{"_id":"697bb8aac196b7067e00f3bb","slug":"investigation-of-hotels-and-restaurants-started-in-gida-area-gorakhpur-news-c-7-gkp1062-1212323-2026-01-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: गीडा इलाके में होटल और रेस्टोरेंट की जांच शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: गीडा इलाके में होटल और रेस्टोरेंट की जांच शुरू
विज्ञापन
विज्ञापन
Trending Videos
किशोरी के साथ दुष्कर्म की घटना के बाद भवनों की जांच कर रहा गीडा प्रशासन
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। एक होटल में किशोरी के साथ दुष्कर्म की घटना सामने आने के बाद गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण (गीडा) ने इलाके में संचालित व्यावसायिक भवनों की व्यापक जांच शुरू कर दी है। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए गीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अनुज मलिक ने अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए हैं कि क्षेत्र में होटल, जिम, रेस्टोरेंट और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की गहन पड़ताल की जाए।
सीईओ के निर्देश पर गठित टीम भवनों के स्वीकृत नक्शों की जांच करेगी और यह भी सुनिश्चित करेगी कि भवनों का उपयोग स्वीकृत प्रयोजन के अनुरूप ही किया जा रहा है या नहीं। इसके साथ ही यह भी देखा जाएगा कि किसी भवन में अवैध गतिविधियां तो संचालित नहीं हो रही हैं।
गीडा प्रशासन का मानना है कि अवैध निर्माण और नियमों की अनदेखी ऐसी घटनाओं को बढ़ावा देती है, इसलिए अब किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गीडा के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (एसीईओ) रामप्रकाश ने बताया कि जांच के दौरान यदि किसी भवन का नक्शा स्वीकृत नहीं पाया गया या वहां अनधिकृत गतिविधियां संचालित होती मिलीं तो संबंधित भवन स्वामी और संचालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। एक होटल में किशोरी के साथ दुष्कर्म की घटना सामने आने के बाद गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण (गीडा) ने इलाके में संचालित व्यावसायिक भवनों की व्यापक जांच शुरू कर दी है। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए गीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अनुज मलिक ने अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए हैं कि क्षेत्र में होटल, जिम, रेस्टोरेंट और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की गहन पड़ताल की जाए।
सीईओ के निर्देश पर गठित टीम भवनों के स्वीकृत नक्शों की जांच करेगी और यह भी सुनिश्चित करेगी कि भवनों का उपयोग स्वीकृत प्रयोजन के अनुरूप ही किया जा रहा है या नहीं। इसके साथ ही यह भी देखा जाएगा कि किसी भवन में अवैध गतिविधियां तो संचालित नहीं हो रही हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
गीडा प्रशासन का मानना है कि अवैध निर्माण और नियमों की अनदेखी ऐसी घटनाओं को बढ़ावा देती है, इसलिए अब किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गीडा के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (एसीईओ) रामप्रकाश ने बताया कि जांच के दौरान यदि किसी भवन का नक्शा स्वीकृत नहीं पाया गया या वहां अनधिकृत गतिविधियां संचालित होती मिलीं तो संबंधित भवन स्वामी और संचालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
