे अधीक्षण अभियंता शहरी रणजीत चौधरी ने नए कार्यालय भवन को लेकर अभियंताओं से चर्चा की। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण में न केवल तकनीकी मानकों का ध्यान रखा जाए, बल्कि अभियंताओं और उपभोक्ताओं की सुविधा भी सुनिश्चित हो। कार्यालय तक पहुंचने में दिव्यांगों को किसी तरह की असुविधा नहीं होनी चाहिए। इसके अलावा, उपभोक्ताओं के बैठने की पर्याप्त व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए ताकि उन्हें किसी प्रकार की दिक्कत न हो। रणजीत चौधरी ने कहा कि बक्शीपुर में भविष्य में एक और उपकेंद्र स्थापित करने की संभावना हो सकती है और इसके लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। इससे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति को बेहतर बनाने और उपभोक्ताओं की सुविधा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
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